बच्चों के साथ प्रॉमिस निभाना है जरूरी
अगर पेरेंट्स अपने बच्चों को प्रॉमिस निभाना सिखाना चाहते हैं तो पहले उन्हें खुद भी अपने बच्चों के साथ किए गए सभी प्रॉमिस को पूरा करना चाहिए ताकि उनका बच्चा उन्हें देखकर प्रॉमिस निभाना सीख सके।
Keeping Promises to Your Children: आज भी अधिकांश घरों में ऐसा देखा जाता है कि पेरेंट्स कभी खुद में कोई बदलाव नहीं करते हैं। वे हमेशा बस यही चाहते हैं कि उनका बच्चा अच्छी-अच्छी चीजें सीखे और उनकी हर बात माने। साथ ही बच्चा जब भी उनसे कोई प्रॉमिस करे तो अपने प्रॉमिस को पूरा जरूर करें। अगर बच्चा ऐसा नहीं करता है तो उसके साथ सख्ती दिखाने लगते हैं, जोकि अच्छी पेरेंटिंग के लिए बिलकुल भी सही नहीं होता है। बच्चों के साथ सख्ती से पेश आने से बच्चे जिद्दी बन जाते हैं और पेरेंट्स की बात सुनना बंद कर देते हैं। अगर पेरेंट्स अपने बच्चों को प्रॉमिस निभाना सिखाना चाहते हैं तो पहले उन्हें खुद भी अपने बच्चों के साथ किए गए सभी प्रॉमिस को पूरा करना चाहिए ताकि उनका बच्चा उन्हें देखकर प्रॉमिस निभाना सीख सके।
बच्चों का विश्वास जीतने के लिए

अगर आप अपने बच्चों का विश्वास जितना चाहती हैं तो आप उनके साथ जो भी प्रॉमिस करती हैं, उसे जरूर निभाएं। अगर आप केवल बच्चों को शांत कराने के लिए या उनकी किसी जिद से ध्यान भटकाने के लिए प्रॉमिस करती हैं तो ऐसा करना बंद कर दें, क्योंकि आपके ऐसा करने के बाद जब आप अपना प्रॉमिस पूरा नहीं करती हैं तो आप अपने बच्चों का विश्वास खो देती हैं और धीरे-धीरे उन्हें समझ में आने लगता है कि आप उन्हें केवल बेवकूफ बनाती हैं। इसलिए जो भी प्रॉमिस करें उसे पूरा जरूर करें।
बच्चों को प्रॉमिस का मतलब समझाने के लिए

आप चाहती हैं कि आपके बच्चे प्रॉमिस का मतलब अच्छे से सीख व समझ सकें तो आप पहले उनके साथ किए हुए अपने सभी प्रॉमिस को पूरा करें। जब वे आपको ऐसा करते देखेंगे तो खुद से ही प्रॉमिस निभाना सीख जाएंगे।
बच्चों के साथ बातचीत करने के लिए

बच्चों के साथ बातचीत करने के लिए भी पेरेंट्स को अपना प्रॉमिस पूरा करना जरुरी होता है। ऐसा करने से बच्चे पेरेंट्स के साथ बात करना और उनके साथ समय बिताना पसंद करते हैं। इसलिए अगर आप चाहती हैं कि आपके बच्चे दिल खोलकर अपनी बातें आपसे शेयर करें और आपसे खूब सारी बातें करें तो आप उनके साथ अपना प्रॉमिस जरूर पूरा करें।
बच्चों को खुश रखने के लिए

कभी-कभी बच्चों को खुश रखने के लिए भी प्रॉमिस निभाना जरूरी होता है। जब आप उनसे किया हुआ कोई प्रॉमिस निभाती हैं तो उन्हें बहुत खुशी होती है और उनके चेहरे पर एक प्यारी सी मुस्कान आ जाती है। साथ ही उन्हें ऐसा भी लगता है कि आप उन्हें प्यार करती हैं और वे आपके लिए खास हैं।
बच्चों में सकारात्मक सोच विकसित करने के लिए

बच्चों में सकारात्मक सोच विकसित करने के लिए यह बहुत जरूरी है कि आप उनके साथ प्रॉमिस करें और समय से अपने प्रॉमिस को पूरा करें। ऐसा करने से बच्चों में सकारात्मक सोच विकसित होता है और वे एक बेहतर इंसान बन पाते हैं। वे किसी भी परिस्थिति से घबराते नहीं हैं और ना ही खुद को कमजोर समझते हैं।
