summary: सेंट पैट्रिक्स डे 2026: डबलिन में हरे रंग में डूबा जश्न, लाखों लोग शामिल
आयरलैंड की राजधानी डबलिन में सेंट पैट्रिक्स डे पूरे उत्साह और भव्यता के साथ मनाया गया, जिसमें लाखों लोग शामिल हुए। भव्य परेड, हरे रंग की सजावट और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने इस त्योहार को यादगार बना दिया।
St. Patrick’s Day: आयरलैंड का सबसे बड़ा राष्ट्रीय पर्व सेंट पैट्रिक्स डे इस साल भी पूरे उत्साह और भव्यता के साथ मनाया गया। राजधानी डबलिन में चार दिनों तक जश्न का माहौल देखने को मिला। इस खास मौके पर देश-विदेश से लाखों लोग यहां पहुंचे और पूरे शहर को उत्सव के रंग में रंग दिया।
लाखों पर्यटकों ने बढ़ाई रौनक
इस महोत्सव में दुनियाभर से करीब 5 लाख से ज्यादा पर्यटक शामिल हुए। शहर की सड़कों पर भारी भीड़ देखने को मिली, जहां हर तरफ खुशी और उत्साह का माहौल था। सुबह से ही लोग परेड और कार्यक्रमों का हिस्सा बनने के लिए सड़कों पर जुटने लगे थे। अलग-अलग देशों से आए लोगों ने इस उत्सव को एक वैश्विक रूप दे दिया।
17 मार्च की परेड बनी मुख्य आकर्षण
सेंट पैट्रिक्स डे का सबसे खास हिस्सा 17 मार्च को आयोजित होने वाली भव्य नेशनल परेड होती है। इस बार भी यह परेड बेहद खास रही। इसमें 4000 से ज्यादा कलाकारों, डांसर और मार्चिंग बैंड ने हिस्सा लिया। रंग-बिरंगी झांकियां, संगीत और नृत्य ने लोगों का दिल जीत लिया। परेड O’Connell Street से शुरू होकर ट्रिनिटी कॉलेज डबलिन के पास से गुजरते हुए सेंट स्टीफंस ग्रीन तक पहुंची।
पूरा शहर हरे रंग में रंगा नजर आया
इस त्योहार की सबसे खास बात यह रही कि पूरे शहर में जहां भी नजर गई, वहां हरा रंग ही दिखाई दिया। लोगों ने हरे रंग के कपड़े पहने, चेहरे पर पेंट किया और कई जगहों पर इमारतों को भी हरे रंग की रोशनी से सजाया गया। हर तरफ आयरिश पारंपरिक संगीत गूंज रहा था और माहौल पूरी तरह उत्सवमय बना हुआ था।
राष्ट्रपति की मौजूदगी में हुआ आयोजन
इस भव्य परेड में आयरलैंड के राष्ट्रपति माइकल डी. हिगिंस भी शामिल हुए। उन्होंने अपनी पत्नी के साथ पहले चर्च में प्रार्थना सभा में हिस्सा लिया और उसके बाद शहर में निकाली गई परेड का आनंद लिया। उनकी मौजूदगी ने इस आयोजन को और भी खास बना दिया।

संस्कृति और परंपरा की झलक
सेंट पैट्रिक्स डे केवल एक त्योहार नहीं, बल्कि आयरलैंड की संस्कृति और परंपरा का प्रतीक है। यह दिन सेंट पैट्रिक्स की याद में मनाया जाता है, जिन्होंने 5वीं सदी में यहां ईसाई धर्म का प्रचार किया था। साल 1631 में इसे धार्मिक मान्यता मिली और धीरे-धीरे यह एक अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक उत्सव बन गया।
इस साल की थीम रही ‘साहसिक यात्रा’
इस बार परेड की थीम ‘एडवेंचर’ (साहसिक यात्रा) रखी गई थी। इसका उद्देश्य आयरलैंड की साहसी सोच, विविधता और एकता को दर्शाना था। कई झांकियों के जरिए समाज के अलग-अलग वर्गों और परंपराओं को दिखाया गया। एक विशेष प्रस्तुति में एक एनजीओ के 40 साल पूरे होने का जश्न भी मनाया गया।
देर रात तक चलता रहा जश्न
हालांकि मुख्य परेड दोपहर तक चली, लेकिन पूरे शहर में उत्सव का माहौल देर रात तक बना रहा। संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने लोगों को बांधे रखा। सड़कों पर लगातार मनोरंजन होता रहा, जिससे हर कोई इस जश्न का हिस्सा बन सका।
वैश्विक बन चुका है यह त्योहार
आज सेंट पैट्रिक्स डे केवल आयरलैंड तक सीमित नहीं है, बल्कि दुनिया के कई देशों में इसे बड़े पैमाने पर मनाया जाता है। यह त्योहार अब संस्कृति, एकता और खुशी का प्रतीक बन चुका है, जो हर साल लाखों लोगों को एक साथ जोड़ता है।
