जिस तरह से आंखें हाले दिन बयान कर देती हैं, उसी तरह ये होंठ भी बिना कुछ बोले बहुत कुछ बोल देते हैं। जी हां, ये लब आपके पूरे व्यक्तित्व को बयान कर देते हैं।

बड़े और फैले हुए होंठ :- 

ऐसे व्यक्ति चालाक होते हैं इन में सदा दिखावटी व औपचारिक आदर, मान-सम्मान की अपेक्षा एवं शिकायत होती है। दिखावा व अंहकार इनकी बातों में झलकता है। इधर-उधर करना तथा किससे, कैसे राज उगलवाया जाए ये हुनर इनमें खूब होता है। धनोपार्जन करने की कशमश इन्हें घेरे रहती है। इनके पहनने-ओढ़ने का ढंग आम लोगों से हटकर होता है।

छोटे या सिकुड़े हुए होंठ :- 

ऐसे व्यक्ति अंतर्मुखी होते हैं। अपनी निजी एवं पसंदीदा वस्तुओं को किसी दूसरे के साथ बांटने में इन्हें आपत्ति होती है। इनमें बदले की भावना भरी होती है।

माध्यम व साधारण होंठ :- 

ऐसे व्यक्ति भावुक गुस्सैल होते हैं। खाने के बहुत शौकीन होते हैं। ऐेसे लोग जीवन में ऊंचाइयों पर पहुंचते तो हैं, पर लंबे समय तक टिक नहीं पाते या चाहकर भी अपनी उपलब्धियों के जरिए यह सब कुछ हासिल नहीं कर पाते, जिसकी वह इच्छा रखते हैं।

मोटे होंठ :-

ऐसे व्यक्ति कला एवं प्रकृति प्रेमी होते हैं। यह जनसंपर्क में आसानी से आ जाते हैं। कम उम्र में और कम समय में अधिक की चाहे इन्हें परिश्रमी बनाती है। कुछ अलग हटकर अपने बलबूते पर काम करने का जूनून इन्हें सदा मजबूत एवं उर्जावान बनाए रखता है। यह खुद नहीं तय नहीं कर पाते कि इन्हें कब और क्या चाहिए? ऐेसे व्यक्ति गलती जल्दी नहीं मानते। जितनी जल्दी गुस्सा आता है उतनी जल्दी शांत हो जाते हैं।

अत्यधिक मोटे होंठ :- 

ऐसे व्यक्ति आलसी व अल्प बुद्धि वाले होते हैं। यह बात जल्दी भूल जाते हैं। आत्मविश्वास की कमी व मानसिक असंतुलन इन्हें स्वतंत्र रूप से जीने में बाधा पहुंचाता है। इनका जीवन बिना किसी नियम, उद्देश्य व योजना के चलता रहता है। कई असंभव से असंभव कार्य करने का दम रखते हैं।

पतले होंठ :- 

ऐसे व्यक्ति नपा-तुला बोलने वाले होते हैं अपनी गलती के कारण ये दूसरों को परेशानी में डाल देते हैं। ये स्वयं को सबसे समझदार व ईमानदार समझते हैं। हर बात की जड़ तक जाना इनकी आदत होती है। ये बहुत ज्यादा चंचल तथा शरारती होते हैं। इनकी आवाज मधुर होती है।