TRAI likely to take action against telecom companies for spam calls or messsages
TRAI likely to take action against telecom companies for spam calls or messsages

Summary: स्पैम कॉल–SMS पर शिकंजा, टेलीकॉम कंपनियों की लापरवाही पर TRAI सख्त

स्पैम कॉल और मैसेज पर लगाम लगाने में विफल रहने पर TRAI ने टेलीकॉम ऑपरेटरों पर 150 करोड़ रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया है।

TRAI Action against Spam Calls: देश में लगातार बढ़ रही स्पैम कॉल और फर्जी मैसेज की समस्या पर लगाम लगाने में नाकाम रहने वाले टेलीकॉम ऑपरेटरों पर अब सख्ती शुरू हो गई है। टेलीकॉम अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (TRAI) ने नियमों के उल्लंघन को गंभीर मानते हुए टेलीकॉम सेवा प्रदाताओं पर 150 करोड़ रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया है। यह जुर्माना तीन वर्षों की अवधि के लिए तय किया गया है।

TRAI के इस फैसले से टेलीकॉम सेक्टर में हलचल मच गई है। कई ऑपरेटरों ने इस कार्रवाई पर आपत्ति भी जताई है। हालांकि, रेगुलेटर का कहना है कि यह कदम ग्राहकों को राहत देने और स्पैम पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जरूरी था।

नियमों के पालन में लापरवाही बनी जुर्माने की वजह

TRAI के अनुसार, यह जुर्माना इसलिए लगाया गया क्योंकि टेलीकॉम सेवा प्रदाता (TSPs) नियमों के तहत स्पैमर्स पर समय पर और उचित कार्रवाई करने में विफल रहे।

नियमों के मुताबिक, हर लाइसेंस सेवा क्षेत्र (LSA) के लिए प्रति माह 50 लाख रुपये तक का वित्तीय दंड लगाया जा सकता है। जांच में सामने आया कि कई मामलों में ऑपरेटरों ने या तो शिकायतों को सही तरीके से प्रोसेस नहीं किया या फिर स्पैम भेजने वालों के कनेक्शन पर जरूरी कार्रवाई नहीं की।

शिकायतों को गलत तरीके से किया बंद

TRAI द्वारा किए गए ऑडिट में यह भी पाया गया कि बड़ी संख्या में ग्राहक शिकायतों को गलत तरीके से बंद कर दिया गया। इससे स्पैम करने वालों को फायदा मिला और वे दोबारा कॉल और मैसेज भेजते रहे। रेगुलेटर का मानना है कि यदि शिकायतों का सही मूल्यांकन किया जाता और समय पर कार्रवाई होती, तो स्पैम की समस्या काफी हद तक कम हो सकती थी।

TRAI has already taken action against many for spam calls
TRAI has already taken action against many for spam calls

लाखों स्पैमर्स के कनेक्शन काटे गए

TRAI ने बीते एक साल में स्पैम के खिलाफ बड़े स्तर पर कार्रवाई की है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 21 लाख से अधिक स्पैमर्स के कनेक्शन बंद किए गए। 1 लाख से ज्यादा संस्थाओं को ब्लैकलिस्ट किया गया। 13 अगस्त 2024 को जारी निर्देशों के बाद सितंबर 2024 में ही करीब 18.8 लाख स्पैम कनेक्शन काटे गए, जबकि 1,150 से अधिक संस्थाओं को ब्लैकलिस्ट किया गया। यह कार्रवाई दर्शाती है कि समस्या कितनी व्यापक थी।

DND ऐप किया लॉंच

ग्राहकों की सुविधा के लिए TRAI ने एक DND (Do Not Disturb) ऐप भी लॉन्च किया है। इस ऐप के जरिए यूजर्स सिर्फ 4–6 क्लिक में स्पैम कॉल या मैसेज की शिकायत दर्ज कर सकते हैं।

10 दिनों में 5 शिकायतें आने पर होगी कार्यवाही

TRAI ने नियमों को और कड़ा करते हुए स्पष्ट किया है कि अब पिछले 10 दिनों में किसी नंबर के खिलाफ 5 शिकायतें मिलने पर कार्रवाई शुरू की जा सकती है।

अधिकारी बताते हैं कि पहले पंजीकृत टेलीमार्केटर्स पर सख्त नियम लागू थे, लेकिन अब ज्यादातर स्पैम अनरजिस्टर्ड लोग 10 अंकों वाले मोबाइल नंबरों से भेज रहे हैं। केवल नंबर ब्लॉक करने से समाधान नहीं निकलता, क्योंकि स्पैमर्स बार-बार नए नंबर इस्तेमाल करते हैं।

1600 सीरीज अनिवार्य करने के बाद भी चुनौतियाँ

TRAI ने बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं और बीमा (BFSI) सेक्टर के लिए 1600 सीरीज नंबर को लेन-देन और सेवा कॉल के लिए अनिवार्य कर दिया है। सरकारी संस्थाओं को भी नागरिकों से संपर्क के लिए इन्हीं नंबरों का उपयोग करना होगा।

इसके बावजूद, स्पैम और फ्रॉड कॉल के मामले पूरी तरह खत्म नहीं हुए हैं। यही वजह है कि TRAI अब सीधे ऑपरेटरों की जवाबदेही तय कर रहा है।

अभिलाषा सक्सेना चक्रवर्ती पिछले 15 वर्षों से प्रिंट और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में दक्षता रखने वाली अभिलाषा ने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान टाइम्स, भोपाल से की थी। डीएनए, नईदुनिया, फर्स्ट इंडिया,...