अगर आपको कभी वेजिनल इंफेक्शन हुआ है तो केवल आप ही जान सकती हैं की यह कितना दर्दनाक होता है और इसके दौरान आप कैसी स्थिति से गुजरती हैं। इसलिए हर महिला इस प्रकार के इंफेक्शन से कोसों दूर रहना चाहेगी। एंटी बायोटिक्स के द्वारा इस प्रकार के इंफेक्शन को आसानी से ठीक किया जा सकता है लेकिन उपचार से बेहतर बचाव होता है इसलिए आपको पहले अपनी हाइजीन का ध्यान रखना चाहिए और आज के आर्टिकल में बताए गए एक्सपर्ट्स द्वारा सुझाए टिप्स का प्रयोग करना चाहिए जो आपको वेजिनल या यूटीआई से बचा सकते हैं। आइए जानते हैं इन टिप्स के बारे में और इनके द्वारा बार बार होने वाली खुजली, बर्निंग होना और बहुत से दर्दनाक लक्षणों को आप टाटा बोल सकती हैं।

कारण

यूरिन इन्फेक्शन (Urine Infection) कई कारणों से हो सकता है. जानिए यूटीआई होने के प्रमुख कारण (Causes Of UTI).

 जब बैक्टीरिया आपके Urethra या Vulva में पहुंच जाए.

सेक्स के दौरान जब कुछ कीटाणु  Urethra में चले जाएं.

पब्लिक या गंदा टॉयलेट इस्तेमाल करने पर इन्फेक्शन हो सकता है.

Genitals को गंदे हाथों से छूने पर

जब टॉयलेट वाले गंदे पानी के छींटें आप तक आ जाएं.

अधिक से अधिक पानी पिएं: यूटीआई से बचने का सबसे आसान तरीका है बैक्टेरिया का आपके ब्लैडर में सेट होने से पहले ही फ्लश हो जाना और ऐसा करने के लिए आपको पानी पीने की आवश्यकता होती है और आप वेजिनल इंफेक्शन से बच सकती हैं। अगर आप अपने आप को अच्छे से हाइड्रेट करके रखती हैं तो आप काफी बार यूरीनेट करती हैं जिस कारण सारे बैक्टीरिया बाहर निकल जाते हैं।

फ्रंट से बैक की ओर वाइप करें: बैक्टेरिया आम तौर पर एनस के आस पास रहते हैं और अगर आप एक बाउल मूवमेंट के बाद फ्रंट से बैक की ओर वाइप करती हैं तो इससे बैक्टेरिया वेजाइना तक नहीं पहुंच पाएंगे और आपको वेजिनल इंफेक्शन होने के चांस बहुत कम हो जायेंगे।

बाथ की बजाए शावर लें: अगर आप ऐसे ही नहा लेती हैं और साबुन या किसी अन्य केमिकल प्रोडक्ट का प्रयोग करती हैं तो वह वेजिनल एरिया तक पहुंच सकते है और उसमें इरिटेशन और इंफेक्शन का कारण बन सकते हैं। इससे आपकी वेजाइना का pH बैलेंस संतुलित नहीं रहता है। अगर आप शावर लेती हैं तो इसके कारण ऐसा कुछ नहीं होता है। आप एक टारगेट पार्ट को वाश कर सकती हैं ताकि साबुन वगैरा का एक्सपोजर वेजिनल एरिया पर न पड़े।

सुगंध वाली चीजों का प्रयोग न करें: आपको नहाने के लिए और खास कर प्राइवेट एरिया के आस पास प्रयोग करने के लिए बहुत ही माइल्ड साबुन का प्रयोग करना चाहिए। अगर आप बहुत कठोर या सुगंध वाले उत्पादों का प्रयोग करती हैं तो इससे आपके वेजिनल टिश्यू इरिटेट हो सकते है। केवल साबुन ही नहीं बल्कि हाइजीन स्प्रे, बाथ ऑयल और सेंट युक्त पैड आदि का भी प्रयोग न करें।

गेहूं और मिसरी करती है फायदा:यदि आप यूटीआई की दिक्कत से पीड़ित हैं तो रात को सोने से पहले एक मुट्ठी गेंहू को पानी में भिगो कर रख दें। सुबह उठकर इस पानी को छानकर उसमें मिसरी मिलाकर सेवन करें।

बादाम, इलायची और मिसरी का घोल: बादाम, छोटी इलायची और मिसरी को आपस में मिलाकर पीसकर पानी के घोल में पीना चाहिए। इससे टॉइलट में दर्द और जलन में फायदा होता है।

आंवला और इलायची को पानी के साथ पिएं: यूटाआई की समस्या में आंवले के चूर्ण में इलायची मिलाकर पानी के साथ पीएं। इससे टॉइलट में जलन कम होती है।

सेबका सिरका: सेब तो सेहत के लिए फायदेमंद होता ही है, इसका सिरका भी कई तरह से सेहत के लिए फायदेमंद होता है। एक चम्मच गुनगुने पानी में दो चम्मच सिरका डालें और इसमें शहद मिलाकर उसका सेवन करें। इससे यूरिन इंफेक्शन में फायदा मिलता है।

सिट्रिक एसिड युक्त फल-सब्जी खाएं- यूटीआई की समस्या होने पर अधिक सिट्रिक एसिड की मात्रा वाले सब्जी और फल का सेवन करना चाहिए। इन फल और सब्जी में पाया जाने वाला सिट्रिक एसिड इंफैक्शन बनाने वाले बैक्टीरिया को खत्म कर देता है।

प्रो बायोटिक्स का प्रयोग करें: अगर आप खाने की चीजों में प्रो बायोटिक्स का सेवन करती हैं तो आपका डाइजेस्टिव फ्लोरा स्वस्थ रहता है जिस कारण आपकी वेजाइना की सेहत अच्छी बनी रहती है। आप दही का या किसी न्यूट्रीशनल सप्लीमेंट का सेवन कर सकती हैं।

कॉटन के अंडर वियर पहनें :अगर आप सिंथेटिक फाइबर वाले अंडर वियर पहनती हैं तो इससे मॉइश्चर क्रिएट होता है जिससे इंफेक्शन होने का खतरा बढ़ जाता है इसलिए ऐसा बिलकुल भी न करें। अगर आपको यूटीआई होने का खतरा है तो आपको हमेशा सही साइज के और कॉटन फैब्रिक वाले अंडर वियर ही पहनने चाहिए। रात में आप लूज फिटिंग बॉक्सर्स पहन सकती हैं।

यूटीआई से बचने के लिए किन चीजों को अवॉइड करना चाहिए? 

  • अगर आपको लग रहा है की आप वेजिनल इंफेक्शन से बहुत जल्दी ग्रस्त हो जाती हैं तो आपको कैफ़ीन से युक्त कॉफी या सोडा का सेवन नहीं करना चाहिए और इसके साथ ही आपको अल्कोहल, अधिक तीखा या खट्टा खाना भी अवॉइड करना चाहिए।
  • अगर यूटीआई हो जाता है तो डॉक्टर के पास जाने में देरी न करें।
  • अपने अंदर हाइड्रेशन की कमी न होने दें क्योंकि यह भी यूटीआई होने का एक मुख्य कारण होता है।
  • अधिक लंबे समय तक यूरिनेशन न करने को अवॉइड करें।

निष्कर्ष

अगर इन सभी टिप्स को आप अपनाती हैं तो यूटीआई होने के चांस बहुत कम हो जाते हैं लेकिन अगर फिर भी हो जाता है तो डॉक्टर के पास जाने में देरी न करें और दवाइयों का सेवन करें।

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