Back Beauty: खूबसूरत से खूबसूरत चेहरा भी उस वक्त फीका पड़ जाता है, जब बैकलेस ड्रैस से मैली-मुर्झाई पीठ दिखने लगे। ब्यूटी की फील्ड में कितनी ज़रूरी है बैक ब्यूटी भी, आइए जानें कुछ इस बारे में भी-
गर्मियों की शुरुआत के साथ ही आपने अपने वॉर्डरोब से अपनी फैवरिट समरी ड्रैसेज़ निकाल ली होंगी। कटस्लीव्स, डीपनेक, डीपबैक, बैकलेस वगैरह, न जाने कितनी ही तरह की स्टाइलिश ड्रैसेज़। फिर इस तरह की ड्रैसेज़ ट्रैंडी भी तो हैं, मगर ज़रा रुकिए। अगर आप डीपबैक या फिर बैकलेस ड्रैस पहनने का प्लान कर रही हैं तो एक बार अपनी पीठ ज़रूर देख लें। क्या हुआ? नहीं देख पाईं न? पीठ दिखती कम है, इसलिए निखरती भी कम है।
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सर्दियों की डलनेस
दरअसल ऐसा ही कुछ अधिकांश महिलाओं के साथ होता है कि वे अपने चेहरे, हाथ-पैरों की स$फाई पर तो पूरा ध्यान देती हैं, मगर पीठ की क्लीनिंग को इग्नोर कर देती हैं। $खासतौर पर सर्दियों में पूरे समय स्वेटर से ढके रहने के चलते पीठ और भी उपेक्षित होती रहती है। इस मौसम में तो त्वचा वैसे ही का$फी रूखी-सूखी रहती है, जिसे नैरेश करने के लिए लगातार प्रॉपर मॉश्चराइज़ करते रहना बहुत ज़रूरी होता है। ऐसा न होने पर पीठ पर मैल से काले धब्बे और स्पॉट्स भी नज़र आने लगते हैं। यहां तक कि यह समस्या पीठ पर एक्ने या दाने होने तक पहुंच सकती है। तब ऐसी स्किन के साथ आप ड्रैस चाहे कितनी भी स्टाइलिश क्यों न पहन लें, वह खूबसूरती तब तक अधूरी है, जब तक कि सर से लेकर पांव तक न दमके।
जानिए अपनी बैक स्किन को
सबसे पहले तो यह जानना ज़रूरी है कि आपकी बैक स्किन किस टाइप की है और उसे किस तरह के ट्रीटमेंट की ज़रूरत है। इस बारे में आप किसी भी एक्सपर्ट ब्यूटीशियन की राय ले सकती हैं। अगर आपकी पीठ पर एक्ने या दाने हैं तो उसके लिए आपको सबसे पहले किसी डर्मोटोलॉजिस्ट से मिलना होगा, क्योंकि जब तक ये ठीक नहीं हो जाएंगे, तब तक बाकी के किसी भी ब्यूटी ट्रीटमेंट का कोई $फायदा नहीं होगा।
नैरेश करना है ज़रूरी
अगर आपको एक्ने या पीठ पर दाने होने जैसी कोई समस्या नहीं है तो सीधे अथवा डर्मोटोलॉजिस्ट से ट्रीटमेंट कम्पलीट कर लेने के बाद आप अगला कदम उठा सकती हैं किसी एक्सपर्ट ब्यूटीशियन से मिलकर। आपकी पीठ के अनुसार वह आपको बेस्ट ट्रीटमेंट सजेस्ट कर सकती हैं। आमतौर पर जो ब्यूटी से जुड़ी बैक प्रॉब्लम सामने आती हैं, वे होती हैं- रूखी-सूखी त्वचा, पीठ पर का$फी ज़्यादा बाल होना, पैचेस होना, टैनिंग, पीठ का कलर बॉडी के बाकी हिस्सों के मुकाबले का$फी डार्क होना, डेड स्किन होना वगैरह।
कुछ यूं होगा बैक ब्यूटी ट्रीटमेंट
सबसे पहले तो पीठ के कलर को बाकी बॉडी पार्ट के समान करने के लिए ब्लीच करवाना बेस्ट रहेगा। इससे बैक टैनिंग भी कम हो जाएगी। इसके बाद अगर पीठ पर बाल ज़्यादा हैं तो बैक वैक्स करवाना भी बहुत ज़रूरी है। वैसे अगर आप चाहें तो यूं भी वैक्सिंग करवा सकती हैं। इसमें कोई हर्ज नहीं है, क्योंकि वैक्सिंग से डेड स्किन रीमूव हो जाती है। हां, अगर आपकी बॉडी सेंसेटिव है तो वैक्सिंग के बाद एस्ट्रीजेंट ज़रूर लगवा लें और उसे कुछ देर यूं ही रहने दें। इस बारे में अपनी ब्यूटीशियन को शुरू में ही बता दें, ताकि वह बैक ब्लीच और वैक्सिंग करते हुए आपकी बॉडी की सेंस्टिविटी का पूरा ख्याल रखे और एहतियात बरते।
स्क्रबिंग, मसाज और पैक
