हर महीना, समय, नक्षत्र व ग्रह हमारे जीवन को प्रभावित करते हैं। हमारे जन्म वाले माह का हमारे जीवन पर बहुत गहरा प्रभाव पड़ता है। इसका सीधा असर हमारे जीवन में भाग्य और विकास की स्थिति पर पड़ता है। एक साल में बारह महीने होते हैं और हिन्दू वैदिक रीति-रिवाज से उनका अलग अलग महत्त्व भी होता है। अगस्त माह में जन्मे जातकों का स्वभाव बहुत ही सौम्य होता है। ये जातक ईमानदारी को ही उज्ज्वल भविष्य की कुंजी मानते हैं। ये जातक कोशिश करते हैं कि ये हर मामले में ईमानदारी बरतें और दूसरों से भी ये ऐसी ही उपेक्षा रखते हैं। इन जातकों का एक विशेष स्वभाव यह भी होता है कि ये हर वक्त अपनी प्रशंसा सुनना चाहते हैं और साथ ही साथ कभी-कभी ये जातक खुद ही अपनी शेखी बघारने में भी पीछे नहीं हटते।
अगस्त मास में पैदा होने वाले जातक सूर्य प्रधान होते हैं। इनकी राशि सिंह है। सूर्य हमारे नक्षत्र मंडल का केंद्र है और इसी के अनुसार इस मास में जन्मे जातकों के प्रत्येक कार्य में प्रधानता होने की आदत होती है। सिंह राशि स्थिर संज्ञक है और ज्यादातर लोग मांगलिक कार्य इसी लग्न में करते हैं। सिंह राशि पुरुष जाति व अग्नि तत्व प्रधान होती है। चंद्र प्रधान जातकों से इनकी गहरी मित्रता होती है। मिथुन और कन्या राशि वाले जातक भी इनके अच्छे मित्र होते हैं। गुरु और मंगल प्रधानता वाले जातकों को ये विशिष्ट महत्ता प्रदान करते हैं। प्रधानता के कारण ये अपनी राय सर्वोपरि रखना चाहते हैं। ऐसे जातक दूसरों की बातों को ज्यादा महत्त्व भी नहीं देते।
स्वभाव से कंजूस
आपका जन्म किसी भी साल के अगस्त महीने में हुआ हो, आप ज्योतिष के हिसाब से अत्यंत कंजूस हैं। साथ ही आप अत्यंत टेलेंटेड और मनी माइंडेड भी हैं। आप ऊपर से जितने सज्जन दिखाई पड़ते हैं उतने होते नहीं हैं। पैसों के सामने रिश्ते-नाते-दोस्ती- प्यार आपके लिए सब बकवास है। आप कौड़ी-कौड़ी का हिसाब रखते हैं। खासकर कभी किसी मौके पर आपको अपनी जेब से देना पड़ जाए तो आपकी सूरत उतर जाती है। आप अक्सर अच्छे बिजनेसमैन, इंजीनियर, टीचर या फिर कलाकार होते हैं।
प्रतिभावान व्यक्तित्व
आपकी प्रतिभा का जवाब नहीं। कला, साहित्य और विभिन्न रचनात्मक विधाओं में आप अपनी विशिष्ट पहचान बनाते हैं। आपके भीतर सौन्दर्य बोध कमाल का है। आप अपनी मर्जी के मालिक हैं। जिद या कहें बेकार की जिद आपको आगे बढ़ने से रोकती है। कई बार आप खुद अपनी अच्छी-भली तैरती नाव को डुबो लेते हैं और फिर शहीद होने का ढोंग करते हैं।
स्वार्थी प्रवृत्ति
आप साम, दाम, दंड, भेद की नीति को मानने वालों में से हैं। लोगों का भला भी खूब करते हैं लेकिन मन ही मन उनसे रिटर्न की उम्मीद भी लगाए रखते हैं। ज्यादा दोस्त, सहेली बनाने में विश्वास नहीं रखते। अगर तब भी आपके कुछ दोस्त हैं, तो मानकर चलिए कि वह उनकी दयालुता है। इसमें आपका कोई योगदान नहीं। यानी अपनी और से आप कभी दोस्ती नहीं निभा पाते हैं। आप जुबान के बेहद कड़वे हैं। लोग आपकी पर्सनेलिटी से प्रभावित होकर आते हैं और आपको सुनकर कतरा कर निकल जाते हैं। आप खूबसूरत हैं इसमें कोई दो मत नहीं। लेकिन इस खूबसूरती के साथ मन की खूबसूरती लगभग लापता है। आपको घमंडी कहना गलत नहीं होगा।
