Worst Foods for Your Brain
Worst Foods for Your Brain

Avoid Foods for Mental Health: मेंटल हेल्थ का हमारे लाइफ की क्वालिटी पर गहरा असर पड़ता है। यह सिर्फ हमारे मेंटल हेल्थ पर ही नहीं बल्कि हमारे फिजिकल हेल्थ पर भी प्रेशर डालता है। अच्छे मानसिक स्थिति के लिए पौष्टिक खान-पान बहुत जरूरी है लेकिन ऐसा कुछ खाद्य पदार्थ है, जिनका सेवन करने से हमारे मानसिक स्थिति को नुकसान पहुंच सकता है। अगर इन फूड आइटम्स को नियमित रूप से सेवन किया जाए तो डिप्रेशन चिंता मूड स्विंग्स इत्यादि की समस्या बढ़ सकती है।

जल्दबाजी में हम ऐसे कई खाद्य पदार्थ का सेवन कर लेते हैं, जो हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। यह फूड आइटम्स भले ही खाने में स्वादिष्ट होते हैं लेकिन यह हमारे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाते हैं। बेहतर यही है कि जंक फूड और शुगर आइटम्स का त्याग करें और घर के बने हेल्दी खाने को खाएं। मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए प्रक्रिया फूड मीठे पेय पदार्थ आर्टिफिशियल स्वीटनर्स और अल्कोहल जैसे चीजों से दूर रहना चाहिए। हेल्दी डाइट अपनाकर आप मानसिक संतुलन बना सकते हैं।

Ways That Sugary Soda Is Bad for Your Health
Ways That Sugary Soda Is Bad for Your Health

फ्लेवर्ड जूस, एनर्जी ड्रिंक और सोडा में शुगर की मात्रा अधिक होती है, जो मानसिक स्वास्थ्य के लिए अच्छी नहीं होते। अगर शुगर का अधिक सेवन किया जाए तो ब्लड शुगर लेवल और नियंत्रित होता है, जिससे हमारा मूड स्विंग्स हो सकता है। लंबे समय तक शुगर से बनी चीजों का सेवन किया जाए तो मेमोरी लॉस की समस्या भी हो सकती है। यह धीरे-धीरे हमारे ब्रेन के कार्य क्षमता को धीमा करता है। मानसिक स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए कम शुगर वाले खाद्य पदार्थ का सेवन करें। हर्बल टी, नारियल पानी इत्यादि स्वास्थ्य के लिए बेहतर है।

प्रोसैस्ड फूड खाने में तो स्वादिष्ट होते हैं लेकिन यह हमारे मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य दोनों के लिए ही बहुत नुकसानदायक होते हैं। चिप्स, रेडी टू ईट मिल्स, इंस्टेंट नूडल्स इत्यादि प्रोसैस्ड फूड आइटम्स है। इनमें ट्रांसपेरेंट प्रिजर्वेटिव्स अधिक मात्रा में मौजूद होते हैं। यह हमारे ब्रेन सेल्स को डैमेज कर सकते हैं। पैकेज्ड फूड का अधिक सेवन किया जाए तो चिंता या डिप्रेशन का शिकार हो सकते हैं। इनमें नमक और शुगर की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जो मूड स्विंग और चिड़चिड़ापन का कारण बन सकते हैं। पैकेज्ड फूड की बजाय ताजे फल और सब्जियों का इस्तेमाल करना चाहिए। घर के बने खाने को खाना बेस्ट ऑप्शन है।

लो कैलोरी डाइट के चक्कर में लोग आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का इस्तेमाल करने लगे हैं लेकिन यह हमारे मानसिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक साबित हो सकता है। इसमें अस्पर्टम होता है। यह हमारे ब्रेन की कार्य क्षमता को प्रभावित करता है। इसका सेवन करने से न्यूरो ट्रांसमीटर भी संतुलित हो सकते हैं। कई बार मूड स्विंग, अनिद्रा और चिंता की समस्या देखी जा सकती है। इसकी जगह आपके शहर गुड जैसे चीजों का इस्तेमाल करना चाहिए आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का सेवन करने से बचें।

consumption of alcohol is injurious to health
consumption of alcohol is injurious to health

हर हालत में शराब का सेवन नहीं करें तो बेहतर है। अधिक मात्रा में इसका सेवन करने से शारीरिक और मानसिक दोनों साथ समस्याएं पैदा हो सकती हैं। अल्कोहल का सेवन करने से ब्रेन के न्यूरोट्रांसमीटर में संतुलन हो सकता है, जिससे एंग्जायटी और डिप्रेशन का खतरा बढ़ता है। यह हमारे नींद की क्वालिटी को भी प्रभावित करता है, जिससे मानसिक रूप से थकावट और चिड़चिड़ापन हो सकता है। लंबे समय तक शराब का सेवन करने से मस्तिष्क के कार्य क्षमता को नुकसान पहुंचता है। बेहतर मानसिक स्वास्थ्य के लिए शराब को पूरी तरह से त्याग देना ही अच्छा ऑप्शन है।

रेफाइंड कार्बोहाइड्रेट्स जैसे सफेद ब्रेड, पास्ता, और बेक्ड आइटम्स का सेवन करने से ब्लड शुगर में अचानक उतार-चढ़ाव आते हैं, जिससे मानसिक थकान होती है। वहीं कॉफी, एनर्जी ड्रिंक्स जैसे अधिक कैफीन को लेना एंग्जायटी और नींद में बाधा डाल सकता है।

प्रतिमा 'गृहलक्ष्मी’ टीम में लेखक के रूप में अपनी सेवाएं दे रही हैं। डिजिटल मीडिया में 10 सालों से अधिक का अनुभव है, जिसने 2013 में काशी विद्यापीठ, वाराणसी से MJMC (मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन) की डिग्री प्राप्त की। बीते वर्षों...