त्योहारों की रौनक मिठाइयों से बढ़ती है, लेकिन मिलावटी मिठाइयां त्योहार की चमक फीकी भी कर सकती हैं। इसलिए मिठाइयों में मिलावट की जांच जरूर करें, आखिर मामला हमारी सेहत का जो है। एक समय था जब महिलाएं घर पर ही मिल-जुल कर मिठाइयां बनाती थीं। फिर परम्परा बदली, लोग हलवाई घर पर लगाकर मिठाई […]
Author Archives: प्राची प्रवीन महेश्वरी
उबटन से निखारें अपनी रंगत
उबटन आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों का खजाना होता है और भारत में तो प्राचीन परम्परा रही हैउबटन मल कर नहाने की। उबटन की सबसे खास बात यही है कि इनमें जिन चीजों का प्रयोगहोता है वो सभी चीजें प्राय: आपकी रसोई की ही होती हैं और इनके कोई साइड इफेक्ट भी नहींहोते हैं, क्योंकि ये केमिकल रहित […]
मन और रचनात्मकता का प्रतीक-चंद्र ग्रह
चन्द्र यानी सोम, चन्द्रमा जो की नव ग्रहों में से एक है, चंद्र एक बहुत सुंदर व युवा ग्रह है। दस सफेद घोड़ों पर सवार होकर वह रात्रि में आकाश में भ्रमण के लिए निकलता है। चंद्र का विवाह राजा दक्ष की 27 पुत्रियों के साथ हुआ है जिसमें रोहिनी इनको अधिक प्रिय है, वैदिक […]
वास्तुदोष निवारण के उपाय
घर में व्याप्त परेशानियां यदि खत्म नहीं हो रही हैं तो इसका एक कारण वास्तुदोष हो सकता है। कैसे आप इससे छुटकारा पा सकते हैं, जानते हैं लेख से।
पितृदोष में इन बातों का रखें ख्याल
हिन्दू धर्म शास्त्रों में पितरों के अनुसार उद्घार हेतु श्राद्घ एवं तर्पण का विशेष महत्त्व है। भाद्रपद पूर्णिमा से अश्विन कृष्णपक्ष अमावस्या तक के सोलह दिनों को पितृपक्ष कहते हैं, जिसमें हम अपने पूर्वजों का स्मरण करते हैं।
कामना पूर्ति करे दुर्गा सप्तशती का पाठ
नवग्रह की शांति में सबसे ज्यादा प्रभावशाली है मां दुर्गा के 13 अध्यायों का पाठ करना। आइए जानते हैं कि कैसे हर अध्याय हमारी चहुं ओर से रक्षा कर सकता है।
त्वचा के लिए रामबाण है एलोवेरा
हम टी.वी. पर ऐसे कई सौंदर्य प्रसाधनों का प्रचार देखते हैं, जिनमें एलोवेरा का प्रयोग होता है। हम चाहें तो सिर्फ एक एलोवेरा का पौधा लगाकर इन मिलावटी सौंदर्य प्रसाधनों को खरीदने की बजाय एलोवेरा का प्रयोग कर अपना रंग-रूप निखार सकते हैं।
भगवान कृष्ण से जुड़ी रोचक व ज्ञानवर्धक बातें
भगवान श्री कृष्ण के जन्म के उपलक्ष्य में जन्माष्टमी मनाई जाती है। भगवान श्री कृष्ण ने अपने अत्याचारी मामा कंस का वध करने के लिए धरती पर भाद्रपद् मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को अवतार लिया था। आधी रात में कृष्ण धरती पर अवतरित हुए थे। उनसे जुड़ी कुछ चीजे हैं जो हमें संदेश देती हैं। कमल, गाय, बांसुरी, मिश्री, माखन, मोर पंख भगवान श्री कृष्ण को बेहद पसंद हैं।
अखंड सौभाग्य देने वाला पर्व- हरियाली तीज
तीज का पर्व महिलाओं के लिए विशेष महत्त्व रखता है। इस दिन महिलाएं व्रत रखती हैं, सोलह शृंगार करती हैं। पर समय के साथ आज इसके प्रारूप में थोड़ा परिवर्तन आया है। आइए लेख में पर्व की महत्ता पर विस्तार से चर्चा करें।
रक्षाबंधन के पावन पर्व की महिमा
रक्षा बंधन भाई बहन से जुड़ा पर्व है जो भाई बहन के ह्रश्वयार को प्रकट करता है। सावन का महीना आते ही पूरा भारत राखी का दिन जानने के लिए उत्सुक हो जाता है। राखी से, राखी के पर्व से जुड़े इतिहास के कुछ रोचक किस्से भी हैं जो इस प्रकार से हैंजब
