हमारे देश में भले ही लोग सेक्स पर खुलकर बात नहीं करते हैं लेकिन इससे जुड़ी कई ऐसी बातें हैं जिसे जानना हर किसी के लिए बेहद जरूरी है। और खासतौर पर शादी करने वाले नए जोड़ों को तो सेक्स से जुड़ी हर बातें पता होनी चाहिए। जिसमें कि सबसे अहम है सेक्सुअल हाइजीन का ख्याल रखना। हाइजीन का मतलब है स्वस्थ रहने का तरीका। इसकी अनदेखी से जहां एक ओर आपको शारीरिक परेशानियां हो सकती हैं, वहीं दूसरी ओर आप किसी संक्रामक बीमारी की चपेट में भी आ सकते हैं। आइए जानते हैं बेहतर सेक्सुअल हेल्थ के लिए किन-किन बेसिक हाइजीन की बातों का ध्यान रखना चाहिए।

 

  • प्राइवेट पार्ट के लिए हमेशा कॉटन के अंडरवियर का चुनाव करें। रेशमी कपड़े से आपको रैशेज हो सकते हैं।
  • ध्यान रखें अपने अंडरगारमेंट हमेशा साफ और सूखे हुए ही पहनें और  3 से 6 महीने में स्टॉक बदलते रहें।
  • हो सकें तो रोज या दूसरे दिन अपने सेक्सुअल ऑर्गन्स को नहाते समय गुनगुने पानी से साफ करें। इससे इंफेक्शन होने का खतरा नहीं रहता है।
  • प्युबिक हेयर यानि की गुप्तांगों के बाल हमेशा साफ रखें। ऐसा न करने से बैक्टटीरियल इंफेक्शन या उस जगह बॉइल्स हो सकता है।
 
  • सेक्स से पहले अगर आपको बाथरुम जाने कि जरूरत महसूस होती है तो भूलकर भी इसे रोके नहीं। क्योंकि ऐसा करने से ब्लै़डर में मौजूद बैक्टेरिया निकल जाते है और इंफेक्शन की संभावना नहीं रहती है।
  • अपने पार्टनर को ये बताना चाहिए कि वो सेक्स के बाद अपने  प्राइवेट पार्टस को धोते समय फोरस्किन को हटा कर धोएं। इससे अंदर जमे स्पर्म से इंफेक्शन का खतरा नहीं रहता है।
  • महिलाओं को हमेशा अपने प्राइवेट पार्ट को आगे से पीछे की ओर ही धोना चाहिए।
  • इस बात का पूरी तरह से ध्यान रखें कि टाइट अंडरवेयर्स बिल्कुल भी न पहनें। इससे पसीना बाहर नहीं निकल पाता और उसमें कीटाणु बनने लगते हैं।
  • शरीर के निचले हिस्से में ज्यादा परफ्यूम, स्प्रे लगाने से या सेक्स के दौरान ल्यूब्रिकेंट्स का इस्तेमाल करने की वजह से एलर्जी होने की संभावना बढ़ जाती है जिससे वेजाइनल डिस्चार्ज होने की संभावना बढ़ जाती है।
 
अगर आपको लगता है कि प्राइवेट पार्ट में किसी तरह का कोई भी इंफेक्शन है तो डॉक्टर को जरूर दिखाएं।