एक दिन मैं बाजार से अंडे लेकर अपनी ही मस्ती में चली जा रही थी। तभी मेरे पास से निकलते हुए एक लड़के का मुझे धक्का लगा और मेरे हाथ से अंडे की थैली छूटकर नीचे गिर गई और सारे अंडे टूट गए। मैं उस लड़के पर जोर से चिल्लाई, भगवान ने दो-दो आंखें दी है, फिर भी देखकर नहीं चल सकते। तुम्हारे कारण मेरे सारे अंडे टूट गए। तभी मैंने देखा मेरे आसपास खड़े लोग मेरी ओर देखकर हंस रहे हैं। जब मुझे अपनी कही बात समझ में आई तो मैंने वहां से चले जाने में ही अपनी भलाई समझी।