बालों के लिए ही नहीं, सेहत के लिए भी उपयोगी है करी पत्ता: Benefits of Curry Leaves
Benefits of Curry Leaves

Benefits of Curry Leaves: बालों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक महिलाएं करी पत्ते के महत्ता से तो जरूर जानती होंगी। साथ ही इसकी बदौलत अपने खाने में स्वाद और खुशबू का तड़का जरूर लगाती होंगी। क्योंकि करी पत्ता या मीठी नीम ऐसी चीज है, जो न सिर्फ हमारे खाने का स्वाद बढ़ाता, बल्कि इसके औषधीय गुण स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभदायक है। करी पत्ता कई तरह के विटामिन (ए, बी, सी, ई), मिनरल्स (कैल्शियम, फास्फोरस, आयरन)और एमिनो एसिड्स, नायसिन, फ्लोवोनॉयड्स जैसे एंटी ऑक्सीडेंट्स से भरपूर है। प्रोटीन, मिनरल्स, बीटा कैरोटीन, एंटी ऑक्सीडेंट्स और एंटी बैक्टीरियन गुणों में रिच करी पत्ता बालों में लगाने से बालों का झड़ना, असमय सफेद होना, रूखे और बेजान होना, डेंड्रफ जैसी समस्याओं से निजात पाने में करी पत्ता टॉनिक का काम करता है। अपने इन्हीं गुणों की बदौलत आहार में नियमित रूप से करी पत्ते का सेवन जहां कई बीमारियों से बचाव करता है, वहीं बाहरी तौर पर इस्तेमाल खूबसूरती बढ़ाने में भी सहायक है।

हृदय रोगो में कारगर

करी पत्ता रक्त में एचडीएल गुड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ाकर कोलेस्ट्रॉल लेवल में बैलेंस बनाए रखता है। दिल से जुड़ी बीमारियों से दूर रखने में मदद करता है। इसमें मौजूद एंटी ऑक्सीडेंट्स कोलेस्ट्रॉल का ऑक्सीकरण होने से रोक देते हैं जिससे शरीर में एलडीएल बैड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ने से रोकता है। नियमित रूप से भोजन में करी पत्ता खाना फायदेमंद है।

एनीमिया करें दूर

आयरन और फोलिक एसिड से भरपूर करी पत्ता एनीमिया से बचाव में कारगर है। इसके लिए सुबह के समय खाली पेट 2-3 पत्ते खजूर के साथ खाना फायदेमंद है। इससे शरीर में आयरन लेवल बढ़ेगा और एनीमिया की संभावना कम होगी।

ब्लड शूगर को करे कंट्रोल

करी पत्ते में मौजूद फाइबर शरीर में इंसुलिन को कम कर ब्लड शूगर के लेवल को नियंत्रित रखने में सहायक है। डायबिटीज दूर करने के लिए रोजाना सुबह खाली पेट 8-10 करी पत्ते चबा-चबा कर खाएं।

लिवर को रखे स्वस्थ

Liver
Benefits of Curry Leaves for Liver

करी पत्ता खानपान की गलत आदतों और एल्कोहल के अधिक सेवन से कमजोर हुए लिवर को मजबूती प्रदान करता है। इसमें मौजूद विटामिन ए और सी लिवर को सुचारू रूप से चलाने में दवाई का काम करता है। मीठी नीम के काढ़ा नियमित रूप पीना फायदेमंद है।

साइनाइटिस में दे आराम

चेस्ट में होने वाले कफ को दूर करने में करी पत्ता असरदार है। इसमें मौजूद एंटी बैक्टीरियल और एंटी फंगल गुण जमे हुए कफ को बाहर निकालने में मदद करते है। एक चम्मच करी पत्ते के पाउडर को एक चम्मच शहद के साथ मिलाकर दिन में कम से कम दो बार पिएं।

पाचन प्रक्रिया को बनाए सुचारू

एंटी बैक्टीरियल और एंटी इन्फ्लेमेटरी गुणों से भरपूर करी पत्ता पेट से जुड़ी समस्याओं को दूर करने में सहायक है। इसमें मौजूद कार्मिनटिव तत्व कब्ज दूर करने में सहायक है, तो कार्बोजोल पित्त दोष के कारण दस्त या डायरिया में आराम पहुंचाता है। 8-10 करी पत्तों को पीस कर रस निकाल लें उसे छाछ में मिलाकर दिन में 2-3 बार पिएं।

