Yoga for Back Pain: आजकल की भागती दौड़ती भरी जिंदगी और लंबे समय तक एक ही पोजीशन में बैठे रहने की वजह पीठ दर्द एक आम दिक्कत बन गई है। गलत बैठने की आदतों और फिजिकल एक्टिविटी में कमी की वजह से रीढ़ की हड्डी में कमजोरी आ जाती है। इससे कमर और पीठ में दर्द रहनेने लगता है। ऐसे में योग हमारी मदद कर सकता है। नियमित योग अभ्यास करके आप अपने शरीर को न सिर्फ फ्लेक्सिबल बना सकती हैं बल्कि रीढ़ को भी मजबूत किया जा सकता है। यहां ऐसे 6 योगासन बताए जा रहे हैं, जिन्हें लगातार करने से आपकी रीढ़ की हड्डी सीधी होगी और पीठ दर्द को भी कम होने में मदद मिलेगी।
भुजंगासन (कोबरा पोज़)

भुजंगासन रीढ़ को सीधा करने और कमर के निचले हिस्से की जकड़न को दूर करने में मदद करता है। इसे करने के लिए पेट के बल लेट जाएं और दोनों हाथ अपने कंधे के पास रखें। अब सांस लेते हुए चेस्ट को ऊपर उठाएं और सिर को पीछे की ओर करें। इस पोजीशन में 20-30 सेकंड तक रुकें।
मार्जरी आसन (कैट काऊ पोज़)

इस योग आसान को करने से पीठ की अकड़न दूर होती है और फ्लेक्सिबिलिटी बूस्ट होती है। इसे करने के लिए हाथ और घुटने के बल आकर टेबल पोजीशन में रहें। सांस लेते हुए पीठ को नीचे करें और सिर ऊपर उठाएं। अब सांस छोड़ते हुए पीठ को ऊपर करें और ठोड़ी को चेस्ट से लगाएं। इसी पोजीशन को 10-15 बार दोहराएं।
अधोमुख श्वानासन (डाउनवार्ड फेसिंग डॉग पोज़)

इस आसन को रेगुलर करने से रीढ़ को सीधा करने और पीठ दर्द कम होने में मदद मिलती है। इसे करने के लिए हाथ और पैरों के बल आकर शरीर को उल्टे “वी” आकार में रखें। अब सिर को नीचे करें और कंधे फैलाएं। इस पोजीशन में 20-30 सेकंड तक रहें।
बालासन (चाइल्ड पोज़)

बालासन एक कम्फर्टेबल पोज़ है, जो पीठ के मसल्स को रिलैक्स करता है। साथ ही यह स्ट्रेस से भी निजात दिलाने में मददगार है। इसे करने के लिए घुटनों के बल बैठें और शरीर को आगे की ओर झुकाएं। अब आगे की ओर हाथ को फैलाएं और सिर को जमीन पर टिकाएं। इसी पोजीशन में 30 सेकेंड तक रहें।
पश्चिमोत्तानासन (सीटेड फॉरवर्ड बेंड पोज़)

यह योग आसन रीढ़ को सीधा करने और पीठ की मांसपेशियों को मजबूत कर सकता है। इसे करने के लिए पैर आगे फैलाकर बैठें और सांस लेते हुए दोनों हाथ ऊपर उठाएं। अब सांस छोड़ें, आगे की ओर झुकें और पैर के अंगूठों को पकड़ने की कोशिश करें। इसी पोजीशन में 20-30 सेकेंड तक रुकें।
ताड़ासन (माउंटेन पोज़)

ताड़ासन रीढ़ को सीधा करने और शरीर की मुद्रा को सुधारने में मदद कर सकता है। इसे करने के लिए सीधे खड़े हों और दोनों पैर आपस में मिलाएं। अब दोनों हाथ ऊपर उठाएं और पूरे शरीर को ऊपर की ओर खींचें। कुछ सेकेंड तक इसी पोजीशन में बने रहें और फिर नॉर्मल स्थिति में वापस आ जाएं।
