बच्चा सफाई से बोलता है झूठ, पहचाने इन 3 तरीकों से: Kids Bad Habit
Kids Bad Habit

डांट फटकार नहीं प्यार से छुड़ाएं बच्चों के झूठ बोलने की आदत

जब हम बच्चों पर ज्यादा रोक टोक करने लगते हैं तब बच्चे हमसे दूर होने लगते हैं।

Kids Bad Habit: बच्चों की दुनिया बहुत छोटी सी होती है। उनके मन में हज़ार सवाल चलते हैं। ये ऐसा हैं तो क्यों, वो वैसा हैं तो क्यों। एक के बाद एक सवाल करना हर बच्चे की आदत होती है। जब हम बच्चों पर ज्यादा रोक टोक करने लगते हैं तब बच्चे हमसे दूर होने लगते हैं। गुस्सैल हो जाना, जिद्द्दी होना और झूठ बोलना उनकी आदत बन जाती है। बच्चों के झूठ बोलने के पीछे कई वजह हो सकती हैं। आसपास या परिवार का माहौल, बच्चे की गलत आदतों पर माता पिता का रोक टोक न करना, बच्चे को हद से ज्यादा लाड प्यार देना, अपने बच्चे की गलतियां छुपाना। यही सब चीजें बच्चों को झूठ बोलने का  बढ़ावा देती हैं।

आपका बच्चा झूठ बोल रहा है ये कई तरह से समझा जा सकता है आइये जानते हैं क्या हैं वो तरीके।

Kids Bad Habit
Body language of kids

बच्चे की अपनी समझ होती है। अपनी समझ के हिसाब से वो झूठ तो बोलता है पर कभी कभी उसकी ऐसी शारीरिक भाषा यानी की बॉडी लैंग्वेज को इग्नोर करते हुए हम उसकी बात का विशवास कर लेते हैं। इस तरह बच्चे को झूठ बोलने का बढ़ावा मिलता है। जब कभी आपका बच्चा हाथों को आपस में रगड़े और कोई बात कहते हुए उसे पसीना आने लगे या वो अलग अलग तरह के हाव भाव बना कर किसी बात का जवाब दे या कोई बात कहे। तुरंत समझ जाएं बच्चा झूठ बोल रहा है। हालांकि कुछ बच्चों की आदत ऐसे ही बात करने की होती है।

Storyteller kids
Storyteller kids

बच्चे जब बड़ी बड़ी बातें बनाकर किसी चीज का जवाब दें। कहानियां बना बना कर किसी चीज को बताएं या फिर बहुत ज्यादा बढ़ा चढ़ा कर कुछ बताएं। उस वक़्त माता पिता को समझ जाना चाहिए की बच्चा झूठ बोल रहा है। बेशक बच्चों की ये कल्पना भरी कहानी सुनने में बहुत प्यारी लगती है। लेकिन उनकी इस आदत को बढ़ावा देना ठीक नहीं है। ऐसा करने पर बच्चा सोचेगा ये अच्छा काम है और वो इसे अपनी आदत बना लेगा। बच्चे को डराएं या धमकाएं नहीं, बल्कि प्यार से ऐसी झूठी कहानियां बनाने को मना करें। झूठ बोलने के नुक्सान समझाएं।

do not make eye contact
Try to find out the reason

अक्सर बच्चे झूठ बोलते समय या कुछ गलती करते समय नज़रे चुराने लगते हैं। कहीं न कहीं उन्हें अपनी गलती का पता होता है। जब बच्चा आपसे पूरी तरह से झूठ बोल रहा होता हैतो उसके हाव भाव पर ध्यान दें। वो आपसे नज़रें नहीं मिलाएगा। दूर जा कर बात करेगा। हिचक कर बताएगा। उसी वक़्त बच्चे को एहसास दिलाएं की झूठ बोलना बहुत गलत बात है। सच बात कह कर अच्छे बच्चे बनें। गलत और झूठी बात बोलने वाले बच्चों से कोई दोस्ती नहीं करता इस तरह की बात उदाहरण दे कर समझाएं।

Love your kids

या तो बच्चे झूठ बोलते समय ज्यादा से ज्यादा बोलने लगते हैं और वो भी लगातार। किसी न किसी बात को आपस में जोड़ देना और बातें बनाते रहना बच्चों के झूठ बोलने की सबसे बड़ी पहचान है। पर इसके उलट कई बच्चे चुप्पी साध लेते हैं और जितना कम हो सकता है उतना कम बोलते हैं। क्यूंकि उन्हें समझ नहीं आता डर की वजह से वो झूठ सोच समझ कर बोलते हैं और कम से कम शब्दों का इस्तेमाल करते हैं। लोगों से दूर रहने लगते हैं। किसी से बात करना पसंद नहीं करते हैं।

उत्तराखंड से ताल्लुक रखने वाली तरूणा ने 2020 में यूट्यूब चैनल के ज़रिए अपने करियर की शुरुआत की। इसके बाद इंडिया टीवी के लिए आर्टिकल्स लिखे और नीलेश मिश्रा की वेबसाइट पर कहानियाँ प्रकाशित हुईं। वर्तमान में देश की अग्रणी महिला पत्रिका...