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उपमन्यु की गुरुभक्ति

Guru Bhakti: आयोद धौम्य का एक शिष्य था-उपमन्यु। गुरु ने उसे गायें चराने की सेवा दी। उपमन्यु सारा दिन गायें चराता और शाम आश्रम पहुंच जाता। उसका शरीर हृष्ट-पुष्ट देखकर गुरु ने एक दिन पूछा:‘बेटा! तू रोज क्या खाता है?उपमन्यु: ‘गुरुदेव! भिक्षा में मुझे जो मिलता है वह खाता हूं।गुरु: ‘यह तो अधर्म है। भिक्षा […]

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