Summary: सेक्स के प्रति समाज की रूढ़ियों का सच
महिला का सेक्स इनिशिएट करना बिल्कुल सामान्य और स्वस्थ संबंध का संकेत है। समाज की रूढ़िवादी धारणाएँ इसे गलत बताती हैं, जबकि बराबरी, संवाद और विश्वास पर आधारित रिश्तों में पहल दोनों का अधिकार है।
Women Initiating Sex Trust in Relationship: हमारे समाज में दो लोगों को साथ में लाने की परंपरा शादी को बहुत ज्यादा सेलिब्रेट किया जाता है। परंतु एक सुखद वैवाहिक जीवन बने रहने के एक बहुत बड़े पहलू को गंदा और टैबू समझा जाता है। सेक्स जिससे जुड़ी काफी बातें समाज में प्रचलित हैं इन्हीं में से एक है सेक्स की शुरुआत महिलाओं को नहीं करना चाहिए। अगर वह करती है तो वह चरित्रहीन है, उसमें संस्कार की कमी है। पर क्या, यह सच है? या सिर्फ समाज की खोखली अफवाह। आइए जानते हैं इस लेख में।
महिला को लेकर समाज की जड़ मानसिकता
भारत की संस्कृति में महिला वही संस्कारी समझी जाती है जो लज्जा से भरी हो, कम बोलती हो, अपनी भावनाओं को बताना ना जानती हो। संस्कार के नाम पर आज भी शादी से पहले इन बातों को सिखाना समाज जरूरी समझता है, और यही मानसिकता सेक्स के प्रति भी महिलाओं में आती है। महिलाओं को हर समय संयम की बात कही जाती है। उनके अंदर शर्म और झिझक होने पर परिवार सेलिब्रेट करता है। उन्हें समाज अच्छी लड़की की कैटेगरी में रखता है और समाज की बची-खुची कसर को हमारी फ़िल्में और कहानी पूरी कर देती हैं, एक महिला को संस्कारी बनाने की।

क्या महिला का सेक्स की शुरुआत करना गलत है
रिश्ते में स्वास्थ्य सेक्स का होना पुरुष के लिए नहीं महिला के लिए भी जरूरी है। महिला का सेक्स इनिशिएट करना दिखता है उसके भावनात्मक स्वास्थ्य को। यह दिखाता है कि महिला अपने साथी पर भरोसा करती है। वह अपने साथी से खुलकर अपनी जरूरत को कह सकती है।
महिला के द्वारा सेक्स की शुरुआत महिला के निर्लजता को नहीं, बल्कि उनके रिश्ते में सुरक्षा, भरोसा, प्यार और मजबूती को दर्शाता है। सेक्स सिर्फ डिजायर की बात है फिर वह पुरुष की हो या महिला की इसमें नैतिकता या संस्कार का सवाल नहीं है।
महिला की पहल का रिश्ते में फायदा
बहुत से पुरुष चाहते हैं महिला उन्हें खास महसूस करवाएं, प्यार की शुरुआत महिला करें।
रिश्ते में महिला के द्वारा पहल करने पर पुरुष खुद को उस महिला के लिए महत्वपूर्ण समझता है। इससे रिश्ते में एक्साइटमेंट बढ़ता है। रिश्ते में दोनों की साझेदारी इंटिमेसी को ज्यादा नेचुरल बनता है।
महिला खुद को ज्यादा संतोष और आत्मविश्वास से भरा हुआ महसूस करती है।
महिला अपने पार्टनर पर ज्यादा भरोसा कर पाती है। पार्टनर के बीच कम्युनिकेशन बेहतर होता है और रिश्ता मजबूत बनता है।
महिला किस तरह कर सकती है इंटिमेसी की पहल
इंटिमेसी के लिए हर कपल्स के पहल का तरीका अलग हो सकता है। पर यहां कुछ सुरक्षित और सम्मानजनक तरीकों का जिक्र किया जा रहा है। जिससे महिला पहल कर सकती हैं।
सेक्स से पहले महिला अपनी इच्छा बताने के लिए अपने साथी को कुछ भावनात्मक संकेत दे सकती है, जैसे रोमांटिक बातें, फ्लर्टिंग।
इंटिमेसी की शुरुआत से पहले अपने साथी को गले लगाए, माथे पर किस करें, फिजिकली टच के साथ रोमांटिक बातें करें। अगर साथी ना समझ रहा हो तो साफ-साफ कहें मैं तुम्हारे साथ क्वालिटी टाइम बिताना चाहती हूं।
पहल करने की जिम्मेदारी हर बार रिश्ते में किसी एक कि नहीं बल्कि दोनों की है। दोनों के आपसी समझ और बातचीत से ही रिश्ता मजबूत बनता है। इसमें शर्म की नहीं समझदारी की जरूरत है।
