मैं कुछ खट्टी कुछ मीठी कॉलम के ज़रिए इस बार आपको ले चल रही हूं आइस्क्रीम की डिफरेंट फ्लेवर वाली दुनिया में, लेकिन सिर्फ आइस्क्रीम नहीं, बल्कि बात होगी कुल्फी और चुस्की की।

मेरे लिए आइस्क्रीम सिर्फ कभी कभार खाने वाली चीज़ हुआ करती थी जबकि मैं अक्सर उन लोगों को भी देखती थी जो आइस्क्रीम के जबर्दस्त दीवाने हैं।मेरे अंदर आइस्क्रीम को लेकर ऐसी दीवानगी कभी नहीं दिखी। हां, मेरे मन में हमेशा चुस्की और कुल्फी का क्रेज रहा है। वैसे आजकल आइस्क्रीम के लेटेस्ट फ्लेवर की बात करें तो तरह-तरह के फ्रूट्स और ड्राई फ्रूट्स के फ्लेवर लोगों की जबान पर चढ़े हैं। मैं मैंगो आइस्क्रीम फ्लेवर की बात करना चाहूंगी, लेकिन अगर कभी खाना भी हुआ तो ठंडा-ठंडा आम खाना पसंद करती हूं। हालांकि कुछ लोगों के फेवरेट फल में आम का नाम बेहद खास है।

इस गर्मी में दो अलग-अलग ब्रांड के मैंगो फ्लेवर वाली आइस्क्रीम का स्वाद लिया। जायका लाजबाव था। लग रहा था जैसे कि आम के पल्प को ही ठंडा किया गया हो। इस बार मैंगो का ये आइस्क्रीम फ्लेवर मैंगो शेक से ज्यादा पसंद आया। आइस्क्रीम की बात चल रही है तो ऐसे में मैं एक और बात कहना चाहूंगी आइस्क्रीम के दो फ्लेवर बहुत ही कॉमन रहे हैं। वनीला और बटरस्कॉच, जो आज भी लोगों की पसंद हैं पर मेरी नहीं। और आज वनीला, बटरस्कॉच के अलावा ना जाने कितने फ्लेवर धूम मचा रहे हैं। खैर ये तो रही ठंडी-ठंडी आइस्क्रीम की बात। 

अब बात करते हैं कुल्फी की। कुल्फी जो अवधी व्यंजन है और इसके दीवाने भी कम नहीं। इसे पारंपरिक आइस्क्रीम कहें तो शायद गलत नहीं होगा। आइस्क्रीम की तुलना अगर कुल्फी से करें तो यकीनन कुल्फी बाजी मार ले जाएगी क्योंकि कुल्फी आइस्क्रीम की तुलना में ज्यादा गाढ़ी और मलाईदार होती है। इनमें केसर, मेवों का मिश्रण तो कमाल का होता है। अभी भी गलियों में ठेले पर घंटी बजाकर कुल्फी वाले भैया जायकेदार कुल्फी बेचा करते हैं। ये अलग बात है, बात हाइजीन वाली आती है तो कदम रुक जाते हैं। लेकिन सचमुच कुल्फी का जायका लाजबाव होता है। वैसे तो हर लोकल मार्केट में कुल्फी की ठंडक देखी जा सकती है लेकिन अब तो इसका क्रेज मॉल कल्चर में भी बढ़ रहा है।

बड़ी-बड़ी कंपनियां भी कुल्फी की बढ़ती डिमांड की वजह से अलग-अलग तरह कुल्फी पेश कर रही हैं और लोग पसंद भी कर रहे हैं। कुल्फी का एक और नाम भी आपने सुना होगा कुल्फी फालूदा या मटका कुल्फी। बड़े से मटके में जमाई जाने वाली इस कुल्फी और लच्छे के जायके के क्या कहने। ताज्जुब की बात तो ये है कि इतनी स्वादिस्ट कुल्फी को जमाने में नमक की भी भूमिका होती है।

रंगबिरंगे अलग-अलग फलों के स्वाद वाली बर्फ की लॉलीज के डिफरेंट फ्लेवर भी सभी को पसंद आते हैं। अगर बिना दूध मलाई वाली आइस्क्रीम या कुल्फी से मन भर जाए तो ऐसे में बर्फ की ये चुस्की काफी रास आती है। और ये तुरंत ठंडक भी पहुंचाती है। चुस्की में खासतौर पर मुझे काला खट्टï फ्लेवर रास आता है। काला- खट्टा के खट्टे-मीठे स्वाद को बनाने के लिए कुचली बर्फ का इस्तेमाल करके इसे आइस्क्रीम की शक्ल दी जाती है। इसका मजा लेने के लिए आपको यह चुस्की लेनी ही पड़ेगी। लोकल मार्केट में शॉपिंग करते वक्त लोगों का चुस्की को लेकर जो प्रेम है वो तो किसी आइस्क्रीम शॉप पर भी नहीं दिखता।

कुल मिलाकर यही कह सकते हैं कि अगर आइस्क्रीम का जलवा बाजार में सिर चढ़कर बोलता है तो वहीं पारंपरिक कुल्फी और चुस्की का स्वाद भी गर्मी में पीछे नहीं है। मॉल्स में जहां आइस्क्रीम की दीवानगी देखी जा सकती है वहीं स्टाइलिश चुस्की और कुल्फी वाले भी अपना स्टैंडर्ट मेंटेन करते दिख जाते हैं। तो इस बार गर्मी में दोनों के कांबो का मजा यूं ही लेते रहिए।