अपच करे दूर

अपच में एंटी बैक्टीरियल गुणों से भरपूर करी पत्ता उपयोगी है। घी को गर्म कर उसमें थोड़ा सा जीरा, करी पत्ता, डेढ चम्मच सौंठ, शहद और पानी मिलाकर उबाल लें और ठंडा होने के बाद पिएं।

मोटापा करे कम

इसमें मौजूद फाइबर शरीर ये विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है जिससे वजन भी कम होता है। इसके लिए रोजाना 8-10 करी पत्ते चबा-चबाकर खाएं।

बालों की समस्याएं करे दूर

करी पत्ता खाएं, भोजन में प्रयोग करें, घूप में सूखे करी पत्ते पीस कर दही मिलाकर बना मास्क स्कैल्प लगाएं, तेल में गर्म करके बालों में लगाएं, पानी में उबालकर पानी बालों में लगाएं। बालों के लिए 10-12 बादाम भिगो दें। सुबह छिलके उतार कर 10-15 करी पत्ते और थोड़ा-सा पानी मिलाकर पेस्ट बना लें। पेस्ट को स्कैल्प पर लगाकर मसाज करें। कुछ देर बाद शैंपू से बाल धो लें।

इसकी सूखी पत्तियों के 3-4 चम्मच पाउडर को ऑलिव या नारियल के तेल में मिलाकर उबाल लें। थोड़ा गुनगुना होने पर छान कर रात में सोने से पहले सिर की मसाज करें, सुबह बाल धो लें।
करी पत्ता चाय पीना भी फायदेमंद है। करी पत्ते को पानी में उबालें। उसमें नींबू और शहद मिलाकर रोजाना कम से कम एक बार पिएं। आहार के साथ करी पत्तों का सेवन करना भी असरदार है। डेंड्रफ के उपचार के लिए करी पत्ते को दूध में मिलाकर बना पेस्ट बालों की जड़ों में लगाएं और 2 घंटे बाद धो लें।

स्किन इंफेक्शन में दे राहत

Skin
Benefits of Curry Leaves for Skin

इसमें मौजूद एंटी ऑक्सीडेंट, एंटी बैक्टीरियल और एंटी फंगल गुण त्वचा में हुए इंफेक्शन को दूर करने में सहायक है। करी पत्ते का फेसपैक लगाने से मुंहासे, रुखापन, दाग-धब्बे, बढ़ती उम्र के प्रभाव झुर्रियां दूर करने में मदद मिलती है। फेसपैक बनाने के लिए करी पत्ते धूप में सुखाकर पीस लें। पाउडर में गुलाबजल, मुल्तानी मिट्टी, थोड़ा सा चंदन, नारियल तेल मिलाकर गाढ़ा पेस्ट बना लें। इस फेसपैक को हल्के हाथों से चेहरे पर लगा। 15-20 मिनट बाद फेसपैक सूखने पर ठंडे पानी से धो लें।

बदहजमी करे दूर

बदहजमी के कारण जी मिचलाने, घबराहट या उल्टी होने की स्थिति में एक-चौथाई कप करी के पत्तों का रस, आधा नींबू का रस और एक चुटकी चीनी मिलाकर पीने से आराम मिलेगा।

बवासीर में फायदेमंद

ठंडी तासीर वाला करी पत्ता बवासीर में आराम पहुंचाता है। इसके 8-10 पत्ते एक-चौथाई कप पानी के साथ पीसें। पानी छान कर पिएं।

पीरियड्स के दर्द में दे आराम

एंटी ऑक्सीडेंट और एंटी इन्फ्लेमेटरी गुणों से भरपूर करी पत्ते महिलाओं को पीरियड्स के दर्द से राहत दिलाने में मदद करता है। करी पत्ते को सुखाकर बने पाउडर का एक छोटा चम्मच दिन में दो बार गुनगुने पानी के साथ लें।

( डॉ पूर्णिमा सिद्धांत, आयुर्वेद क्लीनिक, दिल्ली )