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शोध बताते हैं कि बिना हाइजीन का ध्यान रखे की गई किस या ओरल सेक्स आपके पार्टनर को गंभीर रूप से बीमार कर सकता है। मुंह को शरीर का प्रवेश द्वार कहा जाता है। यही कारण है कि मुंह की नियमित सफाई और जांच जरूरी है।
Oral Sexual Disease: प्यार का इजहार हो या सेक्स की शुरुआत अपने पार्टनर को किस करना हर किसी के लिए बेहद खास होता है। यह एक सुखद और एक दूसरे को महसूस करने वाला पल माना जाता है। लेकिन शोध बताते हैं कि बिना हाइजीन का ध्यान रखे की गई किस या ओरल सेक्स आपके पार्टनर को गंभीर रूप से बीमार कर सकता है। क्या है इसके कारण और क्या करना चाहिए आपको, आइए जानते हैं।
गंभीर रोगों का कारण

मुंह को शरीर का प्रवेश द्वार कहा जाता है। यही कारण है कि मुंह की नियमित सफाई और जांच जरूरी है। लेकिन अक्सर लोग इस पर ध्यान नहीं देते हैं। कई शोध बताते हैं कि 90 प्रतिशत से ज्यादा सिस्टेमेटिक डिजीज किसी न किसी रूप से मुंह से जुड़ी हुई हैं। यह कैंसर, एचआईवी, डायबिटीज, किडनी और हार्ट डिजीज जैसे गंभीर रोगों का कारण भी हो सकता है।
बैडरूम में न करें ये गलतियां
बैडरूम में की गई कुछ एक्टिविटी आपके पार्टनर को बीमार कर सकती हैं। खासतौर पर ओरल सेक्स के दौरान की गई गतिविधियां। इसके कारण पैलेटल पेटीकिया होने का जोखिम बढ़ जाता है। इसमें गले के पिछले हिस्से और मुंह के ऊपरी हिस्से में छोटे लाल-बैंगनी निशान हो सकते हैं। ये निशान चोट की तरह नजर आते हैं। ऐसा मुंह के ऊतकों के नीचे रक्तस्राव के कारण होता है।
हर्पीस का बड़ा कारण
ओरल सेक्स के पहले और बाद में ओरल हेल्थ का ध्यान रखना जरूरी है। ऐसा नहीं करने में हर्पिस रोग होने की आशंका बढ़ सकती है। खासतौर पर मुंह और होठों के आसपास। हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस टाइप 1 यानी एचएसवी-1 और हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस टाइप 2 यानी एचएसवी-2, दोनों का जोखिम रहता है। ये दोनों की यौन संचारित रोग हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार दुनिया भर में 50 वर्ष से कम उम्र के करीब 3.7 अरब लोग एचएसवी-1 से प्रभावित हैं। वहीं एचएसवी-2 से पीड़ितों की संख्या करीब 491 मिलियन है।
गोनोरिया का खतरा
गोनोरिया एक यौन संचारित रोग है। यह नीसेरिया गोनोरिया नामक जीवाणु के कारण होता है। सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के अनुसार यह रोग ओरल सेक्स के कारण तेजी से फैसला है। इसके कारण गले में खराश, इंफेक्शन और सूजन आने लगती है। इसके कारण मुंह और गले में जलन भी महसूस हो सकती है।
जोखिम भरा हो सकता है ये
ओरल हाइजीन के साथ ही सेक्स के दौरान शरीर के हर हिस्से की सफाई करना भी जरूरी है। कई बार ओरल हाइजीन का ध्यान नहीं रखने पर सिफलिस होने का खतरा बढ़ सकता है। इसके कारण होंठ, जीभ, मसूड़ों और गले में छाले हो सकते हैं। इसी के साथ ये हेपेटाइटिस ए और सी का कारण भी बन सकता है। इसके कारण स्वाद में बदलाव होने लगता है। साथ ही मुंह की श्लेष्मा झिल्लियों में सूजन आने लगती है।
दिख सकते हैं एचआईवी के लक्षण
मुंह एचआईवी जैसे गंभीर रोग का संकेत भी आसानी से देता है। लेकिन अधिकांश लोग इससे अनजान होते हैं। एचआईवी के कारण कापोसी सारकोमा नामक गंभीर मुंह का रोग हो सकता है। ये एक प्रकार के घाव होते हैं, जो अनियंत्रित एचआईवी के मामलों में बहुत ही कॉमन होते हैं। इस स्थिति में मुंह के ऊपरी हिस्से, मसूड़ों और श्लेष्मा झिल्ली में घाव बन जाते हैं। लोगों का मुंह हर समय सूखता रहता है। कई बार जीभ पर सफेद धब्बे भी नजर आते हैं।
हो सकता है यीस्ट इंफेक्शन
इतना ही नहीं मुंह में यीस्ट इंफेक्शन का खतरा भी बढ़ सकता है। जब मुंह, जीभ, मसूड़ों और गले में कैंडिडा फंगस अनियंत्रित होते हैं तो ओरल यीस्ट इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। ये फंगस जननांगों में होता है। ओरल सेक्स के दौरान मुंह में अतिरिक्त कैंडिडा फंगस आ जाता है। जिससे परेशानी बढ़ सकती है।
