पहचाने अपना स्किन

कुछ महिलाएं प्रेगनेंसी में जहां ग्लो करती हैं, वहीं कुछ महिलाएं इस समय पिंपल और मुहांसों  से परेशान हो जाती हैं। डर्मेटोलॉजिस्ट के अनुसार प्रेगनेंसी के दौरान स्किन बहुत सेंसिटिव होती है इसलिए कोई भी प्रोडक्ट सोच समझकर ही चुनना चाहिए। जो भी प्रोडक्ट स्किन पर लगाएं, वो सेंसिटिव स्किन के लिए बनाया गया होना चाहिए। इश समय शरीर में मेटाबॉलिज़म तेज रहता है इसलिए शरीर में सीबम पैदा करने वाले हारमोन्स की अधिकता होती है और स्किन ज्यादा ऑयली हो सकता है। 

एक्सपर्ट्स मानते हैं कि इस समय कोई भी प्रोडक्ट बिना डॉक्टर की सलाह के नहीं लगानी चाहिए और ऐसे प्रोडक्ट से खासतौर से दूर रहना चाहिए जिसमें विटामिन ए की अधिकता हो। इस समय फेशियल के अलावा किसी भी तरह के ब्यूटी इंजेक्शन्स या कोई भी दूसरा ट्रीटमेंट नहीं लेना चाहिए। 

 
रुटीन मेंटेन करें और प्रोडक्ट्स यूज़ करते रहें-  
 प्रेगनेंसी के समय हेल्दी स्किन मेंटेन करने के लिए अपने सिंपल रुटीन फॉलो करना चाहिए, लेकिन पूरे नियम से फॉलो करना चाहिए। कोशिश रहे कि जो भी प्रोडक्ट आप यूज़ कर रहे हैं वो डॉक्टर्स का बताया प्रोडक्ट हो, या इस बात का ध्यान रखें कि आप जो प्रोडक्ट यूज़ कर रही हैं उसमें दो प्रतिशत से भी कम सैलिसिलिक एसिड हो और दस प्रतिशत से कम विटामिन सी और ग्लाइकोलिक एसिड हो। इस समय स्किन क्लिंज़िंग और एक्सफॉलिएशन नियमित करें। इससे स्किन में ग्लो बना रहेगा। 
 
एरोमाथेरपि ऑयल्स सोच समझकर यूज़ करें – 
ज्यादातर प्लांट-बेस्ड  पोडक्ट्स में एसेन्शियल ऑयल होते हैं। ऐसे प्रोडक्ट बिना किसी एक्सपर्ट की सलाह लिए न यूज़ करें क्योंकि कई एसेन्शियल ऑयल की खुशबू से बॉडी में कॉन्ट्रैक्शन हो सकती है इसलिए बिना जानकारी एसेन्शियल ऑयल्स वाले प्रोडक्ट इस्तेमाल न ही करें। 
 
मसाज से पाएं सॉफ्ट स्ट्रेच-मार्क फ्री स्किन-
प्रेगनेंसी के समय बॉडी पर स्ट्रेच मार्क्स आना कॉमन है। 50 से 90 प्रतिशत ऐसी महिलाओं हैं जिनके शरीर पर स्ट्रेच मार्क्स इस समय बन जाते हैं। वैसे तो स्ट्रेच मार्क्स होने के कारणों में परिवार के जीन्स भी वजह हैं, फिर भी इस समय स्किन में तेल, विटामिन ई युक्त मॉइश्चराइज़र से मसाज करवाकर अपनी स्किन को ग्लोईंग के साथ-साथ मार्क्स फ्री भी रख सकती हैं। जरूरी नहीं है कि आप पार्लर जाकर ही मसाज करवाएं। आप खुद से भी अपने पेट, थाई, ब्रेस्ट पर तेल लगा सकती हैं। अगर आपको बहुत ड्राईनेस महसूस हो रही है तो आप दो बार अपनी बॉडी पर तेल लगवा सकती हैं। 
 
मसाज औऱ फेशियल करवाएं-
प्रेगनेंट होने का ये मतलब नहीं है कि आप अपने फेवरेट ट्रीटमेंट को बंद कर दें। ये समय फेशियल्स और मसाज के लिए अच्छा है और आपकी स्किन के लिए सकारात्मक भी रहेगा। बस आपको कोई भी ऐसे ट्रीटमेंट से बचना है जिसमें शरीर का तापमान बढ़ सकता है, जैसे सॉना बाथ आदी। बेबी के वेट से शरीर में होने वाले दर्द आदी के लिए हल्का मसाज कराना फायदेमंद होता है। 
 
जरूर लगाएं सन प्रोटेक्शन-
प्रेगनेंसी के दौरान स्किन बहुत सेंसिटिव होती है और धूप से स्किन में झांई आने की संभावना बहुत ज्यादा होती है। इस समय स्किन पर अल्ट्रा वॉयलेट किरणों का असर बहुत तेज होता है खासतौर से पहले तिमाही में। धूप से जितना बच सकें बचें,  छांव में जितना रह सके उतना रहे, हैट पहनें, हर दो घंटे पर 30 से 50 एसपीएफ वाला सनस्क्रीन लगाएं। सनस्क्रीन खरीदते वक्त  मिनरल प्रोटेक्शन वाला सनस्क्रीन खरीदें। मिनरल फिल्टर्स जैसे जिंक ऑक्साइड और टाइटेनियम ऑक्साइड स्किन में ऐब्जॉर्ब होने की जगह, स्किन पर बैठ जाते हैं और सनब्लॉक की तरह काम करते हैं।