प्रेग्नेंसी के लक्षण बहुत पहले ही शुरू हो जाते हैं। शुरू के तीन महीनों में महिलाएं अपने दोस्तों और बाकी रिश्तेदारों से प्रेग्नेंसी छिपाने की कोशिश भी करती हैं लेकिन आपके लक्षणों द्वारा सभी को पता चल ही जाता है। बस यही नहीं इन लक्षणों के कारण आपकी नींद भी प्रभावित होती है। बार बार पेशाब आना, उल्टियां आना और जी मिचलने के कारण आपको नींद नहीं आती है और सोने में बहुत परेशानी होती है। लेकिन इस दौरान आपकी नींद भी बहुत आवश्यक होती है इसलिए आज हम आपको कुछ ऐसी टिप्स भी बताने वाले हैं जिनका प्रयोग करके आप एक चैन की नींद सो सकती हैं लेकिन इससे पहले एक बार यह जान लेते हैं की किस प्रकार पहले तीन महीनों के दौरान आपकी नींद प्रभावित होती है।

पहले तीन महीनों में आपकी नींद कैसे प्रभावित होती है?

  • पहले तीन महीनों में प्रोजेस्ट्रॉन के लेवल अधिक बढ़ते हैं और इसी कारण आपकी नींद भी प्रभावित होती है। यह हार्मोन प्रेग्नेंसी के दौरान जरूरी होते हैं लेकिन इसके कारण आपको और अधिक थकान महसूस हो सकती है और अधिक गर्मी भी लग सकती है।
  • बहुत सी महिलाओं को दिन में थका हुआ महसूस होता है और वह रात में सो भी नहीं पाती हैं। इस कारण की वजह से भी पहले तीन महीनों में आपकी नींद बहुत डिस्टर्ब होती है। हर 10 में से एक महिला को इंसोमनिया की समस्या इस दौरान झेलनी पड़ती है।
  • इसके आलावा मॉर्निंग सिकनेस जैसे आपको सुबह सुबह उल्टियां आती हैं या जी मिचलाता है इस कारण भी रात में और दिन में नींद नहीं आ पाती है। इसके कारण आपकी सारी एनर्जी निकल जाती है और आपको रात में बहुत बेचैनी महसूस होती है।
  • रात में आपको बहुत बार बाथरूम जाना पड़ सकता है या आपको सिर दर्द भी हो सकता है और इन कारणों की वजह से भी आपको सो पाने में बहुत दिक्कत महसूस होती है।

बेहतर ढंग से सोने की कुछ टिप्स

अच्छे स्लीप हाइजीन को मेंटेन करें: अगर आप फोन, लैपटॉप, टीवी आदि इलेक्ट्रॉनिक चीजों से दूर रहेंगी तो भी आपको अच्छी नींद आने में मदद मिल सकेगी। इनके अलावा आप सोने से पहले गर्म पानी का शावर ले सकती हैं या एक रिलैक्स कर देने वाली किताब पढ़ सकती हैं।

अपनी डाइट का भी रखें ध्यान: आपको अपने खाने पीने की आदतों का भी ध्यान रखना है और सोने से पहले कुछ भी न खाने की कोशिश करें। इससे रात में असहजता महसूस नहीं होगी और अगर आप छोटी छोटी और अधिक मील में अपने भोजन को बांट देंगी तो आपके लक्षणों में भी राहत मिलेगी।

खुद को ज्यादा से ज्यादा हाइड्रेटेड रखें: प्रेगनेंट महिलाओं को इस दौरान अपने पानी की मात्रा पर्याप्त करनी चाहिए और अपने आप को अधिक से अधिक हाइड्रेटेड रखना चाहिए। इस दौरान आप जितनी अधिक कॉफी या कैफ़ीन से बनी चीजों को अवॉइड करेंगी उतना अच्छा रहेगा।

ठंडी और डार्क जगहों पर सोएं :अपने रूम को एकदम चिल बना लें और उसमें थोड़ी डार्क वाइब भी शामिल करे। इससे रात में आपका माइंड रिलैक्स रहता है और आपको सोने में मदद करता है। गर्मियों के दौरान खास कर अगर आपका कमरा गर्म रहता है तो आपको नींद आने में दिक्कत होती है।

पहले तीन महीनों में आपका सोना भी बहुत जरूरी होता है क्योंकि अगर आप कम सोती हैं तो इससे आपके बच्चे पर प्रभाव पड़ता है और न सोने के कारण गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल लक्षण या ब्लड प्रेशर बढ़ जाने जैसी समस्या भी आपको तीसरे ट्राइमेस्टर में देखने को मिल सकती हैं। इसलिए इन टिप्स का पालन करें और अपनी नींद को पूरा करने की कोशिश करें। इसके अलावा आप को अपनी मानसिक सेहत का भी पूरा ख्याल रखना चाहिए और यह कोशिश करनी चाहिए की आप अधिक से अधिक खुश रह सकें। इसके लिए आप मेडिटेशन आदि का सहारा ले सकती हैं।

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