Hindi Poem: नारी शक्ति का अवतार , नारी शक्ति अपरम्पार ।जिस घर में नारी पूजित हैदेवों का होता है वास ,सुख-वैभव से भरा रहे घरलक्ष्मी करती सदा निवास ।दुःख-दरिद्रता मिट जाती है , उन्नति करता है परिवार ।नारी शक्ति का अवतार , नारी शक्ति अपरम्पार ।त्रिदेव जहाँ असफल होते हैंशक्ति देतीं उनका साथ ,देवों की ताकत बन जातींदे उनके हाथों में हाथ ।पाप विमुक्त किया धरती को, असुरों का करके संहार ,नारी शक्ति का अवतार , नारी शक्ति अपरम्पार […]
Author Archives: डॉ.अवधेश तिवारी
दीप-गृहलक्ष्मी की कविता
Hindi Poem: स्नेह भरा मैं दीप अकेलाबन प्रकाश – पुंज चमकूँगा ,असत – अँधेरा मेटूँ जग सेसूरज सा मैं भी दमकूँगा । अन्तर्मन में उजियारा देकुण्ठाओं को दूर करूँगा ,धरती पर फैले तम कोनिज प्रकाश से स्वयं हरूँगा । ज्योतिर्मय मन को रख करकेतन में तिमिर न आने दूँगा ,स्नेह भरा मैं दीप अकेलाबन प्रकाश […]
दीपावली पर लक्ष्मी- गणेश की पूजा क्यों होती है ?
Diwali Lakshmi Puja: अधिकतर घरों में बच्चे यह दो प्रश्न अवश्य पूछते हैं कि जब दीपावली भगवान राम के 14 वर्ष के वनवास से अयोध्या लौटने की खुशी में मनाई जाती है तो दीपावली पर लक्ष्मी पूजन क्यों होता है?राम और सीता की पूजा क्यों नही?दूसरा यह कि दीपावली पर लक्ष्मी जी के साथ गणेश […]
“शिक्षक दिवस”-गृहलक्ष्मी की कविता
Teacher’s Day Poem: दीपक जैसे जलते शिक्षक, अज्ञान-तिमिर करने को नाश,मेंटें जग के अंधियारे को, देकर प्रज्ञा,ज्ञान-प्रकाश,सदा प्रयत्नशील रहते हैं, शिष्यों में सद्गुण भरने को,तन-मन से प्रयास करते हैं, शिष्यों के दुर्गुण हरने को,ना ही भूख दौलत की उनको, ना ही कोई लालच-आस,दीपक जैसे जलते शिक्षक, अज्ञान – तिमिर करने को नाश।शिष्यों की उपलब्धि देखकर, सीना […]
सपनों की दुनिया-गृहलक्ष्मी की कहानियां
Hindi Kahani: मोहन का जन्म उत्तर प्रदेश के एक गाँव के एक मध्यमवर्गीय परिवार में हुआ था।जब वह 10 वर्ष का था, उसके सामाजिक विज्ञान के अध्यापक उसे देश-विदेश के बारे में बताते रहते थे। उसे देश के मेट्रो शहरों दिल्ली, कोलकाता, मुम्बई और चेन्नई के बारे में जानना अच्छा लगता था।उन्हीं दिनों उसके घर […]
मन की शक्ति में छिपा है सफलता का राज
Hindi kahani: वन में हमें ऐसे बहुत से उदाहरण मिलेंगे, जब हमें लगा होगा कि एक बार जो काम हमने किया, वह बहुत ही अच्छा और लाभदायी रहा, और जब दूसरी बार वही काम किया, तो परिणाम निराशाजनक रहा। आखिर ऐसा क्यों होता है कि एक ही काम, एक ही करने वाला और एक जैसी […]
आशा और उम्मीद-गृहलक्ष्मी की कविता
Hindi Kavita: एक दिन माँ-बाप ने,बड़े प्यार से, दुलार से,बच्चे से कहा,बेटे ! हमने तुम्हे बड़े कष्ट से पाला,बहुत दुःख-दर्द सहा,तुमसे हमारी उम्मीदें जुडी हैं,हमारी आशाएं तुम पर टिकी हैं,तुम ही हमारे प्राणाधार हो,तुम्ही हमारे भविष्य का आधार हो,बेटे ने धीरे से कहा,मम्मी-पापा स्वार्थी न बनो,हमें पालो,पर हमसे, उम्मीदें ,आशाएं न पालो,जीवन कितना दुरूह है,हम […]
वो! खुशी के पल-गृहलक्ष्मी की लघु कहानी
Hindi Short Story: ये उस समय की बात है, जब मोहन सातवीं कक्षा में पढ़ता था,उसका मिडिल स्कूल पठन- पाठन,खेलकूद एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का केंद्र हुआ करता था।विद्यालय के मुख्य आयोजनों में जिलाधिकारी को बुलाने की परम्परा थी।एक आयोजन देश के अन्नदाता”किसान” को धन्यवाद ज्ञापित करने के लिए किया गया।जिसमें एक नृत्य नाटिका द्वारा किसानों […]
एक मुलाकात-गृहलक्ष्मी की कहानियां
Short Story in Hindi: विश्वास को नई-नई सरकारी स्कूल में नौकरी मिली थी।सुबह – सुबह ठीक 8 बजे उसे अपने नए स्कूल में सहायक अध्यापक के रूप में कार्यभार संभालना था, रात में उत्सुकता, जोश एवं रोमांच के कारण सो नहीं पाया।उसे बस से लगभग 10 किमी जाना था,वो बस स्टॉप पर समय से पहले […]
वसंत पञ्चमी
Basant Panchami Story: वसंत पञ्चमी या श्रीपंचमी एक हिन्दू त्यौहार है। इस दिन विद्या की देवी सरस्वती की पूजा की जाती है। यह पूजा पूर्वी भारत, पश्चिमोत्तर बांग्लादेश, नेपाल और कई राष्ट्रों में बड़े उल्लास से मनायी जाती है। इस दिन पीले वस्त्र धारण करते हैं। शास्त्रों में बसंत पंचमी को ऋषि पंचमी से उल्लेखित […]