आमतौर पर ज़्यादातर लोगों का माइंडसेट यह होता है कि पीठ पर स्क्रबिंग, मसाज या पैक लगाने की ज़रूरत नहीं होती है। असल में पीठ को भी इन सब ट्रीटमेंट की उतनी ही ज़रूरत होती है, जितनी कि चेहरे या हाथ-पैरों को। इसके अंतर्गत पूरी बॉडी को ब्लीच और वैक्स करने के बाद उसकी स्क्रबिंग की जाती है, जिससे डेड स्किन, टैनिंग पूरी तरह से रीमूव हो जाती है। फिर पूरी पीठ की मसाज की जाती है। यह ड्राइनेस को दूर करके पीठ को नैरेश करती है। इसके बाद पीठ की स्किन के अनुसार ही पैक का चुनाव किया जाता है। यह चुनाव इसलिए ज़रूरी है, क्योंकि जिस तरह से फेस पर कोई भी पैक लगाने से पहले यह देखा जाता है कि स्किन ड्राई है या ऑयली, सेंसिटिव है या कोई और स्किन प्रॉब्लम तो नहीं, उसी प्रकार पीठ की संवेदनशीलता का ध्यान भी रखना ज़रूरी होता है। पैक सूख जाने के बाद जब उसे सा$फ कर लें तो हल्का मॉश्चराइज़र लगवाना न भूलें, क्योंकि पैक सूखने के बाद भी हल्की ड्राइनेस होती है।
व्यायाम से बनाए रखें बैक-शेप
पीठ की खूबसूरती इस बात से भी प्रभावित होती है कि उस पर कहीं एक्सट्रा फैट तो नहीं है। ड्रैस का$फी महंगी और स्टाइलिश हो और पीठ भी चमकती-दमकती, मगर एक्सट्रा फैट के कारण परत पर परत चढ़कर टायर बने हुए हैं तो आपकी सिफ़र् पीठ ही नहीं, बल्कि पूरी की पूरी पर्सनेलिटी ही प्रभावित होगी। ऐसा न हो, इसलिए बहुत ज़रूरी है कि आप एक्सरसाइज़ को अपनी रेग्यूलर लाइ$फ का हिस्सा बना लें। उनमें ऐसे आसन को $खासतौर पर शामिल करें, जो पीठ को शेप में बनाए रखते हुए उसका लचीलापन भी इम्प्रूव करें। यह फैक्ट न भूलें कि कोई भी एक्सरसाइज़ हमेशा किसी एक्सपर्ट से सीखने के बाद उनकी देखरेख में ही शुरू करें। ज़रूरी नहीं कि जो एक्सरसाइज़ आपने कहीं देखी-पढ़ी है, वह आपके लिए परफेक्ट हो। हर व्यक्ति का अपना अलग स्टेमिना और रिक्वायरमेंट होती है, जिसके बारे में आपका ट्रेनर ही आपको बता सकता है। उन निर्देशों का पालन करके ही आप पा सकेगी अपनी पीठ की मनचाही शेप।
ड्रैस के अनुसार हो टचअप
जब भी आप बैकलेस या डीपनेक ड्रैस
पहनें तो इस बात का ध्यान रखें कि मेकअप सिर्फ चेहरे का ही न हो, बल्कि हल्का टचअप पीठ का भी ज़रूरी है, वरना चेहरा अलग दिखेगा और पीठ अलग। चेहरे के साथ-साथ गर्दन और पीठ पर भी हल्का सा फाउंडेशन लगाकर पूरी पीठ पर अप्लाई करें। इसके बाद कॉम्पैक से पूरी स्किन को एकसार करें। इससे पीठ पर कोई दा$ग-धब्बा नज़र नहीं आएगा और बॉडी का ये पार्ट भी चेहरे की ही तरह दमक उठेगा।
अब आप तैयार हैं पूरे आत्मविश्वास के साथ किसी भी तरह की बैकलेस या डीपबैक ड्रैस कैरी करने के लिए। बैक ब्यूटी के लिए कुछ होम टिप्स
- नहाते समय नियमित रूप से अपनी पीठ साफ करना न भूलें। इसके लिए आप लंबे हैंडल वाले ब्रश की हेल्प ले सकती हैं, जो मार्केट में आसानी से उपलब्ध हैं।
- सप्ताह में एक बार अपनी पीठ की स्क्रबिंग और मसाज ज़रूर करें। यह आप घर पर भी कर सकती हैं या फिर ब्यूटीशियन की हेल्प ले सकती हैं।
- नियम बना लीजिए कि महीने में एक बार पीठ की मालिश अच्छी तरह से करानी है। इससे बैक स्किन सिर्फ खूबसूरत ही नहीं बनती, बल्कि मांसपेशियां भी मज़बूत होती हैं। इस मज़बूती से पीठ का लचीलापन बढ़ता है।
4.तेज़ धूप में निकलते समय फेस के साथ-साथ बैक को भी स्कार्फ से कवर करना न भूलें। साथ ही हाथ-पैर व फेस की तरह ही बैक पर भी सन स्क्रीन ज़रूर अप्लाई करें। - अगर पीठ पर डस्ट या डेड स्किन ज़्यादा महसूस हो रही है तो नहाने से पहले सरसों के तेल की मालिश करके कुछ देर के लिए छोड़ दें। इससे ऑयल स्किन में गहराई से समा जाएगा। फिर रगड़कर धो लें। इससे सारी गंदगी हट जाएगी।
