Summary: सोनी सब पेश करता है ‘हुई गुम यादें’ – एकता कौल लाएंगी भावनाओं की गहराई
सोनी सब का नया मेडिकल ड्रामा ‘हुई गुम यादें - एक डॉक्टर, दो ज़िंदगियां’ मशहूर इटैलियन सीरीज़ DOC का इंडियन अडैप्टेशन है।
एकता कौल सृष्टि के रोल में नजर आएंगी, जो डॉक्टर देव की एक्स-वाइफ हैं और कहानी में भावनात्मक गहराई लाती हैं।
Hui Gumm Yaadein: भारत के लोकप्रिय मनोरंजन चैनल सोनी सब पर जल्द ही नया मेडिकल ड्रामा ‘हुई गुम यादें – एक डॉक्टर, दो ज़िंदगियां’ आने वाला है। यह शो मशहूर इटैलियन सीरीज़ DOC का इंडियन अडैप्टेशन है। कहानी डॉक्टर देव (इकबाल खान) की है, जो एक एक्सीडेंट के बाद अपनी आठ साल पुरानी याददाश्त खो बैठता है और अपनी दुनिया को फिर से गढ़ने लगता है।
इस कहानी में भावनात्मक गहराई लाती हैं टैलेंटेड अभिनेत्री एकता कौल, जो सृष्टि का अहम किरदार निभा रही हैं। सृष्टि एक समझदार और मजबूत महिला हैं, जो कभी खुद डॉक्टर थीं, लेकिन अपने बच्चों की परवरिश के लिए मेडिसिन छोड़कर उस हॉस्पिटल की एडमिनिस्ट्रेटिव ज़िम्मेदारियाँ संभालती हैं जहाँ देव काम करते हैं।
सृष्टि को लगता था कि उनकी शादी टूटने की वजह देव की पर्सनैलिटी में बदलाव, उसके कड़वे स्वभाव और उनके बेटे ध्रुव की दुखद मौत के बाद उसके घमंड से जुड़ी थी। लेकिन देव की याददाश्त खोने के बाद, सृष्टि को देव का नया रूप देखने को मिलता है कोमल, समर्पित और फिर से उससे प्यार करने वाला जो पुराने ज़ख्मों और प्यार के दूसरे मौके के बीच एक गहरी अंदरूनी लड़ाई पैदा करता है।
हमने सृष्टि का किरदार निभाने वाली एकता कौल से टेलीफोनिक इंटरव्यू भी लिया, जिसमें उन्होंने अपने रोल और शो के बारे में अपने अनुभव साझा किए।
कहानी और किरदार ने खींचा ध्यान
शो की कहानी ने मुझे तुरंत आकर्षित किया। स्क्रिप्ट सुनते ही लगा कि इसमें कुछ अलग और सच्चा है। मेरा किरदार भी काफी स्ट्रॉन्ग है, जिसमें इमोशंस और ग्रोथ दोनों हैं। मुझे लगा कि इस किरदार के ज़रिए कुछ नया करने और खुद को एक्सप्लोर करने का मौका मिलेगा, इसलिए मैंने हाँ कहने में ज़्यादा देर नहीं की।
लेयर्ड और बैलेंस्ड किरदार
सृष्टि का कैरेक्टर बहुत लेयर्ड है। वह जितनी इमोशनल है, उतनी ही प्रैक्टिकल भी है। घर, परिवार और काम के बीच वह खूबसूरती से संतुलन बनाकर चलती है। यही पहलू इस किरदार को खास बनाता है और इसे निभाने में मुझे वाकई बहुत मज़ा आएगा। असल में कोई बड़ा चैलेंज नहीं था, क्योंकि सृष्टि का किरदार काफी रिलेटेबल है। उसकी सोच, भावनाएं और ज़िंदगी के फैसले आज की कई लड़कियों से जुड़े हुए हैं, इसलिए उसे निभाना नेचुरल लगा। सृष्टि का कैरेक्टर बेहद बैलेंस्ड है। जब वह घर पर रहती है तो वहां की जिम्मेदारियों को अच्छे से संभालती है, और हॉस्पिटल में अपने प्रोफेशनल रोल को भी उतनी ही निपुणता से मैनेज करती है। यही संतुलन इस किरदार को खास बनाता है।
डॉक्टर्स की ज़िंदगी का मानवीय पहलू
यह शो सिर्फ़ एक मेडिकल ड्रामा नहीं है, बल्कि डॉक्टर्स की पर्सनल ज़िंदगियों को भी खूबसूरती से दिखाता है। मेडिकल केस के साथ-साथ इमोशनल एंगल भी बहुत मज़बूत है, इसलिए दोनों के बीच बैलेंस बनाना एक बहुत अच्छा और रिच एक्सपीरियंस रहा।
‘दूसरे मौके’ का असली मतलब
शो में ‘दूसरे मौके’ का कॉन्सेप्ट बहुत गहराई से दिखाया गया है। मेन कैरेक्टर की याद्दाश्त चले जाने के बाद हालात को एक ‘दूसरे मौके’ के रूप में देखा जाता है। एकता के मुताबिक ज़िंदगी में हर चीज़ को दूसरा मौका नहीं दिया जा सकता, लेकिन जहाँ सच में लगता है कि कोई रिश्ता या फैसला उस मौके के लायक है, वहाँ उसे ज़रूर मिलना चाहिए। दूसरे मौके के अपने चैलेंजेस होते हैं, लेकिन उनसे सीखकर आगे बढ़ना ही इस कहानी का असली मैसेज है।
सह-कलाकारों के साथ शानदार अनुभव
इकबाल खान और बाकी कलाकारों के साथ काम करने का अनुभव बहुत अच्छा रहा। अभी हमने सिर्फ़ एक ही दिन शूट किया है, लेकिन सभी काफी प्रिपेयर्ड हैं और सेट पर एक अलग ही एक्साइटमेंट महसूस होती है। उनके साथ काम करना वाकई उत्साह से भरा रहा।
