चॉकलेट मिठाई चिया स्मूदी

इस डेजर्ट में आपको टोटल 11 ग्राम शुगर मिलेगी लेकिन इसमें एडेड शुगर नहीं होगी। अगर आप डायबिटीज फ्रेंडली डेजर्ट ट्राई करना चाहते हैं तो चिया सीड्स बेस्ट रहती हैं। इनका स्वाद भी बहुत अच्छा होता है। इनके अंदर फाइबर की अच्छी खासी मात्रा होती है जिससे शुगर लेवल में आने वाली बढ़ोतरी आसानी से बैलेंस हो जाती है। यह रेसिपी 10 मिनट में तैयार हो जाती है। इस स्मूदी को आप डिनर के बाद प्रयोग करें। आप पूरी तरह से इससे इंप्रेस हो जाने वाले हैं।
पनीर खीर

इस खीर में आपको इलाइची का फ्लेवर मिलेगा और यह खीर बहुत ही लो फैट भी है। इसे बनाते समय अगर आप चीनी की बजाए ट्रेडिशनल स्वीटनर जैसे शक्कर आदि का प्रयोग करेंगे तो यह डायबिटिक के लिए भी एक अच्छा डेजर्ट ऑप्शन बन जायेगी। अगर आप इसमें अन हेल्दी थिकनर्स का प्रयोग नहीं करेंगे तो बहुत से कैलोरीज़ और कार्ब्स से भी बचा जा सकता है जिससे ब्लड शुगर लेवल न बढ़ सकें।
ओट्स मिठाई सेब फिरनी

यह एक लो कैलोरी फिरनी है। यह फिरनी सेब और ओट्स को कूट कर बनाई गई है। इसमें शुगर की बजाए हेल्दी ऑप्शन का प्रयोग किया जाता है और वह भी बहुत ही कम मात्रा में। सेब वैसे भी प्राकृतिक रूप से मीठी होती है इसलिए इसमें आर्टिफिशियल स्वीटनर का प्रयोग नहीं किया जाता है। यह रेसिपी बनाने के लिए भी लो फैट मिल्क का प्रयोग किया जाता है।
मिठाई श्रीखंड

श्रीखंड किसे पसंद नहीं होती है और अगर आप डायबिटीज के मरीज हैं तो यह बात भी अब आपको श्रीखंड खाने से नहीं रोक पाएगी। यह शुगर मुक्त श्रीखंड है जिसमें लो फैट दही का प्रयोग किया जाता है। शुगर मुक्त और कम कार्ब्स और कैलोरीज़ का अर्थ यह नहीं होता है कि आपकी श्रीखंड का स्वाद बदल जायेगा। आपके स्वाद को भी यह डिश पूरी तरह सेटिस्फाई कर सकती है।
सेब रबड़ी मिठाई

यह लो फैट दूध से बनाई गई है जिसे सेब द्वारा थिक किया जाता है। नटमेग और इलाइची के फ्लेवर से इसमें खुशबू के साथ साथ स्वाद भी बहुत अच्छा आता है। आपको इसे बनाते समय सेब का छिलका नहीं उतारना है नहीं तो आपको काफी सारे पौष्टिक तत्त्व नहीं मिल पाएंगे। यह रबड़ी खाने में बहुत अधिक स्वादिष्ट लगती है और इसमें कैलोरीज़ भी कम होती है जोकि इसे डायबिटिक फ्रेंडली बनाती है।
मिठाई मलाई पेड़ा

यह मिठाई किसे पसंद नहीं होती है। यह मिठाई अन्य मिठाइयों के मुकाबले थोड़ी अधिक फैट युक्त हो सकती है क्योंकि इसे लो फैट और फुल फैट मिल्क दोनों से मिला कर बनाया जाता है। कैलोरीज़ को कम करने के लिए और ब्लड शुगर बढ़ने से बचाने के लिए चीनी के प्रयोग की बजाए हेल्दी विकल्प का प्रयोग कर सकते हैं। पेड़ों के रंग को निखारने के लिए और अच्छी सुगंध प्रदान करने के लिए इसमें केसर का भी प्रयोग किया जाता है।
अब आप डायबिटिक होने के साथ साथ भी भारतीय मिठाइयों के स्वाद का आनंद ले पाएंगे। हालांकि यह सारे डिजर्ट ऑप्शन डायबिटिक फ्रेंडली हैं, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि इन्हें आप रोजाना खाएंगे। इनमें भी शुगर मिली हुई होती है और अगर आप नियमित रूप से इस का सेवन करने लग जाते हैं तो यह आप के लिए बहुत हानिकारक सिद्ध हो सकते हैं इसलिए इनका सेवन केवल किसी खास अवसर पर करने की ही कोशिश करें।
