Summary: गर्भावस्था में मीठा खाने की आदत को कैसे करें नियंत्रित?

प्रेगनेंसी में मीठा खाने की तलब हार्मोनल बदलाव का नतीजा है, इसे संतुलित डाइट और हेल्दी विकल्पों से नियंत्रित किया जा सकता है।

Sugar Cravings in Pregnancy: गर्भावस्था के दौरान महिलाएं कई तरह के मूड स्विंग से गुजरती है, इस में उनके खाने की इच्छा भी शामिल है। प्रेगनेंसी के दौरान महिलाओं में कुछ खास खाने की तीव्र इच्छा होती है, खास तौर से मीठा। सामान्य तौर पर यह देखा गया है कि गर्भावस्था में महिलाओं को चॉकलेट, आइसक्रीम, केक जैसी मीठी चीज बहुत पसंद आती है। गर्भवती महिलाओं के अंदर यह क्रेविंग केवल स्वाद के लिए नहीं है, बल्कि इसके पीछे हार्मोनल शारीरिक और मानसिक कारण भी है। आईए जानते हैं इस लेख में प्रेगनेंसी में मीठा खाने की तलब क्यों होती है, तथा इसके क्या कारण है।

Sugar Cravings in Pregnancy
Pregnancy sugar cravings

हार्मोनल बदलाव: गर्भावस्था के दौरान महिला के शरीर में एस्ट्रोजेन और प्रोजेस्टेरोन हार्मोन के लेवल में तेजी से बदलाव आता है, जिसका महिला के स्वाद और भूख पर असर पड़ता है और कुछ विशेष खान की तलब होती है, मुख्य रूप से इस में मीठा शामिल हो सकता है।

ग्लूकोज स्तर में उतार-चढ़ाव: गर्भावस्था के दौरान महिला का ब्लड शुगर लेवल असंतुलित हो सकता है जिस कारण महिला को मीठा खाने की क्रेविंग होती है।

मनोवैज्ञानिक कारण: महिलाएं तनाव, चिंता या मूड स्विंग के कारण भी मीठे की तरफ आकर्षित होती है। मीठा एक ऐसा खाद्य पदार्थ है जिसके सेवन से शरीर में डोपामिन हार्मोन रिलीज होता है जो हमें अच्छा फील करवाता है।

मिनरल्स की कमी: शरीर में मैग्नीशियम या क्रोमियम जैसे मिनरल्स की कमी के कारण भी मीठे की क्रेविंग अधिक होती है।

अगर महिला गर्भावस्था के दौरान अधिक मीठे का सेवन करती है तो गेस्टेशनल डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है।

अधिक मीठे के सेवन से वजन बढ़ सकता है, जो प्रसव को जटिल बना सकता है।

जन्म के समय शिशु में वजन अधिक हो सकता है। इसके अलावा आगे भविष्य में मोटापे या टाइप टू डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है।

संतुलित आहार लें: अपने आहार में प्रोटीन, फाइबर, हेल्दी फैट्स और कार्बोहाइड्रेट को शामिल करें। यह लंबे समय तक आपका पेट भरा हुआ महसूस करवाता है। जिससे आपके क्रेविंग कंट्रोल में रहते हैं।

फल और ड्राई फ्रूट्स: जब भी आपको मीठा खाने का बहुत ज्यादा मन हो उस समय एक फल खाएं। आप फल में एक सेब, आम, चीकू ले सकते हैं। इनमें नेचुरल शुगर पाया जाता है जो आपके मीठे की क्रेविंग को कम करता है, साथ ही इनमें भरपूर मात्रा में फाइबर भी पाया जाता है जो आपको लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान करते हैं।

इसके अलावा आप सीमित मात्रा में किशमिश और खजूर जैसे मीठे ड्राई फ्रूट्स ले सकते हैं।

नेचुरल शुगर अपना सकते हैं: अगर आपको मीठे की अधिक क्रेविंग है तो आप स्टीविया जैसे नेचुरल शुगर ले सकते हैं, यह एक अच्छा विकल्प है।

पानी की कमी न होने दें: आप दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं। कई बार शरीर को जरूरत पानी की होती है और आप इसे खाने से दूर करना चाहते हैं।

डॉक्टर से सलाह लें: अगर बहुत कोशिशें के बाद भी आप अपने मीठा खाने पर कंट्रोल नहीं कर पा रहे तो डॉक्टर से सलाह लें। डॉक्टर आपकी जांच करवा कर आपको सही परामर्श देंगे।

निशा निक ने एमए हिंदी किया है और वह हिंदी क्रिएटिव राइटिंग व कंटेंट राइटिंग में सक्रिय हैं। वह कहानियों, कविताओं और लेखों के माध्यम से विचारों और भावनाओं को अभिव्यक्त करती हैं। साथ ही,पेरेंटिंग, प्रेगनेंसी और महिलाओं से जुड़े मुद्दों...