Stress Effects Sexual Health: तनाव हमारे जीवन का एक स्वाभाविक हिस्सा है। सकारात्मक तनाव हमें चुनौतियों और खतरों से निपटने की प्रेरणा देता है लेकिन क्रोनिक तनाव शरीर को नकारात्मक रूप से प्रभावित करता है। खासकर महिलाओं को होने वाला तनाव उनकी सेक्सुअल और रिप्रोडक्टिव हेल्थ को प्रभावित कर सकता है। तनाव की वजह से हार्मोनल इंबैलेंस होता है जिससे महिलाएं की सेक्स के प्रति रूचि लगभग शून्य हो जाती है। इसके अलावा उनकी सेक्सुअल डिजायर में भी कमी आ जाती है। तनाव महिलाओं की सेक्सुअल लाइफ को कैसे प्रभावित कर रहा है और इससे कैसे छुटकारा पाया जा सकता है चलिए जानते हैं इसके बारे में।
क्या है महिलाओं में तनाव का कारण

महिलाओं और पुरुषों दोनों को तनाव होता है लेकिन पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं को अधिक तनाव होता है। एक स्टडी के अनुसार महिलाओं को पुरुषों के मुकाबले 50 प्रतिशत अधिक तनाव होता है।
हार्मोनल कारण: महिलाओं को उम्र के साथ कई तरह के बदलावों का सामना करना पड़ता है। विशेष रूप से पीरियड्स, प्रेग्नेंसी, मनोपॉज और मूड स्विंग्स महिलाओं के तनाव के स्तर को बढ़ाने का कारण बन सकते हैं।
मानसिक कारण: महिलाएं हर काम को बखूबी निभाना चाहती हैं फिर चाहे वह ऑफिस की जिम्मेदारी हो, बच्चों की परवरिश हो या फिर घर के काम। महिलाएं एक ही दिन में मल्टीपल वर्क करती हैं जिस वजह से उनका मानसिक तनाव बढ़ जाता है। जिसका असर उनकी सेक्सुअल लाइफ पर भी पड़ता है।
शारीरिक कारण: उम्र के साथ शारीरिक थकान होना स्वाभाविक है। घर और ऑफिस की भागदौड़ में महिलाओं को आराम करने का मौका नहीं मिल पाता, जिस वजह से उनका तनाव का स्तर बढ़ने लगता है।
माहौल का असर: कई बार महिलाएं एक ही माहौल में रहकर ऊब जाती हैं। जिसका असर उनकी मानसिक स्थिति पर पड़ता है। इसलिए महिलाओं को घर के बाहर निकलना चाहिए साथ ही घर में छोटे-मोटे बदलाव करते रहना चाहिए ताकि उन्हें नएपन का अहसास हो।
नींद में कमी: नींद की कमी होना तनाव का सबसे बड़ा कारण है। मानसिक और शारीरिक थकान को कम करने के लिए पर्याप्त नींद बेहद जरूरी होती है।
महिलाओं में तनाव के लक्षण
– सिर दर्द
– अधिक गुस्सा आना
– दिमाग पर असर
– चीजें भूलना
– नींद न आना
– एकाग्रता की कमी
– चिड़चिड़ापन
– थकान
– चक्कर
महिलाएं ऐसे करें तनाव को मैनेज

लें पर्याप्त नींद: तनाव को कम करने के लिए 7-8 घंटे की पर्याप्त नींद लेना आवश्यक है। इसलिए कोशिश करें कि रात में साउंड स्लीप लें।
एक्सरसाइज: तनाव को मैनेज करने के लिए फिजिकली एक्टिव रहना बेहद जरूरी होता है। इसके लिए आप वॉक, एक्सरसाइज, जिम, स्वीमिंग और योगा का सहारा ले सकते हैं। आपको नियमित रूप से प्रतिदिन 40 मिनट एक्सरसाइज करनी चाहिए।
बात करें: महिलाएं जब अकेले तनाव झेलती रहती हैं तो उन्हें एंग्जाइटी अटैक आने की संभावना बढ़ जाती है। ऐसी स्थिति में जरूरी है कि वह अपनी परेशानियां अपने पार्टनर या दोस्त के साथ शेयर करें। उनसे बात करें।
पसंदीदा काम करें: तनाव को कम करने के लिए आप अपनी हॉबी को आगे बढ़ा सकते हैं। यदि आपको नई-नई डिश बनाने का शौक है तो आप वह बना सकते हैं। अपनी पसंदीदा बुक पढ़ सकते हैं या कोई खेल में पार्टिसिपेट कर सकते हैं।
