White Bread Side Effects
White Bread Side Effects

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आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में ब्रेड बटर, टोस्ट बटर, सैंडविच आदि लोगों के लिए एक कंफर्ट ​ब्रेकफास्ट ऑप्शन बन चुके हैं। मिनटों में तैयार होने वाला यह ब्रेकफास्ट आपका पेट जल्दी से भर देता है।

White Bread Side Effects: नाश्ते का मतलब ब्रेड-बटर। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में ब्रेड बटर, टोस्ट बटर, सैंडविच आदि लोगों के लिए एक कंफर्ट ​ब्रेकफास्ट ऑप्शन बन चुके हैं। मिनटों में तैयार होने वाला यह ब्रेकफास्ट आपका पेट जल्दी से भर देता है। सबसे खास बात ये है कि इसे कहीं भी आसानी से कैरी किया जा सकता है। कुल मिलाकर ब्रेड अब लोगों की डाइट का हिस्सा बन चुकी है। लेकिन यह आरामदायक नाश्ता असल में कई बीमारियों का घर है। कैसे, आइए जानते हैं।

सोच समझ कर खाएं ब्रेड

हेल्थ कोच डॉ.मेहता ने लोगों को बताया कि ब्रेड गट हेल्थ के लिए 'गटर' के समान है।
Health coach Dr. Mehta told people that bread is like ‘gutter’ for gut health.

सेलेब्रिटी हेल्थ कोच डॉ.मिकी मेहता ने अपने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर लोगों को ब्रेड को लेकर चेताया। अंबानी परिवार, एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा, एक्टर आमिर खान, क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर आदि के हेल्थ कोच डॉ.मेहता ने लोगों को बताया कि ब्रेड गट हेल्थ के लिए ‘गटर’ के समान है। उन्होंने साफ कहा कि अगर आप रोज ब्रेड खाते हैं तो आपका पेट गटर बन सकता है। ऐसे में ब्रेड खाने से पहले सोचने की जरूरत है।

बेटी की परेशानी करी साझा

डॉ. मेहता ने बताया कि अधिकांश लोग नाश्ते में किसी न किसी तरह से ब्रेड का सेवन करते हैं। अधिकांश लोग यही बताते हैं कि वे ब्रेकफास्ट में चाय-ब्रेड, ऑमलेट-ब्रेड, जैम-ब्रेड, पोहा-ब्रेड खाते हैं। लेकिन व्हाइट ब्रेड खाने के विकल्पों में सबसे खतरनाक ​चीज है। यह ‘ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम’ का कारण बन सकती है। इस दौरान कोच ने अपनी बेटी का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों उनकी बेटी ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम का शिकार हुई। उसे अचानक चक्कर आने लगे और सिर घूमने लगा। वह शराब के नशे जैसा महसूस करने लगी।

जानिए क्या है ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम

वेलनेस कोच ने बताया कि शुरुआत में यह अचानक हुई एक घटना लगी। लेकिन अगले दिन चीजें और खराब होने लगीं। वे अपनी बेटी को अस्पताल ले गए। धीरे—धीरे स्थिति सामान्य हो गई। जब डॉ. मेहता ने बेटी की डाइट पर गौर किया तो उन्हें पता चला कि वह मल्टीग्रेन ब्रेड बहुत ज्यादा खा रही थी। ऐसे में वह ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम का शिकार हो गई थी।

इसलिए खतरनाक है स्थिति

ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम एक खतरनाक स्थिति है। इसमें बिना पची हुई ब्रेड इथेनॉल या अल्कोहल में बदल जाती है। ऐसे में आपको नशे में होने जैसा एहसास होने लगता है। कोच मेहता ने लोगों से कहा कि अपनी सेहत को ध्यान में रखते हुए ब्रेड खाने से पहले एक बार आपको फिर से विचार करना चाहिए। यह सिर्फ एक ऑटो ब्रूअरी सिंड्रोम के ​बारे में नहीं है। बल्कि सच्चाई ये है कि ब्रेड आपकी पूरी सेहत का बिगाड़ सकती है। यह आपको मार सकती है। क्योंकि यह आपकी आंतों पर दबाव बनाती है। इसलिए ब्रेड से दूरी बनाना आपको सेहतमंद रख सकता है।

आपको खुद उठाने होंगे कदम

डॉ. मेहता का कहना है कि अगर आप ब्रेड खाना पूरी तरह से बंद नहीं कर सकते हैं तो इसका सावधानी से सेवन करना शुरू करें। आप ब्रेड सिर्फ तब ही खाएं, जब आपके पास कुछ और उपलब्ध न हो। या फिर आपको बहुत ज्यादा तेज भूख लग रही हो। अगर ब्रेड खा रहे हैं तो डाइट में इसबगोल यानी साइलियम हस्क को शामिल करें। आप इसे सुबह खाली पेट और रात में सोने से पहले इसबगोल का सेवन करना अच्छा रहता है। इससे आपकी आंतें साफ रहेंगी। अगर ब्रेड पच नहीं पाई है तो इसबगोल की मदद से वो आसानी से पेट से बाहर निकल जाएगी।

मैं अंकिता शर्मा। मुझे मीडिया के तीनों माध्यम प्रिंट, डिजिटल और टीवी का करीब 18 साल का लंबा अनुभव है। मैंने राजस्थान के प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थानों के साथ काम किया है। इसी के साथ मैं कई प्रतियोगी परीक्षाओं की किताबों की एडिटर भी...