Gold
Dhanteras Gold Credit: Istock

Overview: सोने की चमक से न खाएं धोखा, खरीददारी से पहले बरतें ये सावधानियां

धनतेरस और दिवाली पर सोना खरीदना भारतीय परंपरा का हिस्सा है, लेकिन बिना जानकारी के खरीदारी नुकसानदायक हो सकती है।

Tips For Buying Gold On Dhanteras: त्योहारी सीजन शुरू हो चुका है, और करवा चौथ, धनतेरस और दिवाली के मौके पर हर कोई कुछ शुभ खरीदना चाहता है। सोना खरीदना न केवल भारतीय परंपरा में शुभ माना जाता है, बल्कि यह एक अच्छा निवेश और सुरक्षा का साधन भी है। लेकिन, अधूरी जानकारी या सही परख न होने पर सोना खरीदना आपको हजारों, बल्कि लाखों रुपये का नुकसान करा सकता है। इसलिए, इस साल धनतेरस पर खरीदारी से पहले कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है ताकि त्योहार की खुशी समझदारी के साथ दोगुनी हो जाए।

सोने की लेटेस्‍ट कीमत जानें

सोना खरीददते समय बरतें सावधानियां
Know the latest gold price

धनतेरस या दिवाली पर सोने की कीमत हर शहर में थोड़ी अलग होती है। चाहे दिल्ली, मुंबई, जयपुर या पटना हो, कीमतों में थोड़ा-बहुत अंतर जरूर होता है। इसलिए, ज्वेलरी की दुकान पर जाने से पहले अपने शहर में 22 कैरेट और 24 कैरेट सोने की कीमत के बारे में जान लें। कई बार ज्वेलर्स वास्तविक कीमत से ज्यादा कीमत बताते हैं, जिससे ग्राहकों को नुकसान होता है। अपने मोबाइल पर सोने की कीमत जांचकर आप ठगे जाने से बच सकते हैं।

मेकिंग चार्ज को समझें

आभूषण को डिजाइन करने की लागत को मेकिंग चार्ज कहते हैं। यह या तो प्रति ग्राम के हिसाब से लिया जाता है या कुल कीमत का एक प्रतिशत। साधारण डिजाइनों में यह चार्ज कम होता है, जबकि भारी डिजाइनों में ज्यादा। कई ज्वेलर्स त्योहारों के दौरान मेकिंग चार्ज कम करते हैं या माफ कर देते हैं, इसलिए इन विवरणों को जरूर पूछें। वहीं वेस्टेज चार्ज वह लागत है जो डिजाइनिंग के दौरान सोने के नुकसान पर ली जाती है। सोना लेने से पहले इसे स्पष्ट कर लें।

ज्वेलर्स की करें तुलना

हर ज्वेलर अलग-अलग मेकिंग चार्ज और वेस्टेज चार्ज लेता है। कुछ कम चार्ज करते हैं, तो कुछ ज्यादा। इसलिए, खरीदारी से पहले 2-3 दुकानों की कीमतों की तुलना जरूर करें। त्योहारों के दौरान ज्वेलर्स अक्सर छूट या ऑफर देते हैं। अगर मेकिंग चार्ज ज्यादा लगे, तो मोलभाव करने में संकोच न करें। थोड़ी सी मेहनत आपको हजारों रुपये बचा सकती है।

हॉलमार्क और HUID नंबर देखें

सोना खरीदते समय छोटे दुकानदारों के पास न जाएं उनके पास आपको हॉलमार्क ज्‍वेलरी नहीं मिलेगी। सोने की प्‍योरिटी के लिए हॉलमार्क ज्वेलरी खरीदना बहुत जरूरी है। हॉलमार्क सरकार द्वारा दी गई एक प्रमाणन प्रक्रिया है जो सोने की शुद्धता की गारंटी देती है। इसमें पांच हिस्से होते हैं: BIS लोगो, कैरेट की जानकारी (जैसे 22K, 18K), ज्वेलर की पहचान, टेस्टिंग सेंटर का निशान और सबसे महत्वपूर्ण HUID नंबर, जो हर आभूषण के लिए एक यूनिक कोड होता है।

जानें बाय-बैक पॉलिसी के बारे में

सोना खरीददते समय बरतें सावधानियां
Learn about the buy-back policy

अगर आप भविष्य में उसी ज्वेलरी को बेचने की योजना बना रहे हैं, तो पहले ही ज्वेलर से पूछ लें कि बाय-बैक पॉलिसी के तहत कितनी कटौती होगी। कुछ ज्वेलर्स पूरी कीमत देते हैं, जबकि कुछ मेकिंग चार्ज काट लेते हैं। इन विवरणों को पहले स्पष्ट करने से बाद में परेशानी नहीं होगी।

GST और बिल की जांच करें

सोने की खरीद पर 3% GST लगता है। उदाहरण के लिए, अगर आप 50,000 रुपये का सोना खरीदते हैं, तो GST के रूप में 1,500 रुपये देने होंगे। बिल में GST अलग से दिखाया जाना चाहिए। हमेशा वैध बिल लें, जिसमें कैरेट, वजन, मेकिंग चार्ज, GST और HUID नंबर स्पष्ट रूप से लिखा हो। बिना बिल की ज्वेलरी बाद में दावे या बेचने में परेशानी पैदा कर सकती है।

कौन सा सोना खरीदें

-सोने की शुद्धता कैरेट में मापी जाती है। खरीदते समय कैरेट जरूर जांचें ताकि धोखा न हो।

-24 कैरेट: 99.9% शुद्ध, लेकिन बहुत नरम, इसलिए ज्वेलरी में इस्तेमाल नहीं होता। 

-22 कैरेट: (91.6% शुद्धता) ज्वेलरी के लिए सबसे आम। 

-18 या 14 कैरेट: फैशन ज्वेलरी में इस्तेमाल, क्योंकि इसमें अन्य धातुएं मिली होती हैं।