World Health Day 2023 : हैप्पी लाइफ के लिए हेल्दी लाइफस्टाइल जरूरी है। ऐसा अक्सर कहा जाता है की “पहला सुख निरोगी काया”, या “हेल्थ इज वेल्थ”। अच्छा स्वास्थ्य होने का मतलब है की व्यक्ति फिजिकली, मेंटली, इमोशनली और सोशली फिट है। कोरोना महामारी के दौर ने आम से खास हर व्यक्ति को हेल्थ के लिए जागरूक बनाया है।
संयुक्त राष्ट्र द्वारा संचालित वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाइजेशन (डबल्यूएचओ) सालों से दुनिया भर में बीमारियों, उनके बचाव और हेल्थ से जुड़ी जागरुकता फैलाने का काम करता आया है। इसी कड़ी में, 1950 से हर साल 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाया जा रहा है। डबल्यूएचओ द्वारा इस दिन ढेरों कार्यक्रम और कैंपेन आयोजित कराए जाते हैं। आइए जानते हैं, वर्ल्ड हेल्थ डे से जुड़ी जानकारियां और तथ्यों के बारे में:
विश्व स्वास्थ्य संगठन की स्थापना

- 7 अप्रैल, 1948 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा डबल्यूएचओ की स्थापना की गई थी। इस संगठन का उद्देश्य स्वास्थ्य के अलग अलग पक्षों को उजागर कर, हर देश और व्यक्ति को अच्छी हेल्थ के लिए जागरूक करना है।
- डबल्यूएचओ की स्थापना के दो साल बाद यानी 1950 से वर्ल्ड हेल्थ डे की शुरूवात की गई। ये संगठन पिछले 75 सालों से अलग अलग महामारियों और बीमारियों से बचने और राहत पाने के रास्ते खोजकर लाता रहा है। डबल्यूएचओ ने पोलियो, टीबी, एड्स, कैंसर और कोरोना जैसी कई जानलेवा बीमारियों के बारे में जन जागरुकता बढ़ाई है।
- जागरुकता फैलाने के अलावा लोगों को भ्रामक सूचनाओं और हेल्थ मिथ से बचाने में विश्व स्वास्थ्य संगठन की सक्रिय भूमिका रही है।
- विगत वर्षों में डबल्यूएचओ द्वारा संचालित अनगिनत कार्यक्रम और उनके द्वारा प्रसारित जानकारी हर छोटे बड़े देश के लिए लाभदायक सिद्ध हुई है। कोरोना काल में भी डबल्यूएचओ को स्वास्थ्य संबंधी जानकारी का सबसे सही और विश्वसनीय सोर्स माना गया।
वर्ल्ड हेल्थ डे थीम

- 73 सालों से आयोजित विश्व स्वास्थ्य दिवस हर साल किसी नई थीम के साथ आता है। पिछले साल ये थीम थी “ऑर प्लैनेट, ऑर हेल्थ” जो सस्टेनेबिलिटी और हेल्थ को एक साथ लेकर चलने की बात करती थी।
- इस साल वर्ल्ड हेल्थ डे की थीम है “हेल्थ फॉर ऑल” जिसमें हर व्यक्ति के लिए हेल्थ के हर आयाम को सुलभ बनाने की ओर प्रयास हैं। ऐसे थीम लोगों को बिजी लाइफस्टाइल के बीच अपनी हेल्थ के बारे में सोचने के लिए भी प्रेरित करते हैं।
- सोशल मीडिया पर 7 अप्रैल के दिन हेल्थ से जुड़े मैसेज और हैशटैग्स का चलन बढ़ जाता है। ये लोगों को हेल्थ से जोड़ने और हेल्दी बॉडी के लिए सचेत करने में मददगार साबित होता है।
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विश्व स्वास्थ्य दिवस का उद्देश्य

- अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन विकसित और विकासशील देशों में स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता फैलाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। अक्सर लोग फिजिकल हेल्थ को तवज्जो देते हुए भी मेंटल हेल्थ और हेल्दी लाइफ़स्टाइल के मामलों में पीछे छूट जाते हैं।
- विश्व स्वास्थ्य संगठन के वर्ल्ड हेल्थ डे जैसे कार्यक्रम जन जागरूकता फैलाने का काम सालों से सराहनीय तरीके से करते आ रहे हैं। कोरोना काल के दौरान लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ी है जिससे जन जन तक स्वास्थ्य का संदेश पहुंचाना आसान हो गया है।
- हेल्दी फूड, एक्सरसाइज, अच्छी नींद और नियमित फिजिकल एक्टिविटी हेल्दी रहने की सबसे आसान और कारगर तरीका है। इसके अलावा समय और परिस्थिति के अनुसार बीमारियों से बचाव भी हेल्दी बॉडी के लिए जरुरी है। मेंटल हेल्थ स्वास्थ्य का एक अहम पहलु है। मैंटल हेल्थ अवेयरनेस फैलाना हमेशा से डबल्यूएचओ का मुख्य उद्देश्य रहा है।
