अंबाला में पली-बढ़ी स्वाति भार्गव हमेशा से ये जानती थी की ज्ञान और शिक्षा के माध्यम से ही वो अपने सपनों को पूरा कर सकती थी।
नम्बर्स से हमेशा रहा प्यार
मैथ्स पढ़ने से घबराने वाली लड़कियां स्वाति से प्रेरणा ले सकती हैं। स्वाति मैथ्स से डरती नहीं थी, बल्कि मैथ्स पढ़ना एंजॉय करती थी। यही वजह है कि पहले उन्हें सिंगापुर के सरकार की तरफ से स्कॉलरशिप मिला, फिर उन्हें लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स की ओर से स्कॉलरशिप मिला। लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से निकलते ही उ्होंने गोल्डमैन सैक्स में काम शुरू किया और पांच साल काम सीखने के बाद बिज़नेस शुरू करने का मन बनाया।
मेहनत से पाई सफलता
स्वाति ने अपने हस्बेंड के साथ मिलकर कैशबैक बिज़नेस शुरू किया और फिर अथक मेहनत और लगन से स्वाति और उनके पति ने भारतीय बाज़ार में अपनी उपस्थिति कैशकरो डॉट कॉम से दर्ज कराई और ये साइट अपने जैसा देश का इकमात्र साइट है जिसमें रकम के साथ कैशबैक की सुविधा है।
उद्यमी ही नहीं, सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर भी
स्वाति हमेशा से अपने अनुभव को बांटने और दूसरों से सीखने की कोशिश करती हैं और सही लोगों से जुड़ने के लिए अग्रसर भी रहती हैं। इसी दिशा में काम करते हुए विश्व स्तर पर डिजिटल इंडस्ट्री को जोड़ने वाले मंच एच 2 इंडिया से भी जुड़ी हैं। स्वाति का नाम देश की टॉप इ कॉमर्स इंडस्ट्री से जुड़ी उद्यमियों में शामिल हैं औऱ वो कई अंतरराष्ट्रिय मंचों पर देश का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।
दिल को मांगना चाहिए मोर
स्वाति चाहती हैं कि वो अपनी सफलता से युवा पीढ़ी को प्रेरणा दे और इसके लिए देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी कई संस्थान के मंच से अपने अनुभव युवाओं तक पहुंचाती रही हैं। वो युवाओं से कहती हैं कि उन्हें कम से संतुष्ट न होकर ज्यादा का लक्ष्य बनाना चाहिए क्योंकि जब आप अपना लक्ष्य ऊंचा रखते तभी आपकी उड़ान भी उंची होती है और आप मेहनत भी ज्यादा करते हैं।
