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हंसी के ठहाके, मुस्कान और खुशियां आपके दिनभर की थकान दूर कर देते हैं। लेकिन क्या आपने कभी इसका कारण जाना है। दरअसल, गप्पे मारना समय की बर्बादी नहीं, बल्कि सेहत का राज है।
Gossiping Benefits: पार्टनर और दोस्तों के साथ गप्पे मारना आखिर किसे पसंद नहीं होता। हंसी के ठहाके, मुस्कान और खुशियां आपके दिनभर की थकान दूर कर देते हैं। लेकिन क्या आपने कभी इसका कारण जाना है। दरअसल, गप्पे मारना समय की बर्बादी नहीं, बल्कि सेहत का राज है। अब साइंस भी इस बात को मानती है। गपशप करने से आप स्वस्थ रह सकते हैं और इससे रिश्ते भी मजबूत होते हैं।
रिसर्च में साबित हुई ये बात

कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी की एक रिसर्च में यह बात सामने आई है कि जो लोग खासकर अपने पार्टनर के साथ गपशप करते हैं, उनका रिश्ता बाकी कपल्स के मुकाबले ज्यादा मजबूत होता है। ऐसे कपल्स ज्यादा खुश रहते हैं। रिसर्च में पाया गया कि जो कपल्स औसतन हर दिन करीब 38 मिनट गपशप करते हैं वो काफी खुश रहते हैं। 38 मिनट गपशप का मतलब है किसी भी कपल की रोज की बातचीत का लगभग 14 प्रतिशत हिस्सा। यह गपशप आमतौर पर मजेदार और हल्की-फुल्की होती हैं। इनसे रिश्तों में ताजगी बनी रहती है।
सिर्फ बुराई करना नहीं है गपशप
हमारे समाज में गपशप या गप्पों को अभी भी अच्छा नहीं माना जाता। क्योंकि जब भी कोई गपशप शब्द सुनता है तो सबसे पहले दिमाग में यही आता है कि किसी की बुराई हो रही है। लेकिन असल में गपशप सिर्फ नेगेटिव बातों तक सीमित नहीं है। रिसर्चर्स का कहना है कि गपशप का मतलब है उन लोगों के बारे में बातें करना जो उस वक्त वहां मौजूद नहीं हैं। यह बातें पॉजिटिव भी हो सकती हैं, सामान्य भी और कभी-कभी नेगेटिव भी।
बढ़ता है भरोसा और विश्वास
रिसर्च के अनुसार जब दो लोग साथ बैठकर किसी तीसरे की बातें कर रहे होते हैं तो असल में वे एक टीम की तरह बर्ताव करते हैं। ये बातें आपके अनुभव, मजाक, बुराई या कॉमन आदतों से संबंधित हो सकती हैं। यानी गपशप में कोई एक तरह की ही बातें शामिल हों, ये जरूरी नहीं है। इससे एक-दूसरे पर भरोसा और समझ बढ़ती है। बातें करने से दो लोगों के बीच की दूरियां कम होती हैं।
भावनात्मक जुड़ाव में मददगार
जर्नल ऑफ सोशल एंड पर्सनल रिलेशनशिप्स में प्रकाशित इस रिसर्च के अनुसार गपशप के दौरान लोग जो बातें साझा करते हैं, वे अक्सर एक दूसरे की भावनाओं से जुड़ी होती हैं। जब आप किसी के साथ दिल की बातें करते हैं तो इससे मन को राहत मिलती है और मूड अच्छा हो जाता है। जरूरी नहीं है कि ये बातें आप दोनों तक ही सीमित हों। आप इस दौरान किसी भी शख्स या मुद्दे पर बात कर सकते हैं। यही वजह है कि रिसर्च में गपशप करने वाले कपल्स ज्यादा संतुष्ट और खुश पाए गए।
महिलाओं पर ज्यादा पॉजिटिव असर
इस रिसर्च में एक दिलचस्प बात यह भी सामने आई कि महिलाओं पर गपशप से सबसे ज्यादा पॉजिटिव असर नजर आता है। वे खुद को ज्यादा खुश, संतुष्ट और इमोशनली सिक्योर महसूस करती हैं।
