Overview: दवाइयों को आर्गेनाइज करने के हैक्स
दवाइयों को आर्गेनाइज करने के लिए इन अमेजिंग हैक्स को अपनाएं।
Pill Organization Hacks: उम्र बढ़ने के साथ-साथ व्यक्ति को कई तरह की बीमारियां लग जाती हैं। ऐसे में उन्हें तरह-तरह की दवाइयों का सेवन करना पड़ता है। थॉयराइड से लेकर बीपी व शुगर की दवाइयां हर दिन लेनी पड़ती हैं। लेकिन लोग अक्सर इन दवाओं का सेवन करना भूल जाते हैं। दिन में कई बार अलग-अलग स्ट्रिप खोलना, टाइम याद रखना और फिर दिमाग में सवाल उठना कि ये दवाई खाई थी या छूट गई? यह सब काफी झंझटभरा हो सकता है। वहीं, अगर गलती से आप किसी दवा का सेवन करना मिस कर दें तो इससे सेहत पर काफी बुरा असर हो सकता है।
इन सभी झंझटों से बचने का एकमात्र तरीका है कि आप दवाइयों को आर्गेनाइज्ड तरीके से रखें, जिससे आप बार-बार उन्हें लेना ना भूलें। बस थोड़ी सी प्लानिंग और थोड़ा सा स्मार्ट तरीका आपकी जिन्दगी को काफी आसान बना सकता है। तो चलिए आज इस लेख में हम आपको दवाइयों को रखने से जुड़े कुछ ऐसे ही छोटे-छोटे हैक्स के बारे में बता रहे हैं, जो आपकी रोज़मर्रा की ज़िंदगी में वाकई गेम-चेंजर साबित होते हैं-
पिल बॉक्स का लें सहारा

दवाइयों को आर्गेनाइज्ड तरीके से रखने का सबसे अच्छा तरीका है पिल बॉक्स का सहारा लेना। आजकल बाज़ार में कई तरह के छोटे-बड़े पिल बॉक्स मिलते हैं, कोई रोज़ाना वाला, कोई हफ्ते वाला, तो कोई पूरे महीने का। इस पिल बॉक्स में आप अपनी दवाइयों को आर्गेनाइज्ड तरीके से रखें। इस तरह आप या बुजुर्ग व्यक्ति कभी भी अपनी दवाई लेना नहीं भूलेंगे। साथ ही, उन्हें यह भी याद करने की जरूरत महसूस नहीं होगी कि उन्हें दवाई खाई है या नहीं। पिल बॉक्स को देखते ही यह आसानी से पता चल जाएगा।
मोबाइल की लें मदद
अगर आप अक्सर दवाई लेना भूल जाते हैं तो ऐसे में मोबाइल आपके बेहद काम आ सकता है। बस आप अलग-अलग दवाई के लिए अलग अलार्म सेट कर दो। अलार्म रिमाइंडर आपको दवाई लेना भूलने नहीं देगा। अगर मोबाइल इस्तेमाल करना मुश्किल हो तो डिजिटल अलार्म घड़ी भी बढ़िया है। इससे धीरे-धीरे समय पर दवा लेने की आदत बन जाती है।
कलरफुल स्टिकर आएंगे काम

बुजुर्ग व्यक्ति अक्सर दवाइयों को लेकर कन्फ्यूज्ड रहते हैं। कभी-कभी उनकी आंखों के सामने दवाइयां होती हैं, लेकिन फिर भी उन्हें यह समझ नहीं आता कि कब कौन सी दवाई लेनी है। ऐसे में कलरफुल स्टिकर आपके बेहद काम आ सकते हैं। अलग-अलग कलर के स्टिकर को आप अलग-अलग दवाइयों पर इस्तेमाल कर सकती हैं। मसलन, बीपी की दवा के लिए लाल व शुगर के लिए हरा कलर स्टिकर को अप्लाई कर सकती है। ऐसे में बुजुर्ग व्यक्ति को अपनी दवा लेने में कोई समस्या नहीं होगी।
टेक्नोलॉजी का लें सहारा
अगर आपके घर के बुजुर्ग अक्सर दवाइयां लेना भूल जाते हैं तो ऐसे में टेक्नोलॉजी का सहारा लेना काफी अच्छा विचार है। इसके लिए आप एक छोटा सा व्हाट्सऐप ग्रुप बना लो, जैसे मम्मा हेल्थ या पापा मेडिसिन। हर दिन बस एक मैसेज डाल दो “मम्मी ने 9 बजे वाली दवाई ले ली? इससे बुजुर्गों को लगता है कि परिवार उनकी परवाह कर रहा है, और उन्हें भी अपनी दवाई लेने की जिम्मेदारी महसूस होती है।
