इन तेलों से शिशुओं की न करें मालिश, वरना हो सकती है स्किन खराब
Avoid These Massage Oil : तेलों से मालिश करने से बच्चों की हड्डियां दुरुस्त होती हैं। आइए जानते हैं इस बारे में-
Avoid These Massage Oil: शिशुओं की त्वचा बहुत नाजुक और संवेदनशील होती है, इसलिए उनकी मालिश के लिए सही तेल का चयन बेहद जरूरी है। गलत तेल का इस्तेमाल उनकी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है और एलर्जी, रैशेज या जलन का कारण बन सकता है। आइए जानते हैं किन तेलों से शिशुओं की मालिश नहीं करनी चाहिए और इसके संभावित खतरे क्या हैं।
सरसों तेल से करें मालिश

सरसों का तेल परंपरागत रूप से कई घरों में मालिश के लिए इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन यह शिशुओं की नाजुक त्वचा के लिए उपयुक्त नहीं है। दरअसल, सरसों का तेल त्वचा में जलन और रैशेज पैदा कर सकता है। इसमें मौजूद एरूसिक एसिड त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है। यह त्वचा की नमी छीनकर उसे रूखा बना सकता है।
रिफाइंड नारियल तेल
वर्जिन नारियल तेल शिशुओं के लिए अच्छा है, लेकिन रिफाइंड नारियल तेल त्वचा के लिए हानिकारक हो सकता है। रिफाइनिंग प्रक्रिया में उपयोग किए गए केमिकल्स त्वचा को नुकसान पहुंचा सकते हैं। यह एलर्जी और खुजली का कारण बन सकता है।
जैतून का तेल
जैतून का तेल बच्चों के लिए अच्छा होता है, लेकिन शिशुओं की त्वचा पर इसका इस्तेमाल नुकसानदेह हो सकता है। इसमें ओलेइक एसिड होता है, जो त्वचा की बाहरी परत को कमजोर कर सकता है। इससे त्वचा पर ड्राइनेस और खुजली हो सकती है। अगर शिशु की त्वचा पहले से सूखी है, तो यह समस्या को बढ़ा सकता है।

एरोमैटिक या परफ्यूम युक्त तेल
खुशबूदार तेल शिशुओं के लिए हानिकारक हो सकते हैं, क्योंकि इनमें सिंथेटिक केमिकल्स होते हैं। ये त्वचा पर जलन और एलर्जी का कारण बन सकते हैं। इन तेलों की खुशबू सांस लेने में परेशानी पैदा कर सकती है।
रिफाइंड बादाम का तेल
बादाम का तेल अक्सर बच्चों की मालिश के लिए चुना जाता है, लेकिन रिफाइंड या खराब गुणवत्ता वाला तेल नुकसान पहुंचा सकता है। इसमें अशुद्धियां हो सकती हैं, जो त्वचा पर नकारात्मक प्रभाव डालती हैं। यह एलर्जी और खुजली का कारण बन सकता है।

शिशुओं की मालिश के लिए सही तेल का चयन बहुत महत्वपूर्ण है। गलत तेल का इस्तेमाल उनकी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है और उनकी संवेदनशीलता को बढ़ा सकता है। प्राकृतिक और शुद्ध तेलों का उपयोग करें और शिशु की त्वचा की विशेष देखभाल करें।
