Prohibited Fruit in Train
Prohibited Fruit in Train

Overview: सफर के दौरान किन चीजों पर होती है रोक?

ट्रेन और फ्लाइट से यात्रा करते समय कई सुरक्षा नियमों का पालन करना जरूरी होता है। इन्हीं नियमों के तहत सूखा नारियल ले जाने पर रोक लगाई जा सकती है। इसका कारण इसकी ज्वलनशील प्रकृति है, क्योंकि इसमें मौजूद प्राकृतिक तेल इसे जल्दी आग पकड़ने योग्य बनाता है। बड़ी मात्रा में ले जाने पर इसे व्यावसायिक सामान भी माना जा सकता है, जिसके लिए विशेष अनुमति की जरूरत होती है।

Prohibited Fruit in Train: हम सभी ने कभी न कभी ट्रेन से सफर जरूर किया होगा। यात्रा के दौरान यात्रियों को कई नियमों का पालन करना पड़ता है। कुछ नियम तो आम लोगों को पता होते हैं, जैसे पटाखे, गैस सिलेंडर या विस्फोटक सामान ले जाना मना है। लेकिन एक ऐसा नियम भी है, जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। क्या आप जानते हैं कि एक खास फल ऐसा है, जिसे ट्रेन और फ्लाइट दोनों में ले जाने पर पाबंदी है। इसका नाम सुनकर आप हैरान रह जाएंगे। आइए समझते हैं पूरा मामला।

सफर के दौरान किन चीजों पर होती है रोक?

रेल और हवाई यात्रा में सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता होती है। इसी वजह से कई तरह की वस्तुओं पर प्रतिबंध लगाया गया है। ट्रेन और फ्लाइट में आमतौर पर इन चीजों को ले जाना मना होता है।

  • गैस सिलेंडर (चाहे खाली ही क्यों न हो)
  • पटाखे और विस्फोटक पदार्थ
  • एसिड, पेट्रोल, तेल या अन्य ज्वलनशील रसायन
  • सिगरेट, माचिस, लाइटर जैसी आग से जुड़ी वस्तुएं
  • बदबूदार या सड़ी-गली चीजें
  • शराब पीकर यात्रा करना या शराब ले जाना
  • इन नियमों का उद्देश्य यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना होता है।

आखिर कौन सा फल है प्रतिबंधित?

Prohibited Fruit in Train
people have started preferring OTT platforms over traditional TV to watch movies and web series. However, some platforms misused this freedom and began showing highly obscene content. The government has now banned these platforms.

अब बात करते हैं उस फल की, जिसके बारे में जानकर लोग चौंक जाते हैं। वह फल है सूखा नारियल। आप सोच रहे होंगे कि नारियल तो पूजा-पाठ और शुभ कार्यों में इस्तेमाल होता है, फिर इसे ले जाने पर रोक क्यों? दरअसल, इसके पीछे सुरक्षा से जुड़ा कारण है।

क्यों माना जाता है जोखिम भरा?

सूखे नारियल के अंदर प्राकृतिक तेल मौजूद होता है। यही तेल इसे जल्दी आग पकड़ने वाला बना देता है। इसका बाहरी हिस्सा भी ज्वलनशील माना जाता है। अगर बड़ी मात्रा में सूखा नारियल ट्रेन या विमान में ले जाया जाए और किसी कारणवश आग लग जाए, तो यह गंभीर हादसे का कारण बन सकता है। इसी वजह से इसे सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील वस्तु माना गया है।

रेलवे और एयरलाइन की गाइडलाइंस के अनुसार, कोई भी ऐसी वस्तु जो जल्दी आग पकड़ सकती हो, उसे ले जाना सुरक्षित नहीं माना जाता।

थोक में ले जाने पर बढ़ती है परेशानी

एक और कारण यह भी है कि यदि कोई यात्री बड़ी मात्रा में सूखा नारियल लेकर यात्रा कर रहा है, तो उसे व्यावसायिक सामान माना जा सकता है। व्यावसायिक सामान ले जाने के लिए अलग नियम और अनुमति की जरूरत होती है। अगर बिना अनुमति के ऐसा सामान ले जाया जाए, तो जुर्माना या कार्रवाई हो सकती है। इसलिए यदि कोई व्यक्ति बोरे भरकर सूखा नारियल लेकर जा रहा है, तो उसे रेलवे या एयरलाइन नियमों का पालन करना जरूरी है।

क्या थोड़ी मात्रा में ले जा सकते हैं?

अगर आप पूजा या निजी उपयोग के लिए 1-2 सूखे नारियल ले जा रहे हैं, तो आमतौर पर कोई बड़ी समस्या नहीं होती। लेकिन यह पूरी तरह संबंधित अधिकारी की जांच और नियमों पर निर्भर करता है। कभी-कभी सुरक्षा जांच के दौरान अधिकारियों को यदि कोई वस्तु संदिग्ध लगती है, तो वे उसे जब्त भी कर सकते हैं। ऐसे में यात्रियों को बहस करने के बजाय नियमों का पालन करना चाहिए।

नियमों की अनदेखी पड़ सकती है भारी

कई लोग इन नियमों से अनजान होते हैं और अनजाने में ऐसी वस्तुएं अपने बैग में रख लेते हैं। लेकिन अगर जांच के दौरान यह सामान मिल जाए, तो जुर्माना या अन्य कार्रवाई हो सकती है। यात्रा से पहले संबंधित परिवहन सेवा के नियमों को पढ़ लेना हमेशा बेहतर होता है। इससे अनावश्यक परेशानी से बचा जा सकता है।

मैं आयुषी जैन हूं, एक अनुभवी कंटेंट राइटर, जिसने बीते 6 वर्षों में मीडिया इंडस्ट्री के हर पहलू को करीब से जाना और लिखा है। मैंने एम.ए. इन एडवर्टाइजिंग और पब्लिक रिलेशन्स में मास्टर्स किया है, और तभी से मेरी कलम ने वेब स्टोरीज़, ब्रांड...