Overview: किडनी स्टोन के मरीजों को क्यों होती है बार-बार पेशाब करने की इच्छा?
किडनी स्टोन की समस्या लोगों में काफी आम होती जा रही है। गलत खानपान और मिलावटी चीजों की वजह से स्टोन की समस्या काफी आम हो चुकी है।
Frequent Urination in Kidney Stone: किडनी स्टोन की समस्या लोगों में काफी आम होती जा रही है। गलत खानपान और मिलावटी चीजों की वजह से स्टोन की समस्या काफी आम हो चुकी है। किडनी में होने वाली पथरी काफी दर्दनाक होती है। इसका दर्द काफी बुरा होता है। किडनी में पथरी होने पर मरीजों को बार-बार पेशाब करने की इच्छा महसूस होती है। आइए जानें, किडनी स्टोन के मरीजों को बार-बार पेशाब करने की इच्छा क्यों होती है?
गुर्दे की पथरी (Kidney Stones) बार-बार पेशाब आने की समस्या पैदा कर सकती है, खासकर जब ये खिसककर मूत्र मार्ग के निचले हिस्से में पहुंच जाती हैं। ये पथरियां वहां जलन और रुकावट पैदा करती हैं, जिसके परिणामस्वरूप पेशाब करने की तेज और लगातार इच्छा होना, पेशाब के दौरान दर्द महसूस होना और मूत्राशय के पूरी तरह खाली न होने जैसा एहसास हो सकता है। फरीदाबाद स्थित Asian Institute of Medical Sciences के जाने-माने Urology & Kidney Transplant विशेषज्ञ Dr. Rajiv Kumar Sethia ने इस बारे में विस्तार से जानकारी दी है।
किडनी में पथरी क्यों होती है?
गुर्दे की पथरी को रीनल कैलकुली भी कहते हैं। अक्सर किडनी की पथरी खनिजों और लवणों के क्रिस्टल से बने कठोर जमाव होते हैं जो गुर्दे के अंदर विकसित होते हैं। ये पथरी आकार में रेत के छोटे दाने से लेकर बड़े पत्थरों तक हो सकती हैं, जो मूत्र मार्ग को अवरुद्ध करने की क्षमता रखती हैं।
गुर्दे की पथरी के मुख्य प्रकारों में कैल्शियम पथरी जो सबसे आम है और अक्सर कैल्शियम ऑक्सालेट से बनी होती है, यूरिक एसिड की पथरी जो अक्सर निर्जलीकरण या अधिक प्रोटीन वाले आहार से जुड़ी होती है, स्ट्रुवाइट पत्थर जो आमतौर पर मूत्र पथ के संक्रमणों के कारण बनते हैं और सिस्टीन पथरी शामिल हैं।
पथरी में बार-बार पेशाब क्यों आता है?
डॉक्टर राजीव कुमार सेठिया बताते हैं कि जब ये पथरी गुर्दे से निकलकर मूत्रवाहिनी में जाने लगती है, तो वे गंभीर दर्द के साथ-साथ बार-बार पेशाब आने जैसे तीव्र मूत्र संबंधी लक्षण पैदा कर सकती हैं। यही वजह से की किडनी की पथरी के मरीजों को अक्सर बार-बार पेशान करने की इच्छा होती है।
किडनी स्टोन में बार-बार पेशाब आने के अन्य कारण

गुर्दे की पथरी (Kidney Stones) मुख्य रूप से मूत्र मार्ग के निचले हिस्से में जलन या आंशिक रुकावट पैदा करके बार-बार पेशाब आने की समस्या पैदा करती है। जब पथरी मूत्रवाहिनी या मूत्राशय से गुजरती है, तो वे इन अंगों की परत में जलन और सूजन पैदा करती हैं, जिसके कारण पेशाब करने की तीव्र और बार-बार इच्छा होती है, साथ ही पेशाब के दौरान जलन भी महसूस हो सकती है।
इसके अलावा, यदि कोई छोटा पत्थर मूत्रवाहिनी को आंशिक रूप से अवरुद्ध कर देता है, तो इससे मूत्राशय और गुर्दों में दबाव बढ़ता है, जिससे रोगी को बार-बार पेशाब जाने की जरूरत महसूस होती है, भले ही मूत्र की मात्रा कम हो।
एक और चिंताजनक कारण मूत्र मार्ग में संक्रमण (UTI) है, जिसका खतरा पथरी की उपस्थिति से बढ़ जाता है। संक्रमण के कारण भी बार-बार पेशाब आने की इच्छा होती है, लेकिन इसके साथ पेशाब में तात्कालिकता, जलन और मूत्र का रंग बादलदार या दुर्गंधयुक्त हो सकता है। यदि पथरी मूत्राशय में चली जाती है, तो वह मूत्राशय की पथरी में बदल सकती है, जो बार-बार पेशाब आने और पेट के निचले हिस्से में बेचैनी पैदा करती है।
