aamir khan
There is a friendship between the three Khans

Overview: आमिर का डबल अटैक: आतंकी हमले और PK विवाद पर तोड़ी चुप्पी

आमिर खान ने पहलगाम आतंकी हमले पर कहा 'आतंकवादी मुसलमान नहीं', और 'पीके' पर 'लव जिहाद' आरोपों का खंडन किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि फिल्म धर्म के खिलाफ नहीं, और प्रेम को 'इंसानियत' बताया।

Aamir Khan Big Statement: आमिर खान हाल ही में कई बड़े बयानों को लेकर चर्चा में हैं। उन्होंने न सिर्फ पहलगाम आतंकी हमले पर अपनी चुप्पी तोड़ी है, बल्कि अपनी सुपरहिट फिल्म ‘पीके’ पर लगे ‘लव जिहाद’ के आरोपों पर भी खुलकर बात की है। आइए जानते हैं इन दोनों बड़े मुद्दों पर आमिर खान ने क्या कहा।

पहलगाम आतंकी हमले पर बयान

हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकी हमले पर बॉलीवुड की चुप्पी को लेकर कई सवाल उठ रहे थे, खासकर आमिर खान की तरफ से प्रतिक्रिया न आने पर। अब आमिर खान ने इस पर अपनी चुप्पी तोड़ी है और एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि वह इन आतंकवादियों को मुसलमान नहीं मानते।

चुप्पी का कारण

Aamir Khan Big Statement
reason for silence

आमिर खान ने अपनी देरी से प्रतिक्रिया देने का कारण बताते हुए कहा कि वह सोशल मीडिया पर एक्टिव नहीं हैं, जहां लोग तुरंत प्रतिक्रिया देते हैं। उन्होंने बताया कि इस हमले से वह काफी व्यथित और डिप्रेस्ड थे, और इस वजह से कई दिनों तक घर से नहीं निकले।

इस्लाम का बचाव

आमिर खान ने जोर देकर कहा कि कोई भी धर्म लोगों को मारने के लिए नहीं कहता। उन्होंने कहा, “मैं इन आतंकवादियों को मुसलमान नहीं मानता क्योंकि इस्लाम में लिखा है कि आप किसी भी निर्दोष इंसान को नहीं मार सकते। किसी महिला या बच्चे पर हमला नहीं कर सकते। वे जो कर रहे हैं, वह धर्म के खिलाफ है।”

देशभक्ति पर सवाल

question on patriotism
question on patriotism

आमिर खान ने अपनी देशभक्ति पर उठ रहे सवालों का भी जवाब दिया और कहा कि उन्होंने किसी भी अन्य अभिनेता से ज्यादा देशभक्ति वाली फिल्में की हैं। उन्होंने अपनी फिल्म ‘अंदाज़ अपना अपना’ के प्रीमियर को भी पहलगाम हमले के कारण रद्द करने का जिक्र किया।

‘लव जिहाद’ के आरोप और आमिर खान का जवाब

आमिर खान की 2014 में आई सुपरहिट फिल्म ‘पीके’ को लेकर भी लंबे समय से विवाद चल रहा है। फिल्म पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और ‘लव जिहाद’ को बढ़ावा देने के आरोप लगे थे। आमिर खान ने अब इन आरोपों पर भी अपनी चुप्पी तोड़ी है।

धर्म पर निशाना नहीं

आमिर खान ने स्पष्ट किया कि फिल्म किसी भी धर्म के खिलाफ नहीं थी। उन्होंने कहा, “जो लोग यह कहते हैं वे गलत हैं। हम किसी धर्म के खिलाफ नहीं हैं। हम सभी धर्मों और सभी धार्मिक लोगों का सम्मान करते हैं। वह फिल्म सिर्फ हमें उन लोगों से सावधान रहने के लिए कहती है जो धर्म का फायदा उठाकर आम आदमी को बेवकूफ बनाते हैं और उनसे पैसे निकालते हैं।”

‘लव जिहाद’ पर कटाक्ष

फिल्म में अनुष्का शर्मा (हिंदू) और सुशांत सिंह राजपूत (पाकिस्तानी मुस्लिम) के बीच प्रेम कहानी को लेकर ‘लव जिहाद’ के आरोप लगे थे। इस पर आमिर खान ने कड़ा जवाब देते हुए कहा, “जब दो धर्मों के लोग, खासकर हिंदू और मुस्लिम, प्यार में पड़ते हैं और शादी करते हैं, तो वह हमेशा लव जिहाद नहीं होता। यह सिर्फ इंसानियत है। यह धर्म से ऊपर है।”

आमिर खान ने अपने परिवार का उदाहरण देते हुए कहा कि उनकी बहनों और बेटी ने हिंदू पुरुषों से शादी की है। उन्होंने सवाल किया, “क्या इसे भी आप लव जिहाद कहेंगे?” उन्होंने यह भी बताया कि उनके बच्चों के नाम, जो मुस्लिम लगते हैं (जैसे इरा खान, जुनैद खान और आजाद राव खान), उनकी हिंदू पत्नियों ने ही रखे हैं।

आमिर खान के इन बयानों से एक बार फिर सोशल मीडिया पर हलचल मच गई है। उन्होंने आतंकवाद और धार्मिक कट्टरता दोनों पर अपनी स्पष्ट राय रखी है।

मैं रिचा मिश्रा तिवारी पिछले 12 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हूं। विभिन्न न्यूज चैनल के साथ काम करने के अलावा मैंने पीआर और सेलिब्रिटी मैनेजमेंट का काम भी किया है। इतने सालों में मैंने डायमंड पब्लिकेशंस/गृह लक्ष्मी, फर्स्ट...