Vastu Tips for Bedroom: किचन हर घर का एक महत्वपूर्ण भाग है, जिसे लोग अपने मन मुताबिक बनवाते हैं। कोई रसोईघर में मंदिर बनाता है, तो कोई रंग-बिरंगे खिड़कियां दरवाजे बनवाता हैं, तो कोई ओपन किचन के जरिए घर को स्टाइलिश लुक देने कि कोशिश करता है। मगर कई बार किचन का इंटीरियर और दिशा हमारे जीवन में कई मुश्किलों का कारण साबित हो सकती है। इसके चलते व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आर्थिक रूप से नुकसान पहुंचता है। आइए जानते हैं, वो कौन से ऐसे वास्तु नियम हैं, जिनकी अनदेखी वास्तु दोषों का कारण साबित हो सकते हैं।
किचन और बाथरूम के मध्य पार्टिशन बनाएं

अगर आपके रसोईघर का दरवाजा बेडरूम के सामने खुलता है, तो ये एक वास्तु दोष है, जो घर में नकारात्मकता का कारण साबित हो सकता है। इस दोष से बचने के लिए बेडरूम और किचन के मध्य परदा या किसी अन्य प्रकार का पार्टिशन खड़ा कर सकते हैं, ताकि किचन से बेडरूम दिखाई न दे।
दीवार पर विंड चाइम्स लटकाएं

अगर रसोईघर के सामने बेडरूम का दरवाजा नजर आता है और आप दरवाजा बंद नहीं करते हैं, तो किचन और बेडरूम को जोड़ने वाली दीवार पर एक विंड चाइम्स लटकाएं। ध्यान रखें कि चाइम्स की संख्या 2, 4, 6 यां 8 हो। यानी संख्या विषम की बजाय सम होनी चाहिए। इसके अलावा उस पर डॉल्फिन या दिल की जैसी बड़ी आकृतियां न बनी हों। विंड चाइम्स वास्तु दोष दूर करने का एक सार्थक उपाय है।
दरवाजा बंद रखें
सबसे पहले आप प्रयास करें कि रसोईघर और बेडरूम में से किसी एक का स्थान परिवर्तन कर दें। अगर आप जगह की कमी यां किसी अन्य कारणवश रसोईघर का स्थान नहीं बदल पा रहे है, तो ऐसे में कोशिश करें कि बेडरूम का दरवाजा हमेशा बंद रखें। अगर आप बेडरूम का दरवाजा बंद नहीं कर पा रहे, तो रसोई को काम खत्म करने के बाद बंद करके रखें।
समुद्री नमक से दूर करें नकारात्मकता
अगर आप घर के वास्तुदोषों को दूर करने का प्रयास कर रहे हैं, तो कोशिश करें कि एक कटोरी भर समुद्री नमक लेकर उसे रसोईघर के एक कोने में हिफाजत से रख दें। ये नमक घर में फैली सारी नकारात्मक ऊर्जा खुद सोख लेता है।
सुंदरकाण्ड और रामचरितमानस का पाठ
अगर आपके घर में हर वक्त परेशानी का माहौल है और आपके कार्यों पर वास्तुदोष हावी हो रहा है, तो ऐसे में समय समय पर घर में सुंदरकाण्ड और रामचरितमानस का पाठ अवश्य करवाएं। ताकि घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर हो सके।
