आज  बाजार में कई ब्रांड की होम प्रेगनेंसी किट उपलब्ध है, और आप कौन सी चुनती हैं इससे कोई फर्क नहीं पड़ता, क्योंकि लगभग सभी किट एक ही तरह से काम करती हैं । बस  इस बात का ध्यान रखें कि इसको खरीदते समय इसकी एक्सपायरी डेट जांच लें और चेक करें कि यह टूटी-फूटी ना हो क्योंकि इससे जांच के परिणाम पर प्रभाव पड़ सकता है। ये होम पैकेज टेस्ट काफी आसान हैं, जिसके लिए कुछ सीखना नहीं पड़ता लेकिन आपको इसके निर्देश अवश्य पढ़ लेने चाहिए और इसी के हिसाब से चलना चाहिए। इन सुझावों पर ध्यान दें ताकि आप क्या होगा, क्या नहीं होगा की उधेड़बुन में कुछ ‘भूल न जाएं। 

  • ब्रांड के हिसाब से आप या तो स्टिक को यूरिन के प्रवाह में कुछ सेकंड रखेगी या फिर एक कप में यूरिन लेकर उसमें स्टिक डूबोएंगी ज्यादातर बीच वाले यूरिन को लेने की सलाह देते है क्योंकि इसमें नतीजे ज्यादा बेहतर होते हैं। एक-दो सेकंड तक यूरिन करने के बाद रोकें, हाथ में स्टिक या कप लेकर, उस पर यूरिन की धार छोड़े ।

  • वैसे तो सुबह-सुबह के यूरिन की जांच बेहतर होती है लेकिन अगर आप पीरियड से भी पहले टेस्ट कर रहीं हैं तो चार घंटे तक यूरिन रोकने के बाद टेस्ट करें ताकि यूरिन में एच.सी.सी. का अधिक स्तर स्पष्ट रूप से आ सके । कंट्रोल इंडोकेटर पर ध्यान दें ताकि पता लग सके कि टेस्ट ठीक काम कर रहा है या नहीं (डिजिटल टेस्ट में एक चमकने वाला कंट्रोल सिंबल बना होता है )

  • ध्यानपूर्वक देखे-किसी भी नतीजे पर पहुंचने से पाले पूरा ध्यान दें । कोई भी लाइन दिखे (गुलाबी या नीली पॉज़िटिव संकेत या डिजिटल रीडिंग) मान लें कि आप गर्भवती है । बधाई हो! यदि नतीजा पॉज़िटिव न हो और पीरियड भी न आएं तो दोबारा जांच करें। सही नतीजे सामने आ जाएंगे।

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