Calcium Rich Foods: केवल बड़ों के लिए ही नहीं बल्कि बच्चों के लिए भी कैल्शियम रिच डाइट उतनी ही जरूरी है। बच्चों के लिए दातों के विकास और हड्डियों की ग्रोथ के लिए शरीर में कैल्शियम का भरपूर मात्रा में होना बहुत आवश्यक है। ऐसे में माता-पिता अक्सर अपने बच्चों के पोषण के बारे में परेशान रहते हैं, क्योंकि बचपन में ही बॉडी की ग्रोथ सबसे तेज होती है। जिन बच्चों में कैल्शियम की कमी पाई जाती है। उनके दांत और हड्डियां भी कमजोर हो सकते हैं। ऐसे में कई बार भविष्य में जाकर फ्रैक्चर या ऑस्टियोपोरोसिस जैसी समस्याओं का सामना भी करना पड़ सकता है। कुछ तरकीबों को अपनाकर आप अपने बच्चों के खाने में ज्यादा से ज्यादा कैल्शियम को ऐड कर सकते हैं। आप उनके टिफिन में भी कैल्शियम से भरपूर चीजों को देने के लिए कुछ आसान तरीकों को फॉलो कर सकते हैं।
आजमाएं प्रोटीन और कैल्शियम का कॉम्बो

काला चना, चना, सोयाबीन और दालों में प्रोटीन, फाइबर और आयरन के साथ-साथ भरपूर मात्रा में कैल्शियम होता है। आप इनको बच्चों की डाइट में जरूर शामिल करना चाहिए। अगर आपके बच्चे इन चीजों को खाना पसंद नहीं करते तो आप इनकी अलग-अलग रेसिपी ट्राई करें, जो आपके बच्चे को पसंद आए।
अंडा और मछली
अगर आपका बच्चा नॉन वेजिटेरियन है तो आप सुपर फूड्स के रूप में अंडा और सामन सार्डिन जैसी मछली को खिलाना ना भूलें। इसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड होता है। वहीं अंडा भी कैल्शियम का बेहतरीन स्रोत है। इसमें विटामिन डी भी पाया जाता है, जो कैल्शियम को ऑब्जर्व करने में मदद करता है।
दही का सेवन
दही स्वादिष्ट होने के साथ-साथ कैल्शियम से भरपूर होती है। इसे आप आसानी से अपने बच्चों को खिला सकते हैं। अगर आपके बच्चे को दही खाना पसंद नहीं तो आप इसे अलग-अलग रेसिपी के रूप में ट्राई करके खिलाएं। इस तरह आपके बच्चे को दही की अच्छाइयां भी मिल पाएंगे, जिससे शरीर को प्रोबायोटिक्स, प्रोटीन और कैल्शियम आसानी से मिल पाएगा। दही खाने से आपके बच्चे का पाचन तंत्र भी बेहतर होगा।
प्लांट बेस्ड मिल्क
जो बच्चे डेयरी प्रोडक्ट लेना पसंद नहीं करते, ऐसे बच्चों को सोया मिल्क, बादाम मिल्क या जई का दूध पिला सकते हैं, जो प्लांट बेस्ड मिल्क के बेहतरीन ऑप्शन हैं। इनमें अधिक मात्रा में कैल्शियम होता है। अगर आप इसे अपने बच्चों का पसंदीदा फ़ूड बनाना चाहते हैं तो इसके लिए सब्जी और फलों में मिलाकर स्मूदी के रूप में जरूर ट्राई करें।
टोफू और पनीर

टोफू और पनीर शाकाहारियों के लिए सबसे अच्छा ऑप्शन है। अगर आपका बच्चा मछली अंडा जैसी चीजें खाना पसंद नहीं करता तो आप उसे पनीर जरूर खिलाएं। यह खाने में ही केवल टेस्टी नहीं होता बल्कि इसमें काफी मात्रा में प्रोटीन, फास्फोरस और कैल्शियम पाया जाता है। लगभग 100 ग्राम पनीर में 208 मिलीग्राम कैल्शियम मौजूद होता है और टोफू भी एक अच्छा वेगन सोर्स है।
पत्तेदार साग
पालक, सरसों, मेथी और बथुआ जैसे पत्तेदार साग में आयरन, फाइबर और कैल्शियम प्रचुर मात्रा में होता है। इसे रोजाना अपने बच्चों की थाली में जरूर शामिल करें। अगर आपका बच्चा साग खाने में नखरा दिखाता है तो आप इसे पराठे, दाल या अन्य तरह की रेसिपी में इस्तेमाल करके खिला सकते हैं। वही सैंडविच या रैप की तरह भी इसका इस्तेमाल किया जा सकता है।
