Overview:नई माँएँ ध्यान दें: पोस्ट-डिलीवरी पीरियड्स का सही टाइम और चेतावनी के संकेत!
डिलीवरी के बाद पीरियड्स का समय हर महिला में अलग होता है और स्तनपान इसका सबसे बड़ा कारण है। लेकिन यदि असामान्य लक्षण हों, तो समय रहते डॉक्टर से परामर्श लेना ही सही है।
Periods after Delivery: डिलीवरी के बाद शरीर कई बड़े बदलावों से गुजरता है—हार्मोनल फ्लक्चुएशन, स्तनपान, शरीर की रिकवरी और नींद की कमी। ऐसे में नई माताओं के मन में एक सवाल बार-बार उठता है: पीरियड्स आखिर कब वापस आएंगे?
कुछ महिलाओं में ये जल्दी शुरू हो जाते हैं, जबकि कई नई माँओं को महीनों तक पीरियड नहीं आते। यह बिल्कुल सामान्य है, लेकिन यह समझना भी जरूरी है कि किस स्थिति में देरी सामान्य है और कब आपको डॉक्टर से बात करनी चाहिए।
डिलीवरी के बाद पीरियड्स कब लौटते हैं?
सामान्यत: नॉर्मल या सी-सेक्शन डिलीवरी के बाद पीरियड्स 6 से 8 हफ्तों में वापस आ सकते हैं। लेकिन यदि माँ स्तनपान करा रही है, खासकर एक्सक्लूसिव ब्रेस्टफीडिंग, तो पीरियड्स 4–6 महीनों तक या उससे भी अधिक समय तक नहीं आते। इसका कारण है हार्मोन प्रोलैक्टिन, जो दूध बनाने के साथ-साथ ओव्यूलेशन को भी रोकता है। इसलिए दूध पिलाने वाली माताओं में पीरियड्स देर से आना एकदम सामान्य है।
कब है फिक्र की बात और डॉक्टर को दिखाना चाहिए?

यदि आप स्तनपान नहीं करा रहीं और डिलीवरी के 3 महीने बाद भी पीरियड्स नहीं आते, तो डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। स्तनपान कराने वाली माताओं के लिए 6–9 महीने तक पीरियड्स न आना सामान्य है, लेकिन अगर तेज दर्द, भारी ब्लीडिंग, चक्कर, थकान या लगातार अनियमितता दिखे, तो जांच जरूरी है। कई बार थायरॉयड, पीसीओएस, हार्मोन असंतुलन या इंफेक्शन भी देरी की वजह बन सकता है।
