घर में आए दिन कॉकरोच, चूहे, छिपकली, मच्छर, मक्खी और मकडिय़ों की वजह से गंदगी बनी रहती है। कितने भी उपाय कर लें, इनका घर से निकास संभव नहीं होता। पेस्ट यानी कीड़े-मकोड़े अनचाहे मेहमान होते हैं। अपनी मर्जी से आते हैं और जाने का नाम ही नहीं लेते। इन्हें भगाने के लिए हमें अच्छी-खासी मेहनत करनी पड़ती है। कई बार तो इन्हें स्प्रे, कॉकरोच लाइन या फिर अपने घर के दरवाजे खिड़कियों को एकदम बंद करके कंट्रोल कर लिया जाता है। जब इससे भी यह कंट्रोल न हों तो प्रोफेशनल मदद लेनी ही पड़ती है।
पेस्ट कंट्रोल के लिए प्रोफेशनल मदद
पेस्ट कंट्रोल के लिए प्रोफेशनल मदद ली जानी चाहिए या नहीं, यह इस पर निर्भर है कि कीड़ेम कोड़ों की हालत क्या है। घर नया हो या पुराना, पेस्ट सर्विसेज़ की मदद सही फैसला है। नए बने मकान में पेस्ट सर्विस कराना इसलिए सही है कि खाली घर में यह आसानी से हो जाएगा और लंबे समय तक घर पेस्ट्स से मुक्त रहेगा। जरूरत है तो सिर्फ एक फोन कॉल की, जिसके बाद प्रोफेशनल टीम आपके घर पहुंच जाएगी और फिर गारंटी के अनुसार साल-दो साल ही नहीं, बल्कि ज्यादा समय आप घर को साफ पाएंगे।
पेस्ट सर्विसेज़ के ऑफर
आजकल की पेस्ट सर्विसेज़ बहुत तरह के उपाय ऑफर करते हैं, जिनमें दीमक, मच्छर, कॉकरोच, चूहे और खटमल को घर से समाप्त करने की सर्विसेज़ प्रमुख हैं, इनके अलावा एक और पेस्ट सर्विस है जिसमें घर को पूरी तरह से पेस्ट मुक्त करने की गारंटी दी जाती है। यानी एक ही साथ सभी का काम तमाम।

पेस्टीसाइड की कम मात्रा
किसी भी पेस्ट सर्विस के अच्छे या बुरे होने का पता उनके पेस्टीसाइड की मात्रा पर निर्भर करता है, अच्छी कंपनियां पेस्टीसाइड्स की थोड़ी सी मात्रा का सही जगह पर छिड़काव करती हैं, जबकि छोटी कंपनियां पेस्ट भगाने के लिए पूरे घर में ढेर सारा पेस्टीसाइड छिड़क देती हैं। ज्यादा पेस्टीसाइड घर में रहने वालों की सेहत पर बुरा असर करते हैं।
काम के बारे में पता जरूर कर लें
प्रोफेशनल हेल्प लेना भले ही महंगा सौदा नजर आए, लेकिन लंबे समय में यह सस्ता साबित होता है। प्रोफेशनल मदद लेने से पहले पेस्ट कंट्रोल एजेंसी के बारे में पता कर लिया जाए। अगर किसी परिचित ने पहले किसी कंपनी से काम कराया हो, तो उसके अनुभव जान कर ही अपना निर्णय लें।
पेस्ट कंट्रोल कराने से पहले
चूंकि केमिकल्स सेहत के लिए नुकसानदायक होते हैं, इसलिए पेस्ट कंट्रोल कराने से पहले एजेंसी से इस ट्रीटमेंट और ट्रीटमेंट में इस्तेमाल केमिकल के साइड इफेक्ट्स के बारे में अच्छी तरह पता कर लें। सुनिश्चित करें कि प्रयोग किया जा रहा केमिकल एक्सपायर्ड न हो और बोतलों पर लेबलिंग हो।
कितने समय तक रहेंगे प्रभावी
पेस्ट कंट्रोल के तरीके कितने समय के लिए प्रभावी रहते हैं, इस बारे में जानकार बताते हैं, अगर केमिकल स्प्रे के तुरंत बाद बारिश हो जाए, तो इन केमिकल का असर खत्म हो जाता है, इसलिए वरना केमिकल कम से कम एक महीने तक प्रभावी रहता है। अगर पेस्ट मैनेजमेंट ढंग से किया जाए, तो समस्या लंबे समय तक नहीं होती।
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