जीवन में प्यार का महत्त्व
प्यार के मामले में आप बुद्धू और बिगड़ैल होते हैं। हालांकि आप अपने आपको काफी स्मार्ट समझते हैं। लाइफ को लेकर आपमें एक खास किस्म की लापरवाही पाई जाती है। आपको लगता है कि जीवन किसी के भी साथ गुजारा जा सकता है अगर वह आपके शासन में रहने को तैयार हो। इसलिए अगस्त में जन्मे खूबसूरत युवा के पार्टनर अक्सर डल और एकदम साधारण होते हैं। यहां तक कि लोगों को आप पर कौतुक हो सकता है कि क्या सोचकर रब ने यह जोड़ी बना दी। जबर्दस्त प्यार करने वाले, सौ में से कोई एक ही ऐसा बिरला मिलेगा बाकी तो बेमेल जोडिय़ों के किस्से ज्यादा नजर आते हैं। लड़कियां एक नंबर की फ्लर्ट लेकिन लगती हैं मासूम। इनकी खासियत यह होती है कि यह ऊपर से अबोध होने का स्वांग बखूबी रच लेती हैं और दुनिया को भी कानों-कान खबर नहीं होती। आप खूबसूरत तो बहुत होती हैं लेकिन शादी के मामले में अक्सर बेवकूफी का परिचय देती हैं। किसी भी लल्लू के साथ बंधकर सबको चौंका देती हैं।
आत्मविश्वासी लेकिन भावुक
अगस्त मास वाले जातक देखने में भव्य प्रतीत होते हैं। इनका जीवन कई उतार- चढ़ावों से भरा होता है। मुश्किल हालात में भी ये आत्मविश्वास नहीं खोते, लेकिन प्रेम के मामले में हमेशा चोट खाते हैं। भावनाओं पर नियंत्रण रखकर दिमागी फैसले करना इनका सबसे बड़ा गुण होता है। वे जिस भी क्षेत्र से जुड़ते हैं, वहां अपनी मौलिकता की छाप छोड़ते हैं। अगस्त मास में जन्मे जातक किसी न किसी माध्यम से कला से जुड़े होते हैं। यही नहीं, उस क्षेत्र में उन्हें महारत हासिल होती है। ऐसे जातकों की कुंडली में यदि सूर्य नीच के हों तो मुंह से लार आना, शरीर के किसी अंग का नकारा होना, उच्च रक्तचाप व त्वचा या चर्म रोगों का योग बनता है। यदि सूर्य, राहु से ग्रसित या युति कर रहे हों, तो इनके विचारों को गंदा करते हैं। इनके दिमाग में जुनून सवार रहता है। यदि सूर्य मित्र ग्रहों के साथ हो, तो पिता के साथ सम्बन्ध बहुत अच्छे होते हैं। शासकीय क्षेत्र से मान-सम्मान प्राप्त होता है व रोजगार के क्षेत्र में निरंतर प्रगति करते हैं। इन जातकों को सलाह दी जाती है कि वे मदिरा पान व निरामिष भोजन से दूर रहें, यथासंभव अपने गुस्से पर नियंत्रण रखें व नमक का सेवन कम करें अन्यथा इनके भाग्योदय में बाधा आती है।
शुभ रत्न धारण करें
अगस्त मास में पैदा होने वाले जातकों को पश्चिमी विद्वानों के अनुसार स्फटिक, कैट्स आई पहनना चाहिए व भारतीय ज्योतिष के अनुसार स्वास्थ्य के लिए माणिक, भाग्योदय के लिए मूंगा पहनना चाहिए। यदि चर्म रोग या गुप्त रोग परेशान कर रहे हों तो पुखराज धारण करना चाहिए।
लकी नंबर– 2 ,5, 9
लकी कलर– स्लेटी, गोल्डन और रेड
लकी डे– संडे और फ्राइडे
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