Valentines Day Special
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10 Life-Changing Tips: ज़िंदगी में सुख-दुख, हार-जीत, सफलता-असफलता चलती रहती है। लेकिन, हर हाल में खुश रहना भी एक कला है। अगर आप भी खुश रहकर ज़िंदगी के मज़े लेना चाहते हैं तो बस ये दस नियम फ़ॉलो करना शुरू कर दें, देखना कैसे बदल जाएँगे आप और कितनी ख़ुशनुमा बन जाएगी ज़िंदगी। जानते हैं 10 नियम-

5-5-5 रूल                             

इस रूल में आप दिन में पाँच मिनट के लिए कुछ नया करने की कोशिश करें। चाहें उल्टे साथ से लिखने की कोशिश करें, कोई अलग डांस स्टेप, एरोबिक करें। इससे आपकी सोचने की क्षमता और क्रिएटिविटी बढ़ेगी।

नो-टेक चैलेंज

आजकल लैपटॉप और मोबाइल के बिना रहना मुश्किल है। लेकिन, आप दिन में कम से कम एक घंटा नो-स्क्रीन टाइम रखेंl। इसमें टीवी, लैपटॉप और मोबाइल का इस्तेमाल बिल्कुल भी नहीं करें। ख़ुद के साथ बात करें, किताब पढ़ें, कुछ प्लान करें।

वन-मंथ प्रोजेक्ट

हर एक महीने के लिए नया प्रोजेक्ट चुनें जैसे एक महीने में कितनी किताब पढ़ सकते हैं, अपनी स्पीकिंग या दूसरी स्किल्स सुधारने का एक महीना का टारगेट सेट करें।

डिस्कम्फर्ट डे

Life-Changing Tips
Try to attend meetings

हफ़्ते में एक दिन कुछ ना कुछ ऐसा करें जिसमें आप असहज महसूस करें। जैसे अगर आपको लोगों से मिलना-जुलना बात करना अच्छा नहीं लगता है तो कोशिश करें कि एक दिन आप नये-अनजान लोगों से मिलें, अकेले मूवी देखने जायें, मॉल में अकेले शॉपिंग करने निकल जायें, ठंडे पानी से नहायें।

अपनी कमियाँ जानें

अधिकतर लोग आलोचना पसंद नहीं करत हैं, लेकिन हर किसी में हमेशा सुधार की ज़रूरत होती है। इसलिए किसी दिन समय निकालकर दूसरों से पूछें कि आप में क्या सुधार हो सकता है। उन चीज़ों को सुधारने की कोशिश करें।

हर दिन एक अच्छा काम करें

अंदर से ख़ुशी महसूस करना है तो हर दिन कोई एक अच्छा काम ज़रूर करें। लोगों की मदद करें, किसी को हसायें या किसी की तारीफ़ करें।

साइलेंट वॉक

Walking Rule
Silent walk

वॉक करते समय अधिकांश लोग फ़ोन पर बात करते हैं। लेकिन, आप कोशिश करें कि दस मिनट बिना मोबाइल के वॉक करें। इस दौरान ना किसी से बात करें, ना कुछ सोचें। सिर्फ़ प्रकृति की ख़ूबसूरती को महसूस करें।

एक सवाल पूछें

हर दिन ख़ुद से एक सवाल करें जैसे आज मैंने क्या किया? क्या मैं समय पर सारे काम कर सका? क्या मैंने किसी की मदद की? घर में लोगों के लिए क्या किया? पैरेंट्स के लिए कुछ अच्छा कर पाया, किसी की मुस्कुराहट का कारण बन पाया, किसी की तारीफ़ की आदि।

हर दिन कुछ पढ़ें

सीखने का सबसे अच्छा तरीक़ा है पढ़ना। हर दिन कुछ समय चाहें दस मिनट ही क्यों नहीं लेकिन पढ़ें। किताब, न्यूज़पेपर या जो भी आपको पसंद हो पढ़ सकते हैं। इससे दिमाग़ में नये शब्द और विचार आते हैं, समझ बेहतर होती है।

ख़ुद को समय दें

दिन में कम से कम 15 मिनट ख़ुद के लिए निकालें। इस समय सिर्फ़ अपने बारे में सोचें, ख़ुद की रुचि का काम करें।

तो, आप भी ख़ुद को बदलने के लिए जीवन में ये दस नियम ज़रूर फॉलो करें।

अभिलाषा सक्सेना चक्रवर्ती पिछले 15 वर्षों से प्रिंट और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में दक्षता रखने वाली अभिलाषा ने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान टाइम्स, भोपाल से की थी। डीएनए, नईदुनिया, फर्स्ट इंडिया,...