Holi with Lunar Eclipse: साल का पहला चंद्र ग्रहण 25 मार्च को लगने जा रहा है जिस दिन साल का सबसे बड़ा त्योहार होली भी है। होली हिंदू धर्म का महत्वपूर्ण और अहम त्योहार माना जाता है। वैसे तो ये एक खगोलिय घटना है लेकिन ऐसी मान्यता है कि पूर्णिमा की रात राहु और केतु चंद्रमा को निगलने की कोशिश करते हैं जिस वजह से चंद्रमा पर ग्रहण लगता है। हालांकि होली पर ग्रहण का असर नहीं पड़ेगा लेकिन फिर भी कुछ महत्वपूर्ण नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए। होलिका दहन और रंगोत्सव में रंग खेलने पर किसी भी तरह का कोई प्रतिबंध नहीं है। हालांकि ग्रहण के दौरान कुछ नकारात्मक शक्तियां भी प्रबल हो जाती हैं जिससे कई चीजें प्रभावित हो सकती हैं। इसलिए इस दौरान सावधानियां बरतना आवश्यक होता है। तो चलिए जानते हैं सूतक के दौरान किन चीजों को करने से बचना चाहिए और किन चीजों को अपनाना जा सकता है।
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क्या है चंद्र ग्रहण

चंद्र ग्रहण तब होता है जब चंद्रमा की छाया पृथ्वी के लाइटर पार्ट से होकर गुजरती है और चंद्रमा पर पड़ने वाली सूर्य की रोशनी आंशिक रूप से कटी हुई प्रतीत होती है। हालांकि इस दौरान चंद्रमा दिखाई देता है लेकिन इसकी चमक सामान्य से हल्की होती है।
कितने बजे से शुरू होगा चंद्र ग्रहण
इस साल का पहला चंद्र ग्रहण 25 मार्च को लगने वाला है। इस बार का चंद्र ग्रहण उपछाया चंद्र ग्रहण है जो भारत में नहीं देखा जा सकेगा। ये 25 मार्च को सुबह 10 बजकर 23 मिनट से शुरू होकर दोपहर 3 बजकर 2 मिनट तक रहेगा।
कितने घंटे रहेगा सूतक काल
चंद्र ग्रहण 25 मार्च को सुबह 10 बजकर 23 मिनट से दोपहर 3 बजकर 02 मिनट तक रहेगा। हालांकि ये ग्रहण भारत को प्रभावित नहीं कर रहा है इसलिए इस दौरान कोई भी गतिविधि प्रतिबंधित नहीं रहेगी। चंद्र ग्रहण आयरलैंड, बेल्जियम, स्पेन, इंग्लैंड, दक्षिण नॉर्वे, इटली, पुर्तगाल, रूस, जर्मनी, संयुक्त राज्य अमेरिका, जापान, स्विट्जरलैंड, नीदरलैंड और फ्रांस के कुछ हिस्सों में दिखाई देगा।
होली में नहीं पड़ेगा भंग

वैसे तो चंद्र ग्रहण का सूतक काल ग्रहण के समय से 9 घंटे पूर्व ही प्रारंभ हो जाता है। लेकिन ये चंद्र ग्रहण उपछाया चंद्र ग्रहण है जिसका प्रभाव भारत में नहीं पड़ेगा। यही वजह है कि भारत में सूतक काल मान्य नहीं होगा। इससे कोई भी अनुष्ठान प्रभावित नहीं होंगे। होली की रस्में और पूजा मुहूर्त के दौरान किसी भी रुकावट के बिना त्योहार का आनंद लिया जा सकता है।
होली का शुभ मुहूर्त
होली की तारीख को लेकर हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी कंफ्यूजन बना हुआ है। हिंदु पचांग के अनुसार इस साल फाल्गुन पूर्णिमा तिथि 24 मार्च को सुबह 9 बजकर 54 मिनट से प्रारंभ होकर 25 मार्च को दोपहर 12 बजकर 29 मिनट तक रहेगी। होलिका दहन 24 मार्च को होगा और 25 मार्च को रंगोत्सव मनाया जाएगा। होलिका दहन का मुहूर्त शाम 6 बजकर 33 मिनट से 7 बजकर 53 मिनट तक भद्रा पुंछ में रहेगा। इसके अलावा दूसरा मुहूर्त रात 11 बजकर 12 मिनट से लेकर 12 बजकर 7 मिनट तक रहेगा।
