Overview: दिवाली से पहले घरों की सफाई के पीछे सांस्कृतिक, धार्मिक और वैज्ञानिक कारण भी जुड़े होते हैं
दिवाली पर घर की सफाई केवल एक रिवाज नहीं, बल्कि परंपरा, स्वास्थ्य, ऊर्जा और आस्था से जुड़ी हुई प्रक्रिया है। मां लक्ष्मी के स्वागत से लेकर नई शुरुआत करने तक, यह सफाई हर पहलू में जीवन को सकारात्मकता से भर देती है। यही कारण है कि दिवाली की सफाई हर घर में बेहद खास और जरूरी मानी जाती है।
Diwali Cleaning Significance: दिवाली का त्योहार भारत में सबसे बड़े और खास त्योहारों में से एक है। दीपों की रोशनी, मिठाइयों का स्वाद और परिवार के साथ बिताया गया समय इसे और भी खास बना देता है। इस दिन से पहले हर घर में बड़े स्तर पर सफाई और सजावट की जाती है। माना जाता है कि इससे न केवल घर स्वच्छ होता है बल्कि सकारात्मक ऊर्जा का भी संचार होता है। चलिए जानते हैं दिवाली से पहले घरों की सफाई करने के पीछे के मुख्य कारण।
लक्ष्मी माता के स्वागत की तैयारी

दिवाली का सीधा संबंध माता लक्ष्मी की पूजा से है। मान्यता है कि मां लक्ष्मी स्वच्छ और सुंदर घरों में ही निवास करती हैं। इसलिए लोग इस पर्व से पहले अपने घर को साफ-सुथरा करके उन्हें आमंत्रित करते हैं। यह परंपरा आज भी उतनी ही आस्था के साथ निभाई जाती है।
सकारात्मक ऊर्जा का संचार

धूल-मिट्टी और गंदगी घर में नकारात्मक ऊर्जा फैलाती है। दिवाली से पहले सफाई करने से वातावरण शुद्ध होता है और घर में सकारात्मकता बढ़ती है। यह त्योहार अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ने का प्रतीक है और सफाई इसका पहला कदम माना जाता है।
स्वच्छता और स्वास्थ्य का महत्व
दिवाली वर्ष के उस समय आती है जब मौसम बदल रहा होता है। इस दौरान धूल और संक्रमण फैलने की संभावना अधिक रहती है। सफाई से घर का वातावरण साफ रहता है और परिवार को बीमारियों से बचाव मिलता है।
नई शुरुआत का प्रतीक
दिवाली को नए साल की शुरुआत भी माना जाता है, खासकर व्यापारी वर्ग के लिए। इस दिन पुराने हिसाब-किताब खत्म करके नया खाता खोला जाता है। घर की सफाई इस नए आरंभ का प्रतीक होती है, जो पुरानी नकारात्मकता को हटाकर नई ऊर्जा को आमंत्रित करती है।
सामाजिक और सांस्कृतिक कारण
त्योहार मिलन-जुलने का समय होता है। दिवाली पर मेहमान और रिश्तेदार घर आते हैं। इसलिए लोग अपने घर को सजाने-संवारने और साफ रखने पर विशेष ध्यान देते हैं। यह न केवल परंपरा है बल्कि सामाजिक शिष्टाचार का भी हिस्सा है।
मन और आत्मा की शुद्धि
दिवाली की सफाई केवल घर तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मन की गंदगी को भी दूर करने का प्रतीक है। पुराने और अनावश्यक सामान को हटाना जीवन में नई ताजगी और हल्कापन लाने का माध्यम माना जाता है।
