म्हिलाओं की खूबसूरती का राज उनके बालों में छिपा होता है। हर महिला कालेए घने एवं लंबे बालों की चाह रखती है। देश और परिवेश के अनुसार उनके बाल रखने या संवारने की स्टाइल भले ही भिन्न होंए लेकिन उनके लिए अपने बाल एक खास अहमीयत रखते हैं।
महिलाओं को अपने बालों से कितना प्यार होता हैए इसका अंदाजा ब्रिटेन में हुआ एक सर्वे बता देगा। सर्वे के मुताबिकए उम्र के 20 साल महिलाएं सिर्फ बालों को संवारने में बिता देती हैं। ब्रिटेन में एक औसत महिला 7.332 दिन बालों को लेकर परेशान रहती है। सर्वे के दौरान 10 में से 8 महिलाओं का कहना है कि उनकी काबिलियत आत्मविश्वास और खूबसूरती उनके बालों की दशा पर निर्भर करती है अगर ये बिगडे हुए हैं तो महिला को दिन में चार से ज्यादा घंटे तक मूडी और डिप्रेस्ड बना सकता है।
आमतौर पर लेग अपने पर्सए एटीएम कार्ड आदि संभालकर रखते हैंए लेकिन वेनेजुएला में इन दिनों महिलाएं अपने बालों की चोरी से ज्यादा घबरा रही हैं। इस देश में ऐसे कई गिरोह सक्रिय है जो बंदूक की नोक पर बाल काट कर ले जाते हैं।
वेनेजुएला मंे अच्छी क्वालिटी के बाल करीब 19.000 रूपए तक बिक जाते हैं। इनका इस्तेमाल विग बनाने में किया जाता है। ऐसी चोरियां रोकने के लिए शाॅपिगं माॅल्स में विशेष गार्ड तैनात किए जा रहे हैं।
ये चोर अपने शिकार को पहले बंदूक दिखाते हैं। फिर उन्हें पोनोटेल बनाने को कहते हैं। उसके बाद वे पोनीटेल काटकर चलते बनते हैं। ऐसी घटनाएं कोलंबिया की सीमा से लगे शहर माराकैबो में ज्यादा होती है।
क्या आप उस महिला के बारें में जानते हैं जिसके बाल दुनिया में सबसे लंबे हैघ् एटलांटा की एशा मंडेला ब्लेक रूपैजल के नाम से मशहुर हैं। सबसे लंबे होने वालों के कारण उनका यह नाम पडा और गिनीज बुक की लंबाई से भी ज्यादा। वे बालों को हफ्ते में एक बार धोती हैं। उन्हें छह बाॅटल शेंपू लगता है। उनकी उम्र 50 साल है ।उन्हें अपने बालों की इतनी लंबाई तक पहुंचाने में 25 वर्ष का समय लगा।
इसके पूर्व भी गिनीज बुक में लंबे बाल वाली कुछ अन्य महिलाओं का नाम दर्ज हुआ था। कनाडा की मिस स्कुल्र्डाफ्रड शुग्रेन के सिर के बालों की लंबाई 1923 में 320 सेंटीमीटर यानी 10 फुट 8 इंच के करीब थी। यह उनकी लंबाई से दुगनी थी।
पश्चिम जर्मनी की 43 वर्षीय जार्जिया सबरांत के बाल 19 मार्च 1987 को 298.5 सेंटीमीटर यानी करीब 10 फुट लंबे नापे गए थे।
सन् 1780 में 12 फुट लंबे बालों का गुच्छा ड्रेसडेन भेजा गया था। ये बाल पाॅलिश की एक 52 वर्षीया किसान महिला के सिर के थे।
1989 में उज्जैन के एक आश्रम में रहने वाली सन्यासिनी माता जगदम्बा के बालों की लंबाई 21 फुट थी। उस समय मुंबई और वेल्कोर के डाक्टरों ने उनकी जांच की थीए लेकिन वे उनके बालों का असाधारण रूप से बनने का कारण नहीं खोज सके थे।
सुदामा नगर राम टेकरी
मंदसौर (म0प्र0)
