Holy Saturday 2023 : ईस्टर वीक ईसा मसीह के बलिदान से लेकर पुनरुत्थान तक के हर पड़ाव को मनाने का हफ्ता है। होली मंडे से शुरु ये हफ्ता ईस्टर संडे तक चलता है। गुड फ्राइडे को जीसस के बलिदान का दिन माना जाता है, इसी दिन ईसा मसीह को सूली पर चढ़ाया गया था। इसके बाद आता है होली सैटरडे, जिसे ईसा मसीह के पुनरुत्थान की शुरुवात का दिन माना गया है जब वो अपने किले में लौटते हैं।
विश्व भर के अलग अलग ईसाई संगठन और चर्च इसे अलग अलग तरीकों से मनाते हैं। कहीं प्रार्थनाओं से और कहीं शोक के साथ ये दिन मनाया जाता है। ईसा मसीह ईसाई धर्म के फरिश्ते माने गए हैं, करोड़ों लोग जीसस क्राइस्ट को पूजते हैं और उनके आदर्शों पर चलते हैं। आइए जानते हैं, होली सेटरडे और उससे जुड़ी दूसरी रोचक जानकारियां।
Holy Saturday 2023: होली सेटरडे से जुड़े कुछ रोचक तथ्य

- ईसा मसीह ने दुनिया को मानवता का पैगाम दिया था। उन्होंने जीवन भर स्वयं कष्ट सहकर सभी को इंसानियत की प्रेरणा दी। जीवन में ढेरों समस्याओं और दुख दर्द को झेलते हुए भी उन्होंने कभी सच्चाई का रास्ता नहीं छोड़ा।
- उनका जीवन सकारात्मकता और सद्भावना का प्रत्यक्ष स्वरूप जान पड़ता है। जीवन के अंतिम क्षणों में उन्हें सूली पर लटकाया गया था और उस दिन की याद में गुड फ्राइडे मनाया जाता है।
- कई लोग इस दिन व्रत और सात्विक आचरण का पालन करते हैं। होली सेटरडे को लोग अपना व्रत खोलते हैं और प्रभु ईशु के लौटने की प्रार्थना मनाते हैं। ईस्टर संडे के दिन, ईसा मसीह के पुनरुथान का जश्न मनाया जाता है।
- होली सेटरडे को ग्रेट एंड होली सेटरडे, द ग्रेट सब्बाथ, ब्लैक सेटरडे, हल्लेलुजाह सेटरडे, ग्लोरियस सेटरडे, जॉयस सेटरडे, ईस्टर ईव, ईस्टर इवन और सेटरडे ऑफ लाइट के नाम से भी जाना जाता है।
- ईस्टर विजिल जीसस क्राइस्ट के जीवन अंत को मनाने और नवजीवन की प्रेरणा लेने का दिन माना गया है। सालों से दुनिया भर के अलग अलग चर्च इसे पूरे रीति रिवाज से मनाते आ रहे हैं।
- ईसाई प्रधान समाज में इस दिन छुट्टी रहती है और सभी दुकानें भी बंद ही रखी जाती हैं। लोग खुशी और शोक दोनों भावनाओं से इसे मनाते हैं। ईसा मसीह का बलिदान और उनके जीवन के कष्ट, दुख का कारण माने जाते हैं।
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- खुशी का कारण ये मान्यता है की ईसा मसीह धरती पर दोबारा आएंगे और मानव जाति को सत्य और सत्प्रवृत्ति का पाठ पढ़ाएंगे। इन दोनों भावनाओं को अनुभव करने का दिन ही होली सेटरडे है।
- इस दिन को सूर्योदय से पहली रात की तरह समझा जाता है। ये संदेश देता है की अंधेरा कितना ही घना हो, प्रकाश सूरज के रूप में अंधकार के काले बादल छाटकर जरूर उगता है। चर्च में इस दिन ढेरों प्रार्थनाएं की जाती हैं जो जीवन को सकारात्मक दृष्टिकोण देने का काम करती हैं।
- होली सेटरडे के दिन होली फायर जलाना भी एक प्रचलित प्रथा है। कई जगह होली फायर को टीवी पर लाइव ब्रॉडकास्ट भी किया जाता है।
- मान्यता है की होली फायर शुरुवाती 33 मिनट तक किसी को नहीं जलाती है। पुनरूत्थान के लिए ये आग एक संदेश की तरह है की सभी बुराइयों को खत्म कर अब ईसा मसीह दोबारा धरती पर आएंगे और सभी को कृतार्थ करेंगे।
- ईसाई धर्म अनुयायी होली सेटरडे के दिन कई खास प्रेयर करते हैं और ईसा मसीह को याद कर उनको धरती पर बुलाते हैं। प्रार्थना की जाती है की हर व्यक्ति सच्चा मनुष्य बने, साथ ही ईसा सभी को सद्बुद्धि और सद्भावना का आशीर्वाद दें।
