Pink-themed Delhi Metro train with soft toy decorations
Pink-themed Delhi Metro train with soft toy decorations

Summary: Delhi Metro Makeover: वैलेंटाइन वीक में पिंक लाइन बनी ‘पुक्की स्टाइल’ लव ट्रेन

वैलेंटाइन वीक 2026 में दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन को गुलाबी, दिलों और क्यूट सजावट से सजाया गया। इस अनोखे मेकओवर ने सफर को रोमांटिक फील-गुड एक्सपीरियंस बना दिया और सोशल मीडिया पर खूब चर्चा बटोरी।

Delhi Metro Valentine Week: दिल्ली हमेशा अपने अनोखे प्रयोगों के लिए जानी जाती है, लेकिन इस बार मामला कुछ ज़्यादा ही “क्यूट” हो गया है। वैलेंटाइन वीक 2026 को खास बनाने के लिए दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन को ऐसा रूप दिया गया, जिसे देखकर लोग हैरान भी हैं और मुस्कुरा भी रहे हैं। गुलाबी रंग, दिलों की सजावट और सॉफ्ट लव-थीम के बीच मेट्रो अब सिर्फ सफर का साधन नहीं, बल्कि एक “फील-गुड एक्सपीरियंस” बन गई है।

बताया जा रहा है कि दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने वैलेंटाइन वीक के मौके पर पिंक लाइन को एक खास “पुक्की स्टाइल” थीम में बदलने का ऐलान किया। इस थीम के तहत मेट्रो को हल्के गुलाबी रंग से सजाया गया, जिसमें दिल के आकार की डिजाइन, प्यारे कार्टून कैरेक्टर और सॉफ्ट लाइटिंग शामिल है।

मेट्रो कोच के अंदर और बाहर ऐसी सजावट की गई कि यात्रियों को लगा मानो वे किसी रोमांटिक कैफे या वैलेंटाइन स्पेशल इवेंट में आ गए हों। रोज़मर्रा की भागदौड़ में डूबे लोगों के चेहरे पर भी इस बदलाव ने हल्की-सी मुस्कान ला दी।

सिर्फ ट्रेन ही नहीं, बल्कि पिंक लाइन के कुछ चुनिंदा स्टेशनों को भी खास अंदाज़ में सजाया गया। राजौरी गार्डन और मयूर विहार जैसे स्टेशनों पर गुलाबी लाइट्स, दिलों की आकृतियां और रोमांटिक म्यूरल लगाए गए।

स्टेशन पर बजने वाले अनाउंसमेंट्स के बीच हल्के-फुल्के लव सॉन्ग्स का अहसास भी यात्रियों को अलग ही मूड में ले गया। ऐसा लगा जैसे ऑफिस जाने की जल्दी भी थोड़ी देर के लिए रुक गई हो।

इस पूरे प्रयोग के पीछे मकसद बताया गया कि पब्लिक ट्रांसपोर्ट को सिर्फ ज़रूरत नहीं, बल्कि एक सकारात्मक अनुभव बनाया जाए। सरकार का मानना है कि रोज़ाना मेट्रो में सफर करने वाले लाखों लोग अगर कुछ पल के लिए भी खुश महसूस करें, तो शहर का माहौल थोड़ा हल्का और बेहतर हो सकता है। “पुक्की लेवल स्वीटनेस” के नाम से इस थीम को सोशल मीडिया पर भी खूब चर्चा मिली। लोगों ने इसे दिल्ली की सबसे क्यूट सरकारी पहल तक कह डाला।

जैसे ही मेट्रो की तस्वीरें सामने आईं, सोशल मीडिया पर मीम्स और मज़ेदार कमेंट्स की बाढ़ आ गई। किसी ने लिखा, “अब ब्रेकअप के बाद भी पिंक लाइन से जाना पड़ेगा,” तो किसी ने कहा, “दिल टूटा हो या न हो, मेट्रो दिल जरूर जीत लेगी।” कुछ यूजर्स ने इसे ओवरडोज़ ऑफ क्यूटनेस बताया, तो कुछ ने कहा कि कम से कम सफर अब बोरिंग नहीं रहेगा।

इस पूरे मामले ने एक बात तो साफ कर दी, दिल्ली में कुछ भी हो सकता है। चाहे वह ट्रैफिक हो, राजनीति हो या फिर वैलेंटाइन वीक में मेट्रो का मेकओवर।
पिंक लाइन का यह “पुक्की स्टाइल” बदलाव भले ही मज़ाक और व्यंग्य के रूप में सामने आया हो, लेकिन इसने लोगों का ध्यान जरूर खींचा। कुछ पल के लिए ही सही, पर इसने शहर की रफ्तार में थोड़ी-सी मिठास घोल दी।

मैं एक बहुमुखी मीडिया पेशेवर हूं, जिसे कंटेंट लेखन में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव है। मेरा लक्ष्य ऐसी सामग्री पर ध्यान केंद्रित करना है जो सूचित, शिक्षित और प्रेरित करती है। चाहे लेख, ब्लॉग या मल्टीमीडिया सामग्री बनाना हो, मेरा लक्ष्य...