Overview: सिद्धार्थ की बरसी पर शहनाज की चुप्पी
अभिनेत्री शहनाज गिल अपने करीबी दोस्त सिद्धार्थ शुक्ला की तीसरी बरसी पर कोई पोस्ट न करने की वजह से ट्रोल हो रही हैं। सोशल मीडिया यूजर्स ने उन पर सफलता पाने के बाद सिद्धार्थ को भूलने का आरोप लगाया। हालांकि, उनके फैंस का कहना है कि भावनाओं को सार्वजनिक रूप से व्यक्त करना जरूरी नहीं है और वह निजी तौर पर सिद्धार्थ को याद करती हैं।
Shehnaaz Remains Silent on Sidharth Death Anniversary: एक्ट्रेस और सिंगर शहनाज गिल (Shehnaaz Gill) एक बार फिर सोशल मीडिया पर बुरी तरह ट्रोल हो रही हैं। वजह है उनके करीबी दोस्त और एक्टर सिद्धार्थ शुक्ला (Sidharth Shukla) की पुण्यतिथि पर उनका सोशल मीडिया पर कुछ भी पोस्ट न करना। 2 सितंबर को सिद्धार्थ की तीसरी बरसी थी और इस दिन शहनाज ने अपनी फीलिंग्स को शब्दों में बयां नहीं किया, जिसके बाद नेटिजन्स का गुस्सा फूट पड़ा।
सोशल मीडिया पर क्यों हुआ हंगामा?
दरअसल, सिद्धार्थ शुक्ला की तीसरी पुण्यतिथि पर उनके परिवार, दोस्तों और ‘सिडनाज‘ के फैंस ने उन्हें सोशल मीडिया पर पोस्ट करके याद किया। हर कोई उम्मीद कर रहा था कि शहनाज भी कुछ न कुछ पोस्ट करके अपनी भावनाएं व्यक्त करेंगी। लेकिन उनकी चुप्पी ने लोगों को हैरान कर दिया।
इसके बाद, कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने शहनाज पर आरोप लगाना शुरू कर दिया कि वह अपनी कामयाबी के बाद सिद्धार्थ को भूल गई हैं। लोगों ने उनके पोस्ट पर भद्दे कमेंट्स किए और कहा कि उन्हें सिद्धार्थ को याद करने में शर्म आनी चाहिए। कई लोगों ने यह भी कहा कि सिर्फ शोहरत और पैसा कमाने के लिए उन्होंने सिद्धार्थ की याद को पीछे छोड़ दिया है।
फैंस ने क्यों किया बचाव?
शहनाज पर हो रहे इस हमले के बाद, उनके फैंस ने मोर्चा संभाला और ट्रोलर्स को करारा जवाब दिया। फैंस का कहना था कि शहनाज को अपनी फीलिंग्स दिखाने के लिए सोशल मीडिया पर कुछ भी पोस्ट करने की जरूरत नहीं है।
निजी दुःख का सम्मान
फैंस का मानना था कि हर किसी का शोक मनाने का तरीका अलग होता है। शहनाज ने हमेशा अपने दुख को निजी रखा है और वह अपनी भावनाओं को दुनिया के सामने नहीं दिखाती हैं।

अंदर की यादें
फैंस ने यह भी बताया कि शहनाज कई बार अपने इंटरव्यू में सिद्धार्थ को याद कर चुकी हैं। वह अपने दिल और दिमाग में उन्हें हमेशा जिंदा रखती हैं और सिर्फ एक दिन सोशल मीडिया पर पोस्ट न करने से उनके प्यार या सम्मान पर सवाल नहीं उठाया जा सकता। यह पूरा विवाद इस बात को सामने लाता है कि सोशल मीडिया ने कैसे लोगों पर अपनी भावनाओं को सार्वजनिक रूप से व्यक्त करने का दबाव डाल दिया है। किसी के दिल में क्या है, यह उसके सोशल मीडिया पोस्ट से तय नहीं किया जा सकता।
सिद्धार्थ के परिवार का दृष्टिकोण
यह जानना ज़रूरी है कि सिद्धार्थ शुक्ला की तीसरी बरसी पर उनके परिवार ने क्या किया। सिद्धार्थ की बहनें और उनकी माँ ने सोशल मीडिया पर कोई सार्वजनिक पोस्ट नहीं किया, लेकिन उन्होंने मुंबई के एक गुरुद्वारे में एक प्रार्थना सभा आयोजित की थी। इस प्रार्थना सभा में केवल करीबी लोग और परिवार के सदस्य ही शामिल हुए थे। इस घटना से यह बात सामने आती है कि सिद्धार्थ का परिवार भी अपनी भावनाएं सार्वजनिक तौर पर दिखाने के बजाय, उन्हें निजी और धार्मिक तरीके से व्यक्त करने में विश्वास रखता है। इस बात ने भी शहनाज के फैंस को यह तर्क देने का मौका दिया कि जब परिवार ने खुद कोई दिखावा नहीं किया, तो शहनाज से भी इसकी उम्मीद क्यों की जा रही थी।
ट्रोल्स का ‘बेशर्म’ वाला टैग
यह विवाद सिर्फ एक पोस्ट न करने तक सीमित नहीं रहा। ट्रोल्स ने शहनाज पर ‘बेशर्म’ और ‘धोखेबाज’ जैसे टैग लगाकर उन पर व्यक्तिगत हमले शुरू कर दिए। सोशल मीडिया पर #ShameOnShehnaaz जैसे हैशटैग भी ट्रेंड हुए, जिनमें लोग उनकी मौजूदा सफलता और उनके और सिद्धार्थ के रिश्ते को तुलनात्मक रूप से देख रहे थे। एक प्रमुख कारण यह भी था कि सिद्धार्थ की दूसरी पुण्यतिथि पर शहनाज ने एक बेहद भावुक पोस्ट शेयर किया था, जिसमें उन्होंने सिद्धार्थ को याद किया था। इस साल ऐसा कोई पोस्ट न देखकर, लोगों को लगा कि उन्होंने अपना वादा तोड़ दिया है।
शहनाज का ‘फोकस’ वाला बयान
कुछ इंटरव्यूज में शहनाज ने अपने करियर और निजी जिंदगी के बारे में बात करते हुए कहा था कि वह अब केवल अपने काम पर ध्यान केंद्रित करना चाहती हैं। इस बयान को कुछ लोगों ने यह मान लिया कि वह अपने अतीत से आगे बढ़ गई हैं, जबकि उनके फैंस का मानना है कि यह उनकी परिपक्वता को दर्शाता है कि वह अपने दुःख को निजी रखकर आगे बढ़ना चाहती हैं।
यह पूरा मामला एक बहस का विषय बन गया है कि क्या किसी सेलिब्रिटी को अपनी भावनाओं को सोशल मीडिया पर दिखाना अनिवार्य है, या उन्हें अपनी निजी जिंदगी को अपने तरीके से जीने का अधिकार है।
