रंगपंचमी की गेर में पहुंचे छह लाख लोग, यूनिस्को की विश्व धरोहर की सूची में शामिल करने का प्रयास: Indore Rangpanchami
Indore Rangpanchami 2023

पूरे परिवार के साथ पहुंचते हैं इस गेर में शामिल होंने

गेर की यह परंपरा होलकर वंश के समय से चल रही है।

Indore Rangpanchami: मध्‍यप्रदेश के इंदौर शहर की रंगपंचमी दुनिया भर में प्रसिद्ध है। होली के पांच दिन बाद आयोजित रंगपंचमी पर निकली गेर यानी जुलूस इस बार भी हर साल की तरह धूमधाम से मनाया गया। गेर में छह लाख से अधिक लोग शामिल हुए। पिचकारी, वॉटर टैंकर, मोटर पम्प यानी मिसाइलों से करीब 100 से 200 फीट ऊंचाई तक हजारों किलो गुलाल और रंगों की बौछार की गई। शहर के अलग-अलग हिस्सों से गेर निकाली जाती है और फिर भी राजवाड़ा में एकत्रित होकर रंगोत्सव मनाते हैं। इंदौर की गेर को यूनेस्को की विश्व धरोहर की सूची में शामिल करने के प्रयास किए जा रहे हैं।

गेर की यह परंपरा होलकर वंश के समय से चल रही है। रंगपंचमी के दिन होलकर राजवंश के लोग आम जनता के साथ होली खेलने के लिए निकलते थे। उनका उद्देश्य ऊंच-नीच की भावना को मिटाना और मिलजुलकर इस पर्व को मनाना था। राजवंश की यह परंपरा आज भी कायम रखी गई।

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सोनल शर्मा एक अनुभवी कंटेंट राइटर और पत्रकार हैं, जिन्हें डिजिटल मीडिया, प्रिंट और पीआर में 20 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने दैनिक भास्कर, पत्रिका, नईदुनिया-जागरण, टाइम्स ऑफ इंडिया और द हितवाद जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम किया...