टीवी स्टार्स को लोहरी पर याद करें तो किसी न किसी सीरियल का कोई सीन आंखों के सामने आ ही जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं मकर संक्रान्ति के एक दिन पहले मनाई जाने वाली लोहरी से असल ज़िन्दगी में टीवी के ये सेलेब्स कैसा जुड़ाव रखते हैं। हमारे इन सेलेब्स की यादों को पढ़ते हुए आप ये भी महसूस करेंगे कि त्योहार से जुड़े एहसास हमारे और सेलेब्स के एक जैसे ही हैं। पढ़िए-
 
 
वंशिका शर्मा
(सोनी सब के ‘आदत से मजबूर’ की सैम)
 
पंजाब से आने के कारण लोहड़ी से जुड़ी बचपन की कई यादें हैं। हर साल मुझे इस त्योहार
का इंतजार रहता है। बॉनफायर के आस-पास मस्ती करने का हमारा अपना तरीका होता था। ठंड की ठिठुरती कोहरे वाली रात में हम घूमने-फिरने निकल जाते थे। हमारे परिवार के लोग और दोस्त बॉनफायर के आस-पास इकट्ठा हो जाया करते थे, गाने गाते थे। इतना ही नहीं, मूंगफली और रेवड़ी का मजा लेते हुए डांस भी करते थे। लोहड़ी की आग के आस-पास रस्में निभाने का अपना एक अलग ही आकर्षण था। उसकी यादें आज भी हमारे दिलों में बसी हुई हैं।
 

 प्रियम्वदा कांत

(सोनी सब के ‘तेनाली रामा’ की शारदा)

मेरी बचपन की कई सारी यादें इससे जुड़ी हुई हैं। चूंकि, मैं दिल्ली से हूं, मुझे दिल्ली की
सर्दी का इंतजार रहता था। क्योंकि सर्दियों के अंत में लोहड़ी का त्योहार आता था। मेरे
दोस्त और मैं साथ मिलकर बॉनफायर के आस-पास डांस करते थे और उसमें बड़ा मजा
आता था। मैंने उस परंपरा को यहां मुंबई में भी जारी रखा है। हमलोग हर साल एक दोस्त
के गार्डन में यह त्योहार मनाते हैं।
 

 अनूप उपाध्याय

(सोनी सब के ‘जीजाजी छत पर हैं’ के मुरारी)

लोहड़ी से जुड़ी काफी अच्छी यादें हैं। पंजाब के मेरे कई सारे दोस्त हैं। मुझे पंजाब में उनके
साथ इस त्योहार को मनाने का मौका भी मिला है, जो आज भी यादगार पलों में से एक है। यह त्योहार खासतौर से किसानों के बेहद करीब है, क्योंकि यह फसलों की कटाई के जश्न का त्योहार है। इसकी सबसे मीठी रस्मों में से एक है, अग्नि में चढ़ाया जाने वाला प्रसाद स्वादिष्ट रेवड़ी 1⁄4तिलगुड़1⁄2। मैं सभी लोगों को लोहरी की शुभकामनायें देती हूं। इसका भरपूर आनंद उठायें।
 

 विपुल रॉय

     (सोनी सब के ‘टंबल हो गई डबल’ के आदित्य)
 
मेरी मां पंजाब की रहने वाली हैं, जहां लोहड़ी बहुत बड़े पैमाने पर मनायी जाती है। वे त्योहार के दौरान प्रसाद के रूप में रेवड़ी 1⁄4 तिलगुड़ 1⁄2 बांटते हैं। मुझे आज भी याद है जब मैं छोटा था तो अग्नि में भगवान को चढ़ाई जाने वाली रेवड़ी खाने की उत्सुकता रहती थी! वह पल मेरे दिमाग में पूरी तरह रचा-बसा है और पूरी जिंदगी बना रहेगा।
 
 
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