Shilpa Shetty Cheat Meal: शिल्पा शेट्टी को उनकी फिटनेस और बैलेंस्ड डाइट के लिए जाना जाता है। फिटनेस को बनाए रखने के लिए वह 6 दिन हेल्दी, 1 दिन चीट मील रूल फॉलो करती हैं। इसका मतलब है कि पूरे हफ्ते न्यूट्रिशन से भरपूर क्लीन डाइट लेने के बाद, हफ्ते में एक बार अपने मनपसंद खाने का मजा लेना। यह स्ट्रिक्ट डाइटिंग से बचने और लंबे समय तक हेल्दी लाइफस्टाइल बनाए रखने का सबसे अच्छा तरीका है।
अगर आप भी अपनी डाइट में चीट मील को सही तरीके से शामिल करना चाहते हैं, तो इस लेख में जानें शिल्पा शेट्टी की बैलेंस्ड ईटिंग स्ट्रैटेजी।
चीट मील क्या है और क्यों जरूरी है?
चीट मील का मतलब है हफ्ते में एक बार अपनी पसंदीदा चीज़ें खाना, लेकिन लिमिट में। यह न सिर्फ डाइट ब्रेक करने का बहाना है, बल्कि शरीर को भी इसके कई फायदे मिलते हैं।
चीट मील के फायदे:
मेटाबॉलिज्म बूस्ट करता है
जब आप लगातार हेल्दी ईटिंग करते हैं, तो शरीर का मेटाबॉलिज्म एक तरह से स्थिर हो जाता है। चीट मील इसे “शॉक” देकर ज्यादा तेजी से कैलोरी बर्न करने में मदद करता है।
डाइटिंग का स्ट्रेस कम करता है
सख्त डाइटिंग लंबे समय तक फॉलो करना मुश्किल होता है। चीट मील से आप बिना गिल्ट के अपने मनपसंद खाने का आनंद ले सकते हैं।
क्रेविंग कंट्रोल में रहती है
अगर आपको कुछ मीठा, तला-भुना या फास्ट फूड पसंद है, तो इसे चीट मील में खाकर आप अपनी क्रेविंग को कंट्रोल कर सकते हैं।
मेंटल सटिस्फैक्शन मिलता है
सही तरीके से प्लान किया गया चीट मील आपको डाइटिंग के दौरान भी संतुष्ट रखता है, जिससे आप अपने फिटनेस गोल्स को आसानी से हासिल कर सकते हैं।
शिल्पा शेट्टी का चीट मील रूल
शिल्पा शेट्टी हेल्दी डाइट और फिटनेस के लिए मशहूर हैं। उनकी डायटिंग का सबसे बड़ा सीक्रेट बैलेंस है। वह सख्त डाइटिंग के बजाय “80-20 रूल” फॉलो करती हैं, जिसमें 80% हेल्दी फूड और 20% चीट मील शामिल होता है।
शिल्पा का चीट मील प्लान
हफ्ते में 6 दिन क्लीन ईटिंग ज्यादातर हाई प्रोटीन, फाइबर और न्यूट्रिशन से भरपूर खाना।
1 दिन चीट मील जिसमें उनकी पसंदीदा डिश होती है, जैसे डेसर्ट, पिज्जा, पास्ता या इंडियन स्ट्रीट फूड।
पोर्शन कंट्रोल जरूरी है। ओवरईटिंग से बचने के लिए वह छोटे हिस्सों में खाती हैं।
होममेड ऑप्शन को प्राथमिकता होती है। बाहर के जंक फूड की बजाय घर का बना हेल्दी वर्जन खाना पसंद करती हैं।
कैसे करें चीट मील को हेल्दी तरीके से प्लान?
चीट मील का मतलब “बिना सोचे-समझे जंक फूड खाना” नहीं होता, बल्कि इसे स्मार्ट तरीके से प्लान करना जरूरी है।
प्लानिंग से चीट मील लें
बिना सोचे-समझे कुछ भी खाने के बजाय, पहले से तय करें कि आप चीट मील में क्या खाएंगे।
दिन के समय चीट मील लें
रात में ज्यादा हैवी खाना फैट स्टोरेज बढ़ा सकता है, इसलिए दोपहर के समय चीट मील लेना बेहतर है।
हेल्दी ऑप्शन चुनें
अगर आपको पिज्जा पसंद है, तो व्होल व्हीट बेस वाला पिज्जा ट्राई करें। अगर मीठा खाना चाहते हैं, तो डार्क चॉकलेट खाएं।
चीट मील के अगले दिन ज्यादा हाइड्रेट रहें
शरीर से एक्स्ट्रा कैलोरी को बाहर निकालने के लिए खूब पानी और डिटॉक्स ड्रिंक्स लें।
वर्कआउट में बैलेंस करें
चीट मील के अगले दिन कार्डियो या वेट ट्रेनिंग करें, ताकि अतिरिक्त कैलोरी बर्न हो सके।
चीट मील से मोटिवेशन और डाइट कंट्रोल कैसे बना रहता है?
अगर आप हर दिन स्ट्रिक्ट डाइट फॉलो करते हैं, तो धीरे-धीरे बोरियत और फ्रस्ट्रेशन महसूस कर सकते हैं। चीट मील आपके मोटिवेशन को बनाए रखने में मदद करता है।
जब आपको पता होता है कि हफ्ते में एक दिन आपको मनपसंद खाना मिलेगा, तो डाइट फॉलो करना आसान हो जाता है।
जब आप हेल्दी खाने के बाद एक दिन चीट मील लेते हैं, तो यह आपको मोटिवेट करता है कि अगली बार और बेहतर तरीके से डाइट फॉलो करें।
हफ्ते में एक बार चीट मील लेने से आपको अनहेल्दी चीजें बार-बार खाने का मन नहीं करेगा।
चीट मील से आपको मानसिक रूप से संतुष्टि मिलती है, जिससे डाइटिंग का स्ट्रेस कम होता है।
कौन-कौन सी गलतियों से बचना चाहिए?
हफ्ते में एक बार एक मील लेना सही है, लेकिन पूरा दिन अनहेल्दी खाने से डाइट पर बुरा असर पड़ सकता है।
यह याद रखें कि चीट मील संयमित मात्रा में ही लें।
चीट मील का मतलब हेल्दी और बैलेंस्ड ऑप्शन चुनना है, न कि ज्यादा ऑयली और जंक फूड खाना।
चीट मील लेने के बाद अगले दिन हल्का वर्कआउट या योग जरूर करें, ताकि कैलोरी बैलेंस हो जाए।
चीट मील सिर्फ फिजिकल क्रेविंग को पूरा करने के लिए लें, न कि किसी स्ट्रेस, गुस्से या लो फीलिंग के कारण।
अगर आप हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना चाहते हैं, तो शिल्पा शेट्टी की तरह स्मार्ट चीट मील स्ट्रैटेजी फॉलो करें